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अयोध्या फैसले से पहले राम जन्मभूमि के यलो जोन में अतिरिक्त सुरक्षा बनीं मुसीबत, हटाने की मांग

News18 Uttar Pradesh
Updated: December 11, 2019, 1:39 PM IST
अयोध्या फैसले से पहले राम जन्मभूमि के यलो जोन में अतिरिक्त सुरक्षा बनीं मुसीबत, हटाने की मांग
अयोध्या के राम जन्मभूमि के पास यलो जोन में बैरिकेडिंग स्थानीय लोगों के लिए समस्या बन गई हैं.

अयोध्या विवाद (Ayodhya Dispute) पर फैसला आया, उससे पूर्व ही सुरक्षा के लिहाज से राम जन्मभूमि (Ram Janmbhumi) से सटे यलो ज़ोन क्षेत्र को जाने वाली सभी गलियों को बल्लियों से बंद कर दिया गया है. ऐसे में यलो जोन में निवास करने वाले निवासियों के लिए मुसीबतें बढ़ गई हैं.

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अयोध्या. अयोध्या विवाद पर फैसला (Ayodhya Verdict) आए 1 महीने से ज्यादा का समय हो गया है. पूरे देश में शांति और सौहार्द है. मगर राम जन्म भूमि (Ram Janmbhumi) के इर्द-गिर्द बसे यलो जोन (Yellow Zone) के निवासियों और मठ मंदिरों की मुसीबतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. दरअसल अयोध्या विवाद पर फैसला आने से पूर्व ही यलो जोन को पूर्णरूपेण से बंद कर दिया गया था. इसमें कनक भवन, नवीनगर मात गढ़, अशर्फी भवन और परिक्रमा मार्ग से अंदर आने वाले सभी मार्गों को बल्लियों से स्थाई तौर पर बंद कर दिया गया था. ऐसे में 1 महीने से ज्यादा का समय बीत गया है और यहां पर बलियां लगी हैं. मठ-मंदिरों में भगवान की पूजा में समस्या आ रही है. भगवान के स्नान के लिए सरयू जल की आवश्यकता होती है.

स्थानीय निवासियों को रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करने के लिए बाजार और बच्चों को स्कूल जाने की जरूरत पड़ती है. ऐसे में यलो जोन में लगी हुई बल्लियां यलो जोन वासियों के लिए मुसीबत का कारण हो गई हैं. उधर जिला प्रशासन धारा 144 का हवाला देते हुए सुरक्षा के नाम पर अभी बल्लियां को लगा रहने की बात कर रहा है. येलो जोन के मंदिरों के महंतों ने बल्लियों को हटाए जाने की मांग की है.

बल्लियों से यलो जाने के निवासियों की बढ़ीं मुसीबतें

अयोध्या विवाद पर फैसला आया, उससे पूर्व ही सुरक्षा के लिहाज से राम जन्मभूमि से सटे यलो ज़ोन क्षेत्र को जाने वाली सभी गलियों को बल्लियों से बंद कर दिया गया है. ऐसे में यलो जोन में निवास करने वाले निवासियों के लिए मुसीबतें बढ़ गई हैं. अयोध्या विवाद पर फैसला आए 1 माह से ज्यादा का समय हो गया है. मगर आज भी इन रास्तों को बल्लियां से बंद ही रखा गया है. जिला प्रशासन धारा 144 और सुरक्षा का हवाला देते हुए बल्लीया लगाए रखे हुए हैं. लेकिन यलो जोन में पड़ने वाले मठ मंदिरों पर जहां सुबह भगवान को स्नान के लिए सरयू जल की आवश्यकता होती है. भंडारे और भोग के लिए सब्जी और अनाज की आवश्यकता होती है.

Ayodhya baricading
अयोध्या में यलो जोन की बैरिकेडिंग.


एंबुलेंस से लेकर बच्चों के स्कूल जाने में कठिनाई

यलो जोन में निवास करने वाले ग्रस्त लोगों को एंबुलेंस, बच्चों को स्कूल जाना यह सब प्रमुख मूलभूत सुविधाओं में बेहद ही कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है. यलो जोन की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मी समय-समय पर स्थानीय लोगों से अभद्रता भी कर देते हैं. जिसकी शिकायत कई बार उच्चाधिकारियों की गई है. मगर उसके बाद भी उच्चाधिकारियों का मन बढ़ रवैया घटने का नाम नहीं ले रहा है. स्थानीय संतों ने कहा है कि मुख्यमंत्री ने इस बात के लिए जिला अधिकारी को कहा था कि यलो जोन के निवासियों को कोई दिक्कत न हो. मगर प्रशासन यलो जोन के निवासियों की समस्याओं को प्रशासन नजरअंदाज कर रहा है.ये भी पढ़ें:

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First published: December 11, 2019, 1:37 PM IST
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