• Home
  • »
  • News
  • »
  • sports
  • »
  • On This Day: इंग्लैंड ने एक पारी में ठोके 900 रन, फिर दर्ज की टेस्ट इतिहास की सबसे बड़ी जीत

On This Day: इंग्लैंड ने एक पारी में ठोके 900 रन, फिर दर्ज की टेस्ट इतिहास की सबसे बड़ी जीत

कप्तान डॉन ब्रैडमैन चोट के कारण दोनों पारियों में बल्लेबाजी करने उतरे ही नहीं थे. (File Photo)

कप्तान डॉन ब्रैडमैन चोट के कारण दोनों पारियों में बल्लेबाजी करने उतरे ही नहीं थे. (File Photo)

On This Day: टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में आज का दिन यानी 23 अगस्त बेहद खास है. इसी दिन 1938 में इंग्लैंड ने पहली बार टेस्ट की एक पारी में 900 रन (Highest Innings Total in test) का पहाड़ खड़ा करने का कारनामा किया था. यह मुकाबला ओवल (1938 AUS vs ENG Oval Test) में हुआ था. वो तो इंग्लिश कप्तान वॉली हेमंड (Wally Hammond) ने 903/7 के स्कोर पर पारी घोषित कर दी. वर्ना उस दिन इंग्लिश टीम 1 हजार रन का आंकड़ा पार करने वाली पहली टीम बन जाती. तब लेन हटन ने पहली पारी में 364 रन बनाए थे.

  • Share this:

    नई दिल्ली. टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में आज का दिन यानी 23 अगस्त बेहद खास है. इसी दिन 1938 में इंग्लैंड ने पहली बार टेस्ट की एक पारी में 900 रन का पहाड़ खड़ा करने का कारनामा किया था. यह मुकाबला ओवल में हुआ था. वो तो इंग्लिश कप्तान वॉली हेमंड (Wally Hammond) ने 903/7 के स्कोर पर पारी घोषित कर दी. वर्ना उस दिन इंग्लिश टीम 1 हजार रन का आंकड़ा पार कर जाती. क्योंकि इंग्लिश कप्तान हेमंड ने जब पारी घोषित की थी, उस समय जो हार्डस्टाफ 169 रन पर नाबाद थे और मेजबान टीम के 3 विकेट बाकी थे. इंग्लैंड के लिए लेन हटन (Len Hutton) ने 364 रन बनाए थे.

    तब ओवल के हेड ग्राउंड्समैन बॉसर मार्टिन भी हेमंड के फैसले से बहुत खुश नहीं थे. उनका मानना था कि इंग्लैंड को 1 पारी में 1 हजार रन पूरे करने चाहिए थे. इंग्लैंड का यह रिकॉर्ड 59 साल तक बरकरार रहा. 1997 में श्रीलंका ने भारत के खिलाफ 952 रन ठोककर इस रिकॉर्ड को तोड़ा था. यह आज भी टेस्ट क्रिकेट में किसी एक पारी का सबसे बड़ा स्कोर है.

    ऑस्ट्रेलिया सीरीज में 1-0 से आगे था
    1938 में ऑस्ट्रेलिया की टीम इंग्लैंड दौरे पर आई थी. दोनों देशों के बीच 5 टेस्ट की सीरीज का आखिरी मुकाबला 20 अगस्त से ओवल में खेला जाना था. सीरीज के पहले 2 टेस्ट ड्रॉ, जबकि तीसरा मुकाबला रद्द हो गया था. हेडिंग्ले में हुआ चौथा टेस्ट जीतकर ऑस्ट्रेलिया ने सीरीज में 1-0 की बढ़त हासिल कर ली थी. ऐसे में इंग्लैंड के लिए ओवल टेस्ट जीतना जरूरी था.

    इंग्लैंड ने पहले दिन 1 विकेट के नुकसान पर 347 रन बनाए
    इंग्लैंड ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी की. स्कोबोर्ड पर अभी 29 रन ही जुड़े थे कि ओपनर बिल एड्रिच (12) आउट हो गए. मॉरिस लीलेंड तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए उतरे. उन्होंने दूसरे ओपनर लेन हटन के साथ ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों की खबर लेनी शुरू की. एक-एक कर ओवर और सेशन बीतते गए. लेकिन ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों के हाथ कोई कामयाबी नहीं आई. पहले दिन का खेल जब खत्म हुआ तो इंग्लैंड का स्कोर 1 विकेट के नुकसान पर 347 रन हो चुका था. हटन (160*) और लीलेंड (156*) नाबाद लौटे. दूसरा दिन रविवार था और उस समय टेस्ट में यह रेस्ट-डे होता था.

    इंग्लैंड के लिए लेन हटन ने तिहरा शतक जड़ा था

    सोमवार को ऑस्ट्रेलिय़ाई गेंदबाज तरो-ताजा होकर इस उम्मीद से उतरे थे कि इंग्लिश पारी समेट देंगे. लेकिन हटन तो अंगद के पैर की तरह जम गए और जब दूसरे दिन का खेल खत्म हुआ तो इंग्लैंड ने स्कोबोर्ड पर 634 रन टांग दिए थे और उसके 5 विकेट ही गिरे थे. 22 साल के हटन 300 रन पर नाबाद थे. तीसरे दिन भी खचाखच भरे स्टेडियम में सबकी नजरें हटन पर थी. यॉर्कशर के इस बल्लेबाज ने धीमी शुरुआत की. लेकिन फिर डॉन ब्रैडमैन के एशेज में सबसे ज्यादा 334 और फिर अपने ही कप्तान हेमंड के 336 रन के स्कोर को पीछे छोड़ा.

    इस ऐतिहासिक लम्हे का जश्न मनाने के लिए एक वेटर ट्रे में पानी लेकर पहुंचा था. लंच के बाद हटन ने ओवल में बॉबी एबल द्वारा खेली गई 357 रन की सबसे बड़ी पारी को भी पीछे छोड़ दिया. हटन की साढ़े 13 घंटे की इस मैराथन पारी का तब अंत हुआ, जब एक गेंद पर कवर ड्राइव लगाने के चक्कर में वो हैसेट को कैच थमा बैठे. उन्होंने 847 गेंद में 364 रन बनाए. इस पारी में हटन ने 35 चौके उड़ाए.

    एक वक्त तो लग रहा था कि इंग्लैंड टेस्ट की एक पारी में 1 हजार रन पूरे करने वाली पहली टीम बन जाएगी. लेकिन कप्तान हेमंड ने 903/7 के स्कोर पर पारी घोषित कर दी. हालांकि, तब तक इंग्लैंड 900 रन बनाने वाली पहली टीम बन चुकी थी.

    इंग्लैंड की तरफ से पहली पारी में एक तिहरा शतक, 2 शतक और इतने ही अर्धशतक लगे. लेन हटन ने 364, मॉरिस लीलेंड ने 187, जो हार्डस्टाफ 169 रन पर नाबाद रहे. जबकि कप्तान वॉली हेमंड ने 59, आर्थर वुड ने 53 रन की पारी खेली. ऑस्ट्रेलिया की तऱफ से चक स्मिथ ने सबसे ज्यादा 87 ओवर में 298 रन दिए. बिल ओ रिली ने 178 रन देकर 3 विकेट लिए.

    ब्रैडमैन दोनों पारी में बल्लेबाजी के लिए नहीं उतरे
    ऑस्ट्रेलिया के लिए रनों के पहाड़ का पीछा करना आसान नहीं था. क्योंकि इस सीरीज के उसकी तरफ से सबसे ज्यादा रन बनाने वाले कप्तान डॉन ब्रैडमैन चोट के कारण बल्लेबाजी करने उतरे ही नहीं. जैक फिंगलटन का भी यही हाल था. ऑस्ट्रेलिया की टीम पहली पारी में सिर्फ 201 रन पर सिमट गई.

    अब बारी फॉलोऑन खेलने की थी. दूसरी पारी में भी ऑस्ट्रेलियाई टीम को अपने कप्तान ब्रैडमैन की कमी खली और पूरी टीम 123 रन पर ही सिमट गई. एक भी बल्लेबाज 50 रन का आंकड़ा पार नहीं कर पाया और मेहमान टीम को पारी और 579 रन से मैच गंवाना पड़ा. इसके साथ ही 5 टेस्ट की सीरीज 1-1 से बराबरी पर छूटी. टेस्ट क्रिकेट इतिहास में आज तक कोई टीम पारी और इतने बड़े अंतर से नहीं हारी है.

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

    हमें FacebookTwitter, Instagram और Telegram पर फॉलो करें.

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज