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वंदना की जाति पर हुए विवाद पर भड़कीं रानी रामपाल, बोलीं- हम धर्म-जाति के लिए नहीं, तिरंगे के लिए खेलते हैं

वंदना की जाति पर हुए विवाद पर भड़कीं रानी रामपाल, बोलीं- हम धर्म-जाति के लिए नहीं, तिरंगे के लिए खेलते हैं

Tokyo Olympics: भारतीय कप्तान रानी रामपाल ने साथी खिलाड़ी वंदना कटारिया और उनके परिवार के खिलाफ जातिवादी टिप्पणी की घटना को शर्मनाक बताया है. (फोटो-ap)

Tokyo Olympics: भारतीय कप्तान रानी रामपाल ने साथी खिलाड़ी वंदना कटारिया और उनके परिवार के खिलाफ जातिवादी टिप्पणी की घटना को शर्मनाक बताया है. (फोटो-ap)

Tokyo Olympics: भारतीय महिला हॉकी टीम (Indian Womens Hockey Team) की कप्तान रानी रामपाल (Rani Rampal) ने टीम की फॉरवर्ड वंदना कटारिया और उनके परिवार के खिलाफ कथित जातिवादी अपशब्दों (Vandana Katariya Casteist Slur) के इस्तेमाल को शर्मनाक करार दिया है. उन्होंने कहा कि वंदना के पिता का हाल ही में निधन हुआ था. लेकिन वो ओलंपिक की तैयारियों की वजह से अंतिम संस्कार में भी शामिल नहीं हुईं. फिर भी लोगों ने ऐसी बातें कहीं.

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    नई दिल्ली. भारतीय महिला हॉकी टीम (Indian Women’s Hockey Team) की कप्तान रानी रामपाल (Rani Rampal) ने टीम की फॉरवर्ड वंदना कटारिया और उनके परिवार के खिलाफ कथित जातिवादी अपशब्दों (Vandana Katariya Casteist Slur) के इस्तेमाल को शर्मनाक करार दिया है. दरअसल, महिला टीम अर्जेंटीना से सेमीफाइनल मुकाबला 1-2 से हार गई थी. इसके बाद वंदना और उनके परिवार के खिलाफ हरिद्वार में कुछ लोगों ने जातिसूचक शब्द कहे थे. वंदना के परिवार ने आरोप लगाया था कि हरिद्वार में वो जिस इलाके में रहते हैं, वहां के कुछ युवाओं ने महिला टीम के सेमीफाइनल हारने के बाद उनके घर के बाहर आतिशाबाजी की थी और इस दौरान उनके खिलाफ जातिवादी टिप्पणियां की थीं.

    साथी खिलाड़ी के खिलाफ इस तरह की टिप्पणी से रानी काफी आहत हैं. उन्होंने इंडिया टुडे से बातचीत में कहा कि वंदना के पिता का हाल में ही निधन हुआ था. लेकिन ओलंपिक की तैयारियां प्रभावित न हो. इसी वजह वंदना उनके अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हुई. उन्होंने आगे कहा कि मुझे वास्तव में बहुत बुरा लगा जब मैंने सुना कि उसके परिवार के साथ ऐसा हो रहा है. उसके पिता की हाल ही में मृत्यु हो गई और लोग एथलीट्स की भावनाओं और उनके द्वारा किए गए बलिदान को नहीं समझते हैं. मुझे नहीं पता कि लोग ऐसा क्यों करते हैं.

    हम तिरंगे के लिए खेल रहे हैं: रानी रामपाल
    रानी ने आगे कहा कि हम सभी देश के अलग-अलग हिस्सों, अलग-अलग जातियों से आते हैं. कुछ हिंदू, मुस्लिम, सिख हैं, लेकिन यहां हम केवल भारत और उस झंडे का प्रतिनिधित्व करते हैं. किसी धर्म या राज्य का नहीं. इसलिए लोगों को मेरा संदेश है कि, कृपया किसी खिलाड़ी के साथ ऐसा न करें. देश का नाम आगे बढ़ाने के लिए खिलाड़ी अपनी जान दे देते हैं. उनके साथ ऐसा बर्ताव बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है. मेरा अनुरोध है कि, चाहें खिलाड़ी जीत रहे हों या हार, हमें हर समय आपकी जरूरत है. हमें आपके समर्थन की जरूरत है.

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    वंदना ने लोगों से एकजुट होने की अपील की
    वंदना के लिए टोक्यो ओलंपिक यादगार रहा. वो ओलंपिक में हैट्रिक पूरी करने वाली पहली महिला खिलाड़ी बनीं थीं. उन्होंने भी इस विवाद पर कहा कि हम सब को एक होना चाहिए. हम लोग देश के लिए खेल रहे हैं…और जो कुछ भी हो रहा है…जैसे कास्ट को लेकर बात. जो मैंने थोड़ा सुना, वह सब नहीं होना चाहिए. सिर्फ हॉकी के बारे में सोचें. हम देश के लिए खेल रहे हैं, तो हमें एकजुट होना चाहिए. इसलिए आप सभी से आग्रह है कि केवल हॉकी के बारे में सोचें, युवा लड़कियां हैं, हम देश के लिए खेल रहे हैं, इसलिए हमें एक होना चाहिए, मेरा मतलब हर पहलू से है.

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    भारत को ब्रिटेन ने ब्रॉन्ज मेडल मैच में हराया था
    बता दें कि महिला टीम पुरुषों की तरह हॉकी में ब्रॉन्ज मेडल नहीं जीत पाई. तीसरे स्थान के लिए हुए मुकाबले में उसे ग्रेट ब्रिटेन ने 4-3 से हराया था. भारतीय टीम ने लगातार तीन ग्रुप मुकाबले हारने के बाद शानदार वापसी की थी और सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की की थी. हालांकि, सेमीफाइनल में उसे अर्जेंटीना ने हरा दिया था.

    Tags: Indian Women Hockey, Indian women hockey team, Rani Rampal, Tokyo 2020, Tokyo Olympics, Tokyo Olympics 2021

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