• Home
  • »
  • News
  • »
  • sports
  • »
  • CRICKET INDIA VS AUSTRALIA 4TH TEST TOTAL WICKETS BETWEEN TEAM INDIA PLAYING 11 IS ONLY 13 LOWEST SINCE 1946 LORDS TEST

Ind vs Aus: 75 साल बाद मैदान पर उतरी इतनी 'कमजोर' टीम इंडिया, चोट बनी मजबूरी

IND VS AUS: भारत का सबसे गैरअनुभवी बॉलिंग अटैक.(PIC: AP)

ब्रिसबेन टेस्ट (Brisbane Test) में टीम इंडिया की गेंदबाजी यूनिट गैरअनुभवी है, उसके पांचों गेंदबाजों को कुल मिलाकर 4 ही टेस्ट मैचों का अनुभव है.

  • Share this:
    नई दिल्ली. टेस्ट क्रिकेट में अनुभव को बहुत तवज्जो दी जाती है, हर टीम अपनी प्लेइंग इलेवन में उस खिलाड़ी को चुनना पसंद करती है जो काफी समय से क्रिकेट का सबसे बड़ा फॉर्मेट खेल रहा हो. लेकिन ब्रिसबेन टेस्ट में टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया (India vs Australia) के खिलाफ निर्णायक मुकाबले में पिछले 6 दशक की सबसे गैरअनुभवी टीम उतारी है. टीम इंडिया के कई खिलाड़ी ऑस्ट्रेलिया दौरे पर चोटिल हो गए हैं और इसीलिए ब्रिसबेन टेस्ट में उसे बेहद युवा खिलाड़ियों को मौका देना पड़ा. ब्रिसबेन टेस्ट से पहले जसप्रीत बुमराह, आर अश्विन, रवींद्र जडेजा जैसे 3 स्टार खिलाड़ी चोटिल हो गए और इस वजह से टीम इंडिया को वॉशिंगटन सुंदर, टी नटराजन को डेब्यू कराना पड़ा. वहीं बॉलिंग अटैक में शार्दुल ठाकुर को भी शामिल किया गया जिन्होंने ब्रिसबेन टेस्ट से पहले महज 11 गेंद फेंकी थी. टीम इंडिया ने जैसे ही ब्रिसबेन टेस्ट के लिए अपनी प्लेइंग इलेवन का ऐलान किया, उसके साथ ही उसने 75 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया.

    टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मौजूदा टेस्ट सीरीज में कुल 20 खिलाड़ियों को मौका दे दिया है, साल 1960 के बाद पहली बार ऐसा हुआ है. मौजूदा सीरीज में पृथ्वी शॉ, मयंक अग्रवाल, विराट कोहली, चेतेश्वर पुजारा, अजिंक्य रहाणे, शुभमन गिल, ऋद्धिमान साहा, ऋषभ पंत, रवींद्र जडेजा, आर अश्विन, मोहम्मद शमी, मोहम्मद सिराज, उमेश यादव, टी नटराजन, वॉशिंगटन सुंदर, शार्दुल ठाकुर, नवदीप सैनी, हनुमा विहारी, जसप्रीत बुमराह और रोहित शर्मा खेले हैं.

    ब्रिसबेन टेस्ट में टीम इंडिया की गेंदबाजी गैरअनुभवी
    ब्रिसबेन टेस्ट में टीम इंडिया की गेंदबाजी को कमजोर कहा जाए तो गलत नहीं होगा. इस मैच में खेलने वाले सभी भारतीय गेंदबाज कुल मिलाकर 4 ही टेस्ट मैच खेले हैं. वॉशिंगटन सुंदर और टी नटराजन ने डेब्यू किया है. शार्दुल ठाकुर को महज 1 मैच का अनुभव है. सैनी ने भी एक टेस्ट मैच खेला है और सिराज ने 2 टेस्ट मैच खेले हैं. वहीं दूसरी ओर ऑस्ट्रेलिया के 5 गेंदबाज कुल मिलाकर 249 टेस्ट मैच खेल चुके हैं. ब्रिसबेन टेस्ट में खेल रहे भारतीय खिलाड़ियों ने कुल मिलाकर 13 ही विकेट लिये हैं. साल 1946 के बाद पहली बार ऐसा हो रहा है जब भारत ऐसे बॉलिंग लाइन अप के साथ उतर रहा है. मौजूदा टेस्ट सीरीज में भारत के लिए 5 खिलाड़ी डेब्यू कर चुके हैं, इससे पहले साल 1996 में ऐसा हुआ था. साल 1996 में इंग्लैंड दौरे पर सुनील जोशी, पारस महाम्ब्रे, वेंकटेश प्रसाद, विक्रम राठौर, राहुल द्रविड़ और सौरव गांगुली ने डेब्यू किया था.

    IND VS AUS: 50 दिन में बदली टी नटराजन की किस्मत, बने भारत के 300वें टेस्ट क्रिकेटर 

    हालांकि इतने गैरअनुभवी बॉलिंग अटैक के बावजूद ब्रिसबेन में टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलियाई टीम के होश उड़ा दिये. पहले ही ओवर में सिराज ने वॉर्नर को आउट कर दिया. इसके बाद शार्दुल ठाकुर ने अपनी पहली ही गेंद पर मार्कस हैरिस को पैवेलियन की राह दिखा दी.