• Home
  • »
  • News
  • »
  • sports
  • »
  • Tokyo Olympics: मुक्केबाज पूजा रानी टोक्यो ओलंपिक से हुईं बाहर, चीनी खिलाड़ी ली क्यान ने 5-0 से हराया

Tokyo Olympics: मुक्केबाज पूजा रानी टोक्यो ओलंपिक से हुईं बाहर, चीनी खिलाड़ी ली क्यान ने 5-0 से हराया

Tokyo Olympics 2020: पूजा रानी का टोक्यो ओलंपिक में सफऱ समाप्त.  (Pooja Rani/Instagram)

Tokyo Olympics 2020: पूजा रानी का टोक्यो ओलंपिक में सफऱ समाप्त. (Pooja Rani/Instagram)

Tokyo Olympics 2020: बॉक्सर पूजा रानी (Pooja Rani) की टोक्यो ओलंपिक के क्वार्टर फाइनल में हार, चीनी मुक्केबाज ली क्यान ने 5-0 जीती बाजी. भारत एक और मेडल चूका.

  • Share this:

    नई दिल्ली. भारतीय महिला मुक्केबाज पूजा रानी (Pooja Rani) 75 किग्रा मिडिलिवेट वर्ग के राउंड 16 में चीनी बॉक्सर ली क्यान (Li Qian) से हार गई हैं. ली क्यान ने यह मुकाबला 5-0 से जीता. पूजा रानी ने प्री क्वार्टर फाइनल में अल्जीरिया की इचरक चाएब पर 5-0 से जीत दर्ज कर क्वॉर्टर फाइनल में प्रवेश किया था. पहली बार ओलंपिक खेलों (Tokyo Olympics 2020) में हिस्सा ले रहीं पूजा ली क्यान के खिलाफ मुकाबले में एक बार भी रंग में नहीं दिखीं. तीनों राउंड में चीनी मुक्केबाज का दबदबा बना रहा.

    बता दें कि पूजा रानी का ओलंपिक का सफर काफी मुश्किलों से भरा रहा है. वह कंधे की चोट से जूझती रहीं जिससे उनका करियर खत्म होने का भी डर बना हुआ था, उनका हाथ भी जल गया था. वित्तीय सहयोग की कमी के बावजूद वह यहां तक पहुंची हैं.

    उनके पिता पुलिस अधिकारी हैं जो उन्हें इस खेल में नहीं आने देना चाहते थे क्योंकि उन्हें लगता था कि मुक्केबाजी आक्रामक लोगों के लिए ही है. उन्होंने पीटीआई को दिए साक्षात्कार में कहा था, ”मार लग जाएगी. मेरे पिता ने यही कहा था. उन्होंने कहा था कि यह खेल मेरे लिए नहीं है, क्योंकि उन्हें लगता था कि मुक्केबाजी केवल आक्रामक (गुस्सैल) लोग ही करते हैं.”

    Tokyo Olympics-पीवी सिंधु की हार से भारत को बड़ा झटका, गोल्ड जीतने की उम्मीद टूटी

    भारत को एक दिन में बॉक्सिंग में मिले दो करारे झटके
    पूजा रानी से पहले मेडल की उम्मीद अमित पंघाल (Amit Panghal) भी अपना मैच हार गए. पिछले चार वर्षों में अमित पंघाल (52 किग्रा) का प्रदर्शन इतना शानदार रहा है कि किसी को भी उनके हारने की उम्मीद नहीं थी. लेकिन शनिवार को उन्हें अपने करियर के पहले बड़े उलटफेर का सामना करना पड़ा और दुर्भाग्य से यह ओलंपिक के दौरान हुआ. दुनिया के नंबर एक फ्लाइवेट मुक्केबाज पंघाल का करियर इतने दबदबे वाला रहा है कि ऐसा शायद पहले कभी हुआ ही नहीं था.

    नोवाक जोकोविच गोल्ड तो दूर, ब्रॉन्ज मेडल भी नहीं जीत पाए, नडाल के हमवतन पाब्लो ने तोड़ा सपना

    सेना का यह मुक्केबाज रियो ओलंपिक के लाइट फ्लाईवेट रजत पदक विजेता कोलंबिया के युबेर्जन मार्तिनेज के खिलाफ आज सुबह जिस तरह से ‘बैक फुट’ पर गया, ऐसा कभी भी नहीं हुआ है. भारतीय मुक्केबाजी के हाई परफोरमेंस निदेशक सांटियागो निएवा की आवाज की निराशा महसूस की जा सकती थी, उन्होंने कहा, ‘‘हां, मुझे नहीं लगता कि उस पर इससे पहले किसी ने ऐसे दबदबा बनाया था. उसे जो भी हार मिली, उसमें करीबी अंतर रहता था, उसने ऐसा कभी नहीं होने दिया. ’’

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज