विराट कोहली के पैर चलने बंद', रहाणे ने भी 'डर' के मारे कर दिया सरेंडर!

विराट कोहली के पैर चलने बंद', रहाणे ने भी 'डर' के मारे कर दिया सरेंडर!
विराट कोहली और अजिंक्य रहाणे ने बेहद खराब बल्लेबाजी की

न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में भारतीय कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) और उप-कप्तान अजिंक्य रहाणे (Ajinkya Rahane) का बल्ला खामोश रहा, दोनों कीवी तेज गेंदबाजों के सामने संघर्ष करते दिखे

  • Share this:
क्राइस्टचर्च. न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में भारतीय बल्लेबाजों का संघर्ष जारी है. वेलिंगटन में खराब प्रदर्शन के बाद टीम इंडिया के दिग्गज बल्लेबाज क्राइस्टचर्च में धूल चाटते नजर आए. टीम के सबसे सीनियर बल्लेबाज और कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) और उप-कप्तान अजिंक्य रहाणे (Ajinkya Rahane) तो ड्रेसिंग रूम लौटने में सबसे ज्यादा जल्दबाजी में दिखे. किसी भी टीम की दशा और दिशा कप्तान और उप-कप्तान तय करते हैं. उनके ऊपर जिम्मेदारी होती है कि वो अच्छा प्रदर्शन कर टीम को लीड करें लेकिन न्यूजीलैंड टेस्ट सीरीज में तो उल्टी गंगा ही बहती दिखाई दी. विराट कोहली और अजिंक्य रहाणे 2 टेस्ट की चार पारियों में इस तरह आउट हुए जैसे कि ये उनका पहला विदेशी दौरा हो. विराट-रहाणे की बल्लेबाजी देख कई दिग्गज क्रिकेटरों ने दोनों की तकनीक पर ही सवाल खड़े कर दिये.

विराट कोहली के पांव चलने बंद
न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे और टी20 सीरीज में खराब प्रदर्शन करने वाले विराट कोहली (Virat Kohli) से उम्मीद थी कि वो टेस्ट सीरीज में वापसी करेंगे. विराट को जाना भी वापसी के लिए जाता है लेकिन टेस्ट सीरीज में तो उन्होंने हद ही कर दी. इंटरनेशनल क्रिकेट में 70 शतक लगाने वाला ये बल्लेबाज वेलिंगटन और क्राइस्टचर्च टेस्ट में इस कदर आउट हुआ जैसे कि कोई नौसिखिया खिलाड़ी बल्लेबाजी कर रहा हो. विराट कोहली ने क्या गलती की ये आपको आगे बताएंगे लेकिन पहले जानिए उन शर्मनाक आंकड़ों के बारे में जिन्हें भुलाना शायद कप्तान साहब के लिए मुश्किल होगा.

न्यूजीलैंड टेस्ट सीरीज में प्रदर्शन
विराट कोहली (Virat Kohli) ने वेलिंगटन और क्राइस्टचर्च टेस्ट में खेली चार पारियों में महज 38 रन बनाए. 53 से ज्यादा का औसत रखने वाले विराट महज 9.50 के औसत से रन बना सके. हैरानी की बात तो ये है कि विराट कोहली इस सीरीज में 100 गेंद भी नहीं खेल पाए. विराट कोहली 2 टेस्ट में महज 95 गेंद ही खेल पाए. विराट कोहली के करियर में ये पहली बार है कि वो दो टेस्ट की चार पारियों में कुल 100 गेंद भी नहीं खेल पाए. इससे पहले साल 2016/17 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज की 5 पारियों में विराट कोहली ने महज 104 गेंद खेलीं थी.



विराट कोहली के पांव चलने बंद
टेस्ट क्रिकेट में रन बनाने के लिए फुटवर्क बेहद अहम होता है खासकर न्यूजीलैंड जैसे हालातों में जहां गेंद काफी ज्यादा स्विंग होती है. बस विराट कोहली के न्यूजीलैंड में पांव ही चलने बंद हो गए. वेलिंगटन टेस्ट में उन्होंने दोनों पारियों में खराब गेंद पर अपना विकेट गंवाया. पहली पारी में जेमिसन की ऑफ स्टंप की बाहर गेंद को उन्होंने छेड़ा और स्लिप में टेलर ने कैच लपका. दूसरी पारी में बोल्ट की शॉर्ट गेंद पर उन्होंने जबरन पुल मारने की कोशिश की नतीजा उन्हें अपना विकेट खोना पड़ा.

क्राइस्टचर्च टेस्ट में विराट कोहली (Virat Kohli) फैसला कर आए थे कि वो ऑफ स्टंप की बाहर की गेंद को नहीं छेड़ेंगे लेकिन यहां न्यूजीलैंड ने उन्हें इनस्विंग गेंदों पर फंसा लिया. विराट कोहली ने अपने ऑफ स्टंप को कवर करने के चक्कर में अपने पांव की पोजिशन बदल डाली और नतीजा ये हुआ कि जिन इनस्विंग गेंदों पर वो फ्लिक शॉट खेल चौके लगाते थे, उन्हीं पर वो LBW आउट हो गए. पहली पारी में उन्हें साउदी ने LBW आउट किया और दूसरी पारी में कॉलिन डी ग्रान्डहोम उन्हें LBW कर गए.

विराट कोहली (Virat Kohli) की तकनीक पर भारत के पूर्व बल्लेबाजी कोच संजय बांगर ने सवाल खड़े किए. उन्होंने स्टार स्पोर्ट्स के साथ बातचीत में कहा, 'विराट कोहली ने अपने ऑफ स्टंप की कमजोरी पर काबू पाने की कोशिश की लेकिन एक बल्लेबाज के तौर पर सबसे पहले आपको सीधी लाइन में खेलने की कोशिश करनी चाहिए लेकिन विराट कोहली बहुत ज्यादा ऑफ स्टंप की ओर जा रहे हैं, यही वजह है कि वो LBW आउट हुए.'

अजिंक्य रहाणे बाउंसर्स के खिलाफ असहज
कप्तान साहब का बल्ला खामोश रहा तो वहीं उप-कप्तान अजिंक्य रहाणे (Ajinkya Rahane) ने भी विकेट पर टिकने की जिम्मेदारी नहीं दिखाई. वेलिंगटन टेस्ट की पहली पारी में 46 और दूसरी पारी में 29 रन बनाने वाले रहाणे ने क्राइस्टचर्च टेस्ट में खराब बल्लेबाजी की हदें ही तोड़ डालीं. रहाणे ने पहली पारी में साउदी की आउट स्विंग गेंद पर अपना विकेट गंवाया, वहीं दूसरी पारी में वो नील वैगनर की शॉर्ट गेंदों पर बहुत परेशान दिखे. गेंद उनके हेलमेट पर लगी, उन्होंने अजीबोगरीब शॉट खेले. रहाणे शॉर्ट गेंदों के खिलाफ बिलकुल नियंत्रण में नहीं दिखे और महज 9 रन पर उनकी पारी खत्म हो गई. रहाणे की बल्लेबाजी देख कमेंट्री कर रहे हरभजन सिंह ने कहा कि ये रहाणे के टेस्ट करियर की सबसे खराब पारी है, उन्होंने कभी रहाणे को इस तरह की बल्लेबाजी करते नहीं देखा.

जडेजा ने किया खुलासा, बताया-आखिर कैसे गलत अंदाजे के बावजूद लिया सुपरमैन कैच?
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज