इस नंबर से पता करें, कहीं चोरी का तो नहीं आपका मोबाइल

टेलीकॉम डिपार्टमेंट के हेल्पलाइन नंबर 14422 पर मैसेज करके किसी भी मोबाइल से जुड़ी सारी जानकारी ले सकते हैं.

News18Hindi
Updated: August 29, 2018, 3:01 PM IST
इस नंबर से पता करें, कहीं चोरी का तो नहीं आपका मोबाइल
सरकार ने आईएमईआई बदलने पर 3 साल की सजा और जुर्माने का प्रावधान लागू किया है.
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Updated: August 29, 2018, 3:01 PM IST
अक्सर हम ऐसी खबरें सुनते हैं कि सेकेंड हैंड मोबाइल खरीदने वालों को लोग चोरी का मोबाइल बेच देते हैं, जिसके बाद वो पुलिस या कानून के पचड़े में फंस जाते हैं. मोबाइल बेचने वाला तो पैसे लेकर निकल जाता है. लेकिन खरीदार थाने के चक्कर लगाता रहता है. ऐसे में अगर आप भी सेकेंड हैंड मोबाइल खरीदने जा रहे हैं और किसी तरह के पचड़े में नहीं फंसना चाहते हैं तो मोबाइल फोन खरीदने से पहले टेलीकॉम डिपार्टमेंट के हेल्पलाइन नंबर 14422 पर मैसेज करके किसी भी मोबाइल से जुड़ी सारी जानकारी ले सकते हैं. इसके लिए 14422 पर KYM टाइप करें और इसके बाद अपने फोन का IMEI नंबर लिखकर SMS करें.

बंधन ऐप से भी मिल जाएगी मोबाइल से जुड़ी जानकारी
साथ ही, आपको मोबाइल से जुड़ी सारी जानकारी सी-डॉट के मोबाइल बंधन ऐप से भी मिल जाएगी. इसके अलावा, प्लेस्टोर से सी-डॉट का मोबाइल बंधन ऐप भी डाउनलोड कर सकते है. SMS के जरिए आपको मोबाइल की निर्माता कंपनी, ब्रांड, मॉडल और किस बैंड को सपोर्ट करता है उसकी जानकारी मिलेगी. कहीं आपका खरीदा हुए सेकेंड हैंड मोबाइल चोरी का तो नहीं ये जानने के लिए देखें कि कहीं आपके मोबाइल का आईएमईआई (IMEI) यानी इंटरनेशनल मोबाइल इक्विपमेंट आइडेंटिटी नंबर तो नहीं बदला हुआ है. इसके लिए सबसे पहले KYM टाइप करें, इसके बाद स्पेस देकर मोबाइल का IMEI नंबर लिखकर 14422 पर एसएमएस कर दें. आईएमईआई के जरिए कंपनी, ब्रांड, मॉडल की जानकारी मिलती है. इससे मोबाइल के स्पेक्ट्रम बैंड की भी जानकारी मिलेगी.

ऐसे देख सकते हैं अपने मोबाइल का IMEI

*#06# डायल करके अपने मोबाइल का IMEI देख सकते हैं. 15 डिजिट का आईएमईआई नंबर मोबाइल की पहचान होता है. मोबाइल की पहचान छिपाने के लिए आईएमईआई में बदलाव किया जाता है. इस तरह की चोरी को रोकने को लिए सीईआईआर यानी सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर का ट्रायल पुणे में शुरु हुआ है. दिसंबर से सीईआईआर पूरे देश में लागू हो सकता है. इसके बाद सभी अवैध मोबाइल नेटवर्क पर नहीं चलेंगे. बता दें कि कहीं-कहीं एक ही आईएमईआई पर हजारों मोबाइल चल रहे हैं. सरकार ने आईएमईआई बदलने पर 3 साल की सजा और जुर्माने का प्रावधान लागू किया है. आईएमईआई से छेड़छाड़ करने वाले के खिलाफ पुलिस और एजेंसिया दंडात्मक प्रावधान के तहत मुकदमा दर्ज कर सकती हैं.
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