Ind vs Aus: किसी से तुलना करने पर अश्विन ने कहा, अपने तरीके से चीजें करना है पसंद

IND VS AUS: अश्विन ने पहली पारी में 4 विकेट लिए (PHOTO-AP)

IND VS AUS: अश्विन ने पहली पारी में 4 विकेट लिए (PHOTO-AP)

अश्विन ने कहा कि जब स्पिनर विदेशों में खेलता है तो इन दो चीजों को देखना चाहिए कि कितने रन बचाए और कितने विकेट लिए

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एडिलेड. भारतीय ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन (r ashwin) हमेशा अपने साथी खिलाड़ियों से सीखने को तैयार रहते हैं, लेकिन सफलता के लिए फॉर्मूला ढूंढने का उनका अपना तरीका है क्योंकि वह मानते हैं कि ‘विकेट चटकाने के कई तरीके होते’ हैं. अश्विन ने 55 रन देकर चार विकेट हासिल किए, जिसमें स्टीव स्मिथ का अहम विकेट भी शामिल था जिससे भारत को यहां शुरुआती डे-नाइट टेस्ट के दूसरे दिन बढ़त हासिल करने में मदद मिली, लेकिन वह इसे विदेशों में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन ‘आंकने’ को तैयार नहीं हैं. तो क्या जब वह ऑस्ट्रेलिया में गेंदबाजी करते हैं तो नाथन लायन की गेंदबाजी से और जब वह इंग्लैंड में खेल रहे होते हैं तो मोईन अली की गेंदबाजी से मदद लेते हैं?

उन्होंने सवाल करते हुए कहा कि कभी कभार तुलनायें और जिस तरीके से हम चीजों को देखते हैं, काफी गलत होती हैं. क्या हम बल्लेबाज को जाकर स्टीव स्मिथ की बल्लेबाजी को देखने को कहते हैं कि जब भी हम ऑस्ट्रेलिया का दौरा करें तो हमेशा इसका दोहराव करें? कोई भी ऐसा एलिस्टर कुक या जो रूट के साथ नहीं करता.

काम करने का तरीका सीख सकते हैं

अश्विन ने दूसरे दिन का खेल खत्‍म होने के बाद कहा कि मुझे लगता है कि हम सभी वाकिफ हैं कि हर कोई चीजें अलग अलग तरीके से करता है. निश्चित रूप से आप सीख सकते हो. इसमें कोई रोक-टोक नहीं है. आप हमेशा लोगों से सीख सकते हो कि वे अपना काम किस तरीके से करते हैं. अश्विन ने कहा कि जब स्पिनर विदेशों में खेलता है तो इन दो चीजों को देखना चाहिए कि कितने रन बचाए और कितने विकेट लिए.उन्होंने कहा कि मैंने हमेशा इस चीज का ध्यान रखा है, विशेषकर जब आप विदेशों में खेलते हो कि चीजें आपके हक में होनी चाहिए, क्योंकि आप दो काम कर रहे हो और वो भी परिस्थितियों के खिलाफ कर रहे हो.
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उन्होंने कहा कि जहां तक मेरा संबंध है तो मैं देखता हूं कि मैं सीख सकूं और इसके लिये प्रयास करता रहता हूं कि मैं यह कर सकूं. लोग इसे किस तरह से लेते हैं, यह उन पर निर्भर करता है. अश्विन ने कहा कि उनका विदेशों में हमेशा अच्छा प्रदर्शन रहा है, उन्होंने कहा कि अगर आप पिछले दो वर्षों को देखो और अगर लोग उन दो खराब मैचों या खराब स्थितियों पर जोर नहीं दें तो पिछले 18 महीने में विदेशों में मेरा प्रदर्शन ठीक ठाक रहा है.
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