यूपी: बदायूं पुलिस ने मुर्दे के खिलाफ दर्ज की FIR, जानिए- क्या है मामला
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यूपी: बदायूं पुलिस ने मुर्दे के खिलाफ दर्ज की FIR, जानिए- क्या है मामला
लाइन मैन ने मीटर रीडिंग का काम करने वाले युवक को बिजली के पोल पर चढ़ाया, करंट लगने से मौत (प्रतीकात्मक तस्वीर)

बदायूं पुलिस (Badaun Police) ने एक मुर्दे (Dead) के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज की है. जिस मृत आदमी (Died Man) के खिलाफ मुकदमा लिखा गया है, उसकी करीब 3.5 साल पहले ही मौत हो चुकी है.

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बदायूं. उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के बदायूं (Badaun) में पुलिस (Police) ने ऐसा कारनामा किया है, जिससे उसे स्वयं ही शर्मसार होना पड़ रहा है. मामला बदायूं के उसहैत थाना पुलिस से जुड़ा है. यहां की पुलिस ने एक मुर्दे (Dead) के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज की है. जिस मृत आदमी (Died Man) के खिलाफ मुकदमा लिखा गया है, उसकी करीब 3.5 साल पहले ही मौत हो चुकी है. मामला मीडिया में आने के बाद पुलिस, जांच के बाद मृतक का नाम एफआईआर से हटाने की बात कह रही है. पूरा मामला उसहैत थाना क्षेत्र के रिजौला गांव का है.

मिली जानकारी के मुताबिक, उसहैत थाना पुलिस ने रिजौला गांव के सचिव की तहरीर पर 32 ग्रामीणों पर एफआईआर दर्ज की थी. जिसमें हरपाल का नाम भी शामिल था, जिसकी करीब साढ़े तीन साल पहले ही मौत हो चुकी है.

मृतक की पत्नी गंगा देवी का आरोप है कि उन्होंने कभी गाय नहीं पाली लेकिन उनके पति पर गाय को खेतों में छोड़ने का आरोप लगाकर एफआईआर दर्ज कराई गई है.




ये है मामला



कुछ दिन पहले किसानों के खेतों में घुमंतू पशु घुस गए थे और उनके खेतों को चर लिया था. प्रशासन ने इन घुमंतू पशुओं को पकड़ा भी नहीं था. लेकिन जब रिजौला गांव के ग्रामीणों ने सड़क पर जाम लगाया तो प्रशासन की तरफ से दबाव पड़ने पर ब्लॉक के सचिव ने मामले को लेकर एफआईआर दर्ज करने का आदेश दे दिया था. ब्लॉक सचिव के आदेश पर 32 किसानों पर एफआईआर दर्ज हुई थी. जिसमें बिना जांच पड़ताल किए हुए सचिव ने जो नाम दिए, उस पर पुलिस ने भी आंखें बंद करके एफआईआर दर्ज कर दी. इसमें मृतक हरपाल का नाम भी शामिल था. एफआईआर के बाद जब पुलिस ने मृतक के घरवालों को परेशान करना शरू किया तब पता चला कि मृतक पर एफआईआर दर्ज हुई है.

जांच के बाद हटा दिया जाएगा मृतक का नाम
इम मामले की जानकारी होने पर बदायूं के एसपी सिटी जितेन्द्र श्रीवास्तव का कहना है कि ब्लॉक सचिव की ओर से पुलिस को जो तहरीर दी गई है, उसपर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है. अब पुलिस को पता चला है कि मृतक का नाम एफआईआर में है. उसके नाम को जांच के बाद हटा दिया जाएगा. ऐसा प्रतीत होता है कि यह त्रुटि के कारण ऐसा हुआ है.

(रिपोर्ट- चितरंजन सिंह)

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