देशभर में 15 करोड़ यूजर्स वाले आरोग्य सेतु ऐप की सच्चाई आई सामने, सरकार ने दिया ये जवाब

आरोग्य सेतु ऐप के विकास पर सरकार ने दिया जवाब.
आरोग्य सेतु ऐप के विकास पर सरकार ने दिया जवाब.

सरकार (Govt) ने बताया कि आरोग्य सेतु ऐप Arogya Setu App) को रिकॉर्ड 21 दिनों में पारदर्शी तरीके से सार्वजनिक-निजी सहयोग (Public-private collaboration) से विकसित किया गया है. ऐसे में आरोग्य सेतु ऐप पर संदेह नहीं करना चाहिए.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 29, 2020, 9:05 AM IST
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नई दिल्ली. आरोग्य सेतु ऐप (Arogya Setu App) पर हुए विवाद के बाद सरकार का स्पष्टीकरण सामने आ गया है. सरकार ने बताया कि राष्ट्रीय सूचना-विज्ञान केंद्र (एनआईसी) ने उद्योग और शैक्षणिक क्षेत्र के वॉलनटिअर्स के सहयोग से आरोग्य सेतु ऐप तैयार किया गया है. आपको बता दें कि पिछले दिनों केंद्रीय सूचना आयोग (Central Information Commission) ने आरोग्य सेतु ऐप की जानकारी को लेकर नेशनल इन्फॉर्मेटिक सेंटर (NIC) के अधिकारियों को फटकार लगाई थी. जिसमें कहा गया था कि नेशनल इन्फॉर्मेटिक सेंटर की वेबसाइट पर आरोग्य सेतु ऐप का नाम है. लेकिन इसके विकास को लेकर कोई जानकारी नहीं है.

इसके बाद सरकार ने बताया कि आरोग्य सेतु ऐप (Arogya Setu App) को रिकॉर्ड 21 दिनों में पारदर्शी तरीके से सार्वजनिक-निजी सहयोग से विकसित किया गया है. ऐसे में आरोग्य सेतु ऐप पर संदेह नहीं करना चाहिए. आरोग्य सेतु ऐप की मदद से कोविड-19 (COVID-19) से लड़ने में काफी मदद मिली है. 

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CIC ने जारी किया था कारण बताओं नोटिस
आरोग्य सेतु ऐप को लेकर केंद्रीय सूचना आयोग ने नेशनल इन्फॉर्मेटिक सेंटर के अधिकारियों से जवाब मांगा था. CIC ने अपने नोटिस में कहा कि,  NIC की वेबसाइट पर आरोग्य सेतु ऐप का नाम है, तो फिर उनके पास ऐप के विकास को लेकर कोई डिटेल क्यों नहीं है?  CIC ने इस संबंध में चीफ पब्लिक इन्फॉर्मेशन अधिकारियों (CPIOs) सहित नेशनल ई-गवर्नेंस डिवीजन (NeGD), इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय और NIC को कारण बताओं नोटिस भेजा था. 

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कैसे शुरू हुआ विवाद
सौरव दास नाम के एक शख्स ने चीफ इन्फॉर्मेशन कमिशन में शिकायत दर्ज कराई थी. दास ने दावा किया है कि उन्होंने आरोग्य सेतु ऐप को बनाने वाले के बारे में जानकारी के लिए एनआईसी, नैशनल ई-गवर्नेंस डिविजन और मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स ऐंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी से संपर्क किया था. लेकिन किसी ने भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया. जिसके बाद केंद्रीय सूचना आयोग ने कारण बताओं नोटिस जारी किया.

क्या है आरोग्य सेतु ऐप?
बता दें कि कोविड-19 के कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग का पता लगाने के लिए केंद्र सरकार की ओर से आरोग्य सेतु ऐप को बढ़ावा दिया गया है. आरोग्य सेतु ऐप की अहमियत का अंदाजा इसी से बात से लगाया जा सकता है कि हवाई यात्राओं से लेकर मेट्रो और ट्रेनों में सफर से पहले इसे डाउनलोड करना अनिवार्य है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी बार-बार लोगों से ऐप को डाउनलोड करने की अपील कर चुके हैं.
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