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  • JAPAN AND IOC ARE EXPECTED TO EARN BIG FOR TOKYO OLYMPIC COVID 19

जापान और आईओसी की बड़ी कमाई ओलंपिक पर टिकी, इस कारण गेम्स कैंसिल नहीं हो रहे

टोक्यो में 23 जुलाई से ओलंपिक खेलों का आगाज होना है जो कि 8 अगस्त तक चलेंगे. (AP)

टोक्यो ओलंपिक (Tokyo Olympic) को काेरोना (Covid-19) के चलते स्थगित करने का दबाव है. लेकिन जापान (Japan) ने अब तक इसे कैंसिल नहीं किया है. आयोजन पर अब तक लगभग 90 हजार करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं. आईओसी ने साफ कर दिया है कि गेम्स हर हाल में होंगे.

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    नई दिल्ली. टोक्यो में होने वाले ओलिंपिक (Tokyo Olympic) के आयोजन में लगभग दो महीने का समय बचा है. लेकिन जापान के करीब 60% लोग नहीं चाहते हैं कि कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बीच गेम्स हों. इस बीच इंटरनेशनल ओलिंपिक कमेटी (IOC) के अध्यक्ष थॉमस बाक ने जापान का दौरा रद्द कर दिया है. टोक्यो में लगातार कोरोना के मामले बढ़ रहे हैं. 31 मई तक के लिए इमरजेंसी बढ़ा दी है. इसके बाद भी जापान सरकार और आईओसी गेम्स को कराने को हर हाल में कराने की बात कर रहे हैं.

    एपी की खबर के अनुसार, जापान ने ओलंपिक के आयोजन पर लगभग 90 हजार करोड़ खर्च किए जा चुके हैं. ऐसे में अगर गेम्स का आयोजन नहीं होता है तो इससे उसकी अर्थव्यवस्था पर असर होगा. एक रिपोर्ट के अनुसार उसकी अर्थव्यवसथा पर 5 से 7 फीसदी का नकारात्मक असर होगा. पहले ही गेम्स के एक साल के लिए टलने के कारण आयोजन का खर्च बढ़ गया है. इतना ही नहीं जापान के सिर्फ दो फीसदी लोगों को अब तक टीका लगा है. इस कारण गेम्स के दौरान संक्रमण के बढ़ने का खतरा है. गेम्स की शुरुआत 23 जुलाई से होनी है.

    आईओसी के पास 7300 करोड़ रुपए का रिवर्स बैलेंर्स

    न्यूयॉर्क टाइम्स की खबर के अनुसार आईओसी के पास लगभग 7300 करोड़ रुपए का रिवर्स बैलेंस है. लेकिन उसकी मुख्य कमाई ब्रॉडकास्ट से होती है. ऐसे में अगर गेम्स का आयोजन नहीं हाेता है तो उसे बड़ा नुकसान होगा. आईओसी को कमाई की 73 फीसदी राशि ब्रॉडकास्ट से ही मिलती है. 2022 से 2032 के बीच आईओसी को छह ओलंपिक के ब्रॉडकास्ट से लगभग 57 हजार करोड़ रुपए मिलने हैं.

    10 हजार मेडिकल कर्मचारी लगेंगे

    ओलंपिक के दाैरान लगभग 10 हजार मेडिकल कर्मचारी लगेंगे. पिछले दिनों आयोजकों की ओर से 500 और कर्मचारियों की मांग की गई. इससे जापान के हेल्थ सिस्टम पर उलटा प्रभाव पड़ा है. जापान फेडरेशन ऑफ मेडिकल वर्कर्स के महासचिव ने कहा कि रोगियों और नर्सों के जीवन को जोखिम में डालकर गेम्स को कराया जा रहा है. जापान के पब्लिक हेल्थ के एक्सपर्ट भी इसी करण गेम्स का विरोध कर रहे हैं. टोक्यो मेडिकल एसोसिएशन के चेयरमैन हारुओ ओजाकी ने कहा कि जापान में और बाहर बिना केस के बढ़े गेम्स को आयोजित नहीं किया जा सकता.

    78 हजार वॉलेंटियर्स की जरूरत होगी

    ओलंपिक के दौरान 78 हजार वॉलेंटियर्स की जरूरत है. लेकिन इनके लिए मास्क, सेनिटाइजर की संख्या बेहद कम है. सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन नहीं हो रहा है. पिछले महीने आयोजकों ने कोरोना के बीच गाइडलाइन जारी की थी. इसके मुताबिक जापान आने से पहले दो निगेटिव टेस्ट आना जरूरी है. हालांकि खिलाड़ियों को क्वारंटाइन नहीं होना होगा. टीका को जरूरी नहीं किया गया है. हालांकि विदेशी फैंस को आने की इजाजत नहीं है. इसके बाद भी हजारों फैंस जापान पहुंच गए हैं.