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Highlights भारत-न्यूज़ीलैंड टी-20 : नेहरा को मिला विदाई पर जीत का तोहफा, 53 रन से जीता भारत

Highlights भारत-न्यूज़ीलैंड टी-20 : नेहरा को मिला विदाई पर जीत का तोहफा, 53 रन से जीता भारत

आशीष नेहरा को मिला विदाई पर जीत का तोहफा!

आशीष नेहरा को मिला विदाई पर जीत का तोहफा!

भारत बनाम न्यूजीलैंड: न्यूज़ीलैंड ने टॉस जीता पहले गेंदबाजी का फैसला

    India vs New Zealand T20 - न्यूजीलैंड को लगा 8वां झटका, 8 रन बनाकर साउदी लौटे पवेलियन, जसप्रीत बुमराह के खाते में आया साउदी का विकेट.

    जहां एक तरफ आईसीसी वनडे रैंकिंग में भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली,रेटिंग के मामले में मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर को पछाड़ कर करियर के सर्वश्रेष्ठ रेटिंग अंकों के साथ शीर्ष पर काबिज हो गए हैं. वहीं टीम इंडिया के स्टार गेंदबाज जसप्रीत बुमराह 729 अंकों के साथआईसीसी टी-20 रैंकिंग में टॉप पर पहुंच गए हैं. न्यूजीलैंड को लगा पांचवा झटका, अक्षर पटेल के खाते में आया दूसरा विकेट, ब्रूस के साथ साथ शून्य पर लौटाया ग्रांडहोम को पवेलियन. ब्रूस की तरह ही लम्बा शॉट लगाना चाहते थे ग्रांडहोम लेकिन बाउंड्री से पहले ही शिखर धवन ने पकड़ लिया कैच. ग्रांडहोम लौटे पवेलियन, न्यूजीलैंड को लगा चौथा झटका, अक्षर पटेल के खाते में आया ब्रूस का विकेट. लम्बा शॉट लगाना चाहते थे ब्रूस लेकिन बाउंड्री से पहले ही रोहित शर्मा ने पकड़ लिया कैच. ब्रूस लौटे पवेलियन. न्यूज़ीलैंड को लगा तीसरा झटका, केन विलियम्सन लौटे पवेलियन मुनरो लौटे पवेलियन, जहां एक तरफ आज के मैच में टीम इंडिया की बेहतर बल्लेबाजी देखने को मिली तो वहीं टीम के गेंदबाज भी कुछ कम नहीं दिख रहे हैं. भुवनेश्वर कुमार ने क्लीन बोल्ड कर मुनरो को पवेलियन भेज दिया. 6 रन पर न्यूजीलैंड का पहला विकेट गिरा, हार्दिक पांड्या ने जबरदस्त कैच पकड़ा, फुल लैंथ डाइव मारकर पंड्या ने आश्चर्यजनक कैच पकड़ा , चहल की गेंद पर बड़ा शॉट खेलना चाहते थे गप्टिल लेकिन लौटना पड़ा पवेलियन. न्यूज़ीलैंड को लगा पहला झटका, गप्टिल लौटे पवेलियन, शानदार पारी, 3 विकेट खोकर भारत ने बनाये 202 रन. न्यूजीलैंड के सामने जीत के लिए 203 रनों का विराट लक्ष्य ! 19वें ओवर में भारत को लगा तीसरा झटका, रोहित आउट, कप्तान कोहली क्रीज़ पर अपनी मौजूदगी जबरदस्त शॉट से कराते हैं. यहाँ भी उन्होंने ने आते-आते चौके-छक्के की शुरुआत कर दी.

    टी-20 बल्लेबाजों की रैकिंग में भी टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली 811 अंकों के साथ पहले पायदान पर मौजूद हैं. रैकिंग में कोहली के बाद ऑस्ट्रेलिया के एरॉन फिंच और वेस्टइंडीज के इविन लुइस का नंबर आता है. रोहित का अर्धशतकधवन का अर्धशतक. धवन और रोहित की मजबूत शुरुआत. मैच शुरू धवन और रोहित क्रीज पर. न्यूज़ीलैंड ने टॉस जीता पहले गेंदबाजी का फैसला. भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच आज से तीन मौचों की टी20 सीरीज़ खेली जानी है. पहला मुकाबला दिल्ली में है और इसी के साथ टीम इंडिया के पास अपना कीवी के खिलाफ अपना ख़राब रिक़र्ड सुझारने का अच्छा मौका है. भारत ने भले ही वनडे में न्यूज़ीलैंड को चित किया हो लेकिन टी20 का रिकॉर्ड देखा जाए तो कीवी ने मेन इन ब्लू को बुरी तरह धूल चटाई है. अब तक भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच 5 टी20 मैच हो चुके हैं और सभी में जीत कीवी की हुई है. आईए जानते हैं आखिर क्यों भारत, न्यूज़ीलैंड को हराने में नाकाम रहा है.

    भारतीय क्रिकेट टीम का टी20 में खराब रिकॉर्ड का सबसे बड़ा कारण है ओपनिंग बल्लेबाज़ों शुरुआती ओवर्स में लाभ ना उठा पाना. 2007 में पहले टी20 वर्ल्ड कप के दौरान भारत सिर्फ एक ही मैच हारा था और वो था न्यूज़ीलैंड के खिलाफ. टॉस जीतने के बाद भारत ने न्यूज़ीलैंड को पारी के 13वें ओवर में 91/5 के स्कोर पर ला खड़ा किया. लेकिन क्रेग मैकमिलन और जैकब ओरम की छठे विकेट की साझेदारी ने मुकाबले को बदल दिया. भारत की ओर से सहवाग और गंभीर की तूफानी शुरुआत के साथ भारत ने अच्छी शुरुआत की और 191 के लक्ष्य का बड़ा हिस्सा बना दिया. लेकिन जैसे ही दोनों के विकेट गिरे भारतीय टीम लड़खड़ा गई. विकेट लगातार गिरते गए और न्यूज़ीलैंड दस रन से जीत गई.

    डेथ ओवर्स में ख़राब बॉलिंग भी भारत की हार का ज़िम्मेदार रहा. 2009 में न्यूज़ीलैंड दौरे पर भारतीय टीम छोटी बाउंड्री का फायदा उठा नहीं सकी. युवराज (50), सहवाग (24) और धोनी (28) के अलावा कोई बल्लेबाज़ नहीं चला. भारत कुल 149 रन का स्कोर ही खड़ा कर पाया. जवाब में ब्रेंडन मकलम की तूफानी पारी के आगे कोई भारतीय गेंदबाज़ न चल सका. इस समय भारतीय टीम को डेथ ओवर स्पेशलिस्ट की कमी खली. अंतिम ओवर्स में रन रोकने में टीम बुरी तरह फेल हुई.

    भारत एक टीम के तरफ खेलने में नाकाम रहा. टीम इंडिया ने साल 2009 में न्यूज़ीलैंड का दौरा किया था. उस समय न्यूज़ीलैंड बदलाव के दौर से गुज़र रही थी और उसे कमज़ोर माना जा रहा था. लेकिन इसके बावजूद भारत क्राइस्टचर्च और वेलिंगटन टी20 हार गया. पहले टी20 में अगर टीम इंडिया बल्लेबाज़ों के खराब प्रदर्शन की वजह से हारी तो दूसरे मैच में गेंदबाज़ो के कमज़ोर परफॉर्मेंस ने टीम को हरा दिया.

    अब तक भारत की हार का बड़ा कारण कीवी गेंदबाज़ों को कम आंकना भी रहा है. 2016 में नागपुर में खेले गए वर्ल्ड कप मुकाबले में भी कुछ ऐसा ही हुआ. न्यूज़ीलैंज पहले बैटिंग करते हुए 7 विकेट गंवाकर सिर्फ 126 रन ही बना पाई. सभी को उम्मीद थी कि भारत इस टार्गेट को आसानी से हासिल कर लेगी. लेकिन ऐसी नहीं हुआ. न्यूज़ीलैंड के स्पिन गेंदबाज़ों ने भारत को 76 रन पर ही ढेर कर दिया.

    हार का एक कारण धोनी का आखिरी ओवर्स में फेल होना भी रहा. 2012 में चेन्नई में भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच खेले गए मुकाबले में कीवी ने पहले बल्लेबाज़ी करते हुए 167 रनों का लक्ष्य रखा. जवाब में विराट (70), युवराज सिंह (34) और सुरेश रैना (27) ने तेज़ी से लक्ष्य का पीछा करना शुरू किया. विराट के आउट होते ही धोनी बल्लेबाज़ी करने उतरे. लेकिन धोनी वो नहीं कर पाए जिसके लिए वो जाने जाते हैं. धोनी संघर्ष कर रहे थे. धोनी 31 गेंदों 22 रन ही बना पाए और भारत ये मैच हार गई.

    Tags: Ashish nehra, Kane williamson, Martin guptill, Rohit sharma, Shikhar dhawan, Virat Kohli

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