कोरोना संक्रमण को देखते हुए इलाहाबाद HC में समय से पहले 10 मई से 4 जून तक ग्रीष्मावकाश घोषित

कोरोना को देखते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट में समय से पहले ग्रीष्मावकाश घोषित कर दिया गया है. (File)

कोरोना को देखते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट में समय से पहले ग्रीष्मावकाश घोषित कर दिया गया है. (File)

Allahabad High Court News: अब तक इलाहाबाद हाईकोर्ट में एक जून से 30 जून तक ग्रीष्मावकाश होता था. एक्टिंग चीफ जस्टिस संजय यादव के निर्देश पर रजिस्ट्रार जनरल ने आज आदेश जारी कर दिए हैं. इस बार 10 मई से 4 जून तक प्रधान पीठ व हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में ग्रीष्मावकाश रहेगा.

  • Share this:

प्रयागराज. इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) से बड़ी खबर आ रही है. यहां कोविड (COVID-19) के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए हाईकोर्ट में समय से पहले ग्रीष्मावकाश (Summer Vacation) घोषित कर दिया गया है. इलाहाबाद हाईकोर्ट व अधीनस्थ अदालतों में ग्रीष्मावकाश घोषित हो गया है. अब 10 मई से 4 जून तक प्रधान पीठ व हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में ग्रीष्मावकाश रहेगा.

इसके साथ ही अधीनस्थ न्यायालयों में भी ग्रीष्मावकाश रहेगा. बता दें अब तक एक जून से 30 जून तक ग्रीष्मावकाश होता था. एक्टिंग चीफ जस्टिस संजय यादव के निर्देश पर रजिस्ट्रार जनरल ने आज आदेश जारी कर दिए हैं. बता दें इस आधार पर अब इलाहाबाद हाईकोर्ट व अधीनस्थ अदालतों का कैलेंडर संशोधित किया जाएगा.

Youtube Video

बार एसोसिएशन ने भी रखी थी मांग
बता दें हाल ही में हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने बढ़ते कोरोना संक्रमण के मद्देनजर इस वर्ष ग्रीष्मावकाश एक माह पूर्व मई में ही घोषित करने की मांग की थी. इस संबंध में कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश को पत्र भेजा गया था. इलाहाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन का कहना है कि कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है. इलाहाबाद हाई कोर्ट में ग्रीष्मावकाश प्रत्येक वर्ष पहली जून से होता है.

एसोसिएशरन की तरफ से कहा गया कि इस बार कोरोना संक्रमण की विषम परिस्थितियों के मद्देनजर यह मांग की गई है. कैट बार एसोसिएशन की मांग पर कैट में इस बार गर्मी की छुट्टियां मई में ही घोषित कर दी गई हैं.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज