विराट कोहली को बचपन में बल्लेबाजी के गुर सिखाने वाले कोच का निधन

विराट कोहली के बचपन के कोच का हुआ निधन (फोटो-विराट कोहली इंस्टाग्राम)

विराट कोहली के बचपन के कोच का हुआ निधन (फोटो-विराट कोहली इंस्टाग्राम)

सुरेश बत्रा वेस्ट दिल्ली क्रिकेट अकादमी में कोच राजकुमार शर्मा के सहायक थे. राजकुमार शर्मा और सुरेश बत्रा ने ही कोहली को शुरुआती दिनों में प्रशिक्षण दिया था.

  • Share this:

नई दिल्ली. इंग्लैंड दौरे की  तैयारियों में व्यस्त भारतीय कप्तान विराट कोहली के लिए एक बुरी खबर है. कोहली को बचपन में बल्लेबाजी के गुर सिखाने वाले सुरेश बत्रा का निधन हो गया है. कोहली ने शुरुआती दिनों में वेस्ट दिल्ली क्रिकेट अकादमी में कोच राजकुमार शर्मा के अंदर ट्रेनिंग लिया था. सुरेश बत्रा इसी अकादमी में सहायक कोच थे. 53 वर्षीय बत्रा ने सिर्फ नौ साल की उम्र में कोहली की प्रतिभा को पहचान लिया था.

वरिष्ठ खेल पत्रकार विजय लोकपल्ली के मुताबिक, "सुरेश बत्रा गुरुवार को सुबह की पूजा करने के बाद अचानक ही गिर पड़े, जिसके बाद वो उठ नहीं सके. उन्होंने एक तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा, ” धारीदार टी-शर्ट पहने सुरेश बत्रा, जिन्होंने विराट कोहली को बचपन में कोच किया, गुरुवार को उनका निधन हो गया. वो 53 साल के थे.” वहीं राजकुमार शर्मा ने कहा कि सुरेश बत्रा के जाने से उन्होंने अपना छोटा भाई खो दिया, वो 1985 से उन्हें जानते थे."

कोहली के सुपरस्टार बनने से पहले राजकुमार शर्मा और सुरेश बत्रा ने ही उनकी प्रतिभा को निखारने में मदद की थी. कोहली ने इन्हीं के देखरेख में सिर्फ नौ साल में प्रशिक्षण लेना शुरू कर दिया था. कोहली के अलावा, 2018 अंडर-19 विश्व कप के फानइल में शतक जड़ने वाले मनजोत कालरा को भी बत्रा ने प्रशिक्षण दिया था.


यह भी पढ़ें:

टेस्ट डेब्यू करने के बाद इंजीनियर बनने चले गए थे ईरापल्ली प्रसन्ना, 5 साल रहे क्रिकेट से दूर

महिला क्रिकेट कोच विवाद और गहराया, वी रमन को हटाने पर नाराज हुए सौरव गांगुली



जब एक छक्के से दिखी बत्रा को कोहली की प्रतिभा

बत्रा ने एक इंटरव्यू में बताया था कि वेस्ट दिल्ली क्रिकेट अकादमी पर आने के बाद विराट स्प्रिंगडेल्स स्कूल में अंडर-14 मैच खेल रहे थे. विराट के बल्ले से निकले एक शानदार छक्के को देखक वो हैरान रह गए थे. बत्रा ने कहा था, 'हम प्लेमेकर्स अकैडमी के खिलाफ खेल रहे थे, यह मुकाबला मैटिंग विकेट पर था. इस लड़के ने बड़ी आसानी से गेंद को पिक किया और उसे मिड-विकेट के ऊपर से छक्के के लिए भेज दिया. 10 साल से भी छोटी उम्र के लड़के के लिए यह एक शानदार शॉट था.'

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज