चेतावनी! लॉकडाउन के बीच मोबाइल में आ सकता है खतरनाक वायरस, CBI ने किया अलर्ट

फोन पर खतरनाक वायरस का खतरा मंडरा रहा है.
फोन पर खतरनाक वायरस का खतरा मंडरा रहा है.

आपके फोन पर एक बड़ा खतरा मंडरा रहा है, जिसको देखते हुए मोबाइल इस्तेमाल करने वालों के लिए CBI ने अलर्ट जारी किया है...

  • Share this:
कोरोना वायरस (coronavirus) का सहारा लेकर हैकर्स लगातार लोगों को अपना निशाना बना रहे हैं. लॉकडाउन (lockdown) की वजह से इस समय स्मार्टफोन का इस्तेमाल काफी बढ़ गया है, और इसी बीच आपके फोन पर एक बड़ा खतरा मंडरा रहा है. इसी को देखते हुए मोबाइल इस्तेमाल करने वालों के लिए CBI ने अलर्ट जारी किया है. देश की जांच एजेंसी सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने राज्यों की पुलिस और कानूनी संस्थाओं को अलर्ट करते हुए एक मैलवेयर पर नज़र रखने के लिए कहा है. दरअसल ये खतरनाक वायरस खुद को कोरोना वायरस अपडेट से जुड़ा होने का दावा करता है.

अधिकारियों ने बताया कि सरबेरस (cerberus) नाम के एक बैंकिंग ट्रोजन के ज़रिए कोविड-19 महामारी का फायदा उठाकर किसी यूज़र्स को फर्जी लिंक डाउनलोड करने के लिए SMS भेजे जाते हैं, जिनमें हैक करने वाले सॉफ्टवेयर हैं. हैकर्स लिंक को ऐसे डिजाइन करते हैं कि ये देखने में बिलकुल असली लगती है. मोडस ओपेरंडी के तहत SMS से भेजे गए लिंक को क्लिक करते ही ये सॉफ्टवेयर फोन में डाउनलोड हो जाते हैं और यूज़र की पर्सनल जानकारी चोरी करके हैकर को ट्रांसफर कर देता है.

(ये भी पढ़ें- ज़बरदस्त ऑफर! सिर्फ 22,999 रुपये का हुआ सैमसंग का 63 हज़ार वाला धांसू स्मार्टफोन)



एक्सपर्ट का कहना है कि अगर एक बार ये सॉफ्टवेयर फोन में इंस्टॉल हो जाए तो यूज़र के लिए खतरा बन जाता है, क्योंकि इससे यूज़र की सेंसिटिव और निजी जानकारियां आसानी से चोरी की जा सकती है. आगे बताया गया कि हैकर्स इस डेटा को चुराकर सारी जानकारी किसी रिमोट सर्वर पर भेज देते हैं.
बैंकिंग डिटेल पर भी खतरा
सीबीआई की मानें तो इस सॉफ्टवेयर से यूज़र की बैंकिंग डिटेल पर भी बड़ा खतरा है. सीबीआई ने चेतावनी देते हुए कहा, 'यह Cerberus ट्रोजन यूज़र के फाइनैंशल डेटा जैसे क्रेडिट/डेबिट कार्ड नंबर और दूसरे डीटेल्स को चुराने पर फोकस करता है, और बहुत आसानी से यूज़र को बेवकूफ बनाकर उनकी पर्सनल जानकारी चुरा लेता है.

देश के पॉपुलर साइबर एक्सपर्ट पवन दुग्गल का कहना है कि लॉकडाउन के दौरान साइबर क्राइम बढ़ गया है. पहले भी हैकर्स इस तरह की वारदात को अंजाम देते थे, लेकिन बीते दो-तीन महीने से इसमें काफी बढ़ोतरी देखी गई है. इसलिए हमें अपने फोन को लेकर सावधान रहना और समझना होगा कि ये कभी भी हैक हो सकता है.

(ये भी पढ़ें-शानदार ट्रिक! फोन की स्पीड बढ़ानी है तो अभी डिलीट कर दें फोन का ये एक फोल्डर) 

ऐसे बच सकते हैं आप
>>उन्होंने इससे बचने की सलाह देते हुए बताया जब भी को एप्लिकेशन डाउनलोड करें तो उसका सोर्स देख लें और हमेशा सिक्योर प्लैटफार्म से ही डाउनलोड करें.

>>इसके अलावा एक्सपर्ट्स ये भी सलाह देते हैं कि किसी भी वेबसाइट से ऐप डाउनलोड करने से पहले उस वेबसाइट के बारे में पूरी तरह जान लें. साथ ही अगर आप फाइनेंशियल ट्रांजेक्शन कर रहे हैं तो ज़रूर देख लें कि लिंक के शुरुआत में https दिया है या नहीं. अगर http नहीं है और आप उसपर क्लिक करते हैं तो जान लें कि हैकर आपको आसानी से अपना शिकार बना सकते हैं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज