लाइव टीवी

फिफ्टी लगाते ही बदले पृथ्वी शॉ के तेवर, विराट कोहली की 'नकल' कर ऐसे दिया जवाब

News18Hindi
Updated: November 17, 2019, 3:06 PM IST
फिफ्टी लगाते ही बदले पृथ्वी शॉ के तेवर, विराट कोहली की 'नकल' कर ऐसे दिया जवाब
असम के खिलाफ पृथ्वी शॉ ने अर्धशतकीय पारी खेलकर मैदान पर वापसी की

फिफ्टी लगाकर मैदान पर वापसी करने वाले पृथ्वी शॉ (Prithvi Shaw) ने आलोचकों को जवाब देते हुए बता दिया कि उनका बल्ला बोलता है

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 17, 2019, 3:06 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. डोपिंग के कारण पिछले कुछ समय से क्रिकेट से दूर रहे पृथ्वी शॉ (Prithvi Shaw) ने रविवार को फिफ्टी जड़कर मैदान पर वापसी की. सैयद मुश्ताक अली टी20 ट्रॉफी (Syed Mushtaq Ali T20) में मुंबई की ओर से असम के खिलाफ खेलने उतरे शॉ ने 63 रनों की पारी खेली. इसके बाद उन्होंने इशारों में सबकी बोलती बंद कर दी. दरअसल शॉ प्रतिबंधित पदार्थ टर्ब्यूटलाइन का सेवन करने के दोषी पाए गए थे, जो वाडा की प्रतिबंधित पदार्थों की सूची में शामिल है. इस वजह से बीसीसीआई ने उन पर बैक डेट से आठ महीने का प्रतिबंध लगाया था. इसी वजह से पृथ्वी शॉ की हर तरफ जमकर आलोचना भी हुई थी. भारत का एक उभरता बल्लेबाज, जिसने वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट मैच में शतक जड़कर इंटरनेशनल क्रिकेट में कदम रखा था, उस पर इस तरह से बैन लगने से हर कोई हैरान भी था. इस दौरान डोपिंग से ज्यादा लापरवाही बतरने के लिए उनकी कड़ी आलोचना हुई, जिससे शॉ निराश भी काफी हुए थे.

असम के खिलाफ जैसे ही उन्होंने फिफ्टी पूरी की, उन्होंने विराट कोहली (Virat Kohli)  की तरह अपने आलोचकों को जवाब दिया. शॉ ने अर्धशतक का जश्न मनाते हुए सभी को इशारों में बता दिया कि उनका बल्ला बोलता है. हालांकि सोशल मीडिया पर उनके इस तरह से जश्न मनाने की भी आलोचना हाे रही है.



शॉ की ऐसी लापरवाही, जिस पर हुई उनकी काफी किरकिरीइसी साल फरवरी में शॉ का यूरीन सैंपल लिया गया था. सैंपल में प्रतिबंधित पदार्थ टर्ब्यूटलाइन पाया गया. जिसका इस्तेमाल कफ सिरप में किया जाता है. यह पदार्थ वाडा की प्रतिबंधित पदार्थों की सूची में शामिल है. इसके बाद 16 जुलाई 2019 को पृथ्वी शॉ को एंटी डोपिंग रूल वॉयलेशन (ADRV) और बीसीसीआई एंटी डोपिंग रूल्स (ADR) की धारा 2.1 के उल्लंघन का दोषी पाया गया.

पृथ्वी शॉ (Prithvi Shaw) ने इसके सेवन के इस्तेमाल की बात मानी भी थी, लेकिन साथ ही कहा था कि उन्होंने इसका इस्तेमाल खांसी रोकने के लिए किया था और उन्हें इस दवाई में बारे में मामूल नहीं था. इसी वजह से क्रिकेट जगत में उनकी काफी आलोचना भी हुई कि उन्होंने टीम के मेडिकल स्टाफ से बिना सलाह लिए कैसे इस दवाई का सेवन कर लिया. हालांकि गलती स्वीकार करने के बाद शॉ पर लापरवाही बरतने के लिए 8 महीने का प्रतिबंध लगाया गया था.

पृथ्वी शॉ ने फिफ्टी जड़कर की वापसी, डोपिंग के कारण लगा था 8 महीने का बैन

विराट कोहली तेज गेंदबाजों के प्रदर्शन से खुश, बोले- बुमराह आएगा तो...

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए क्रिकेट से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 17, 2019, 2:40 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर