बारिश में टपकने लगीं खस्ताहाल यूपी रोडवेज की बसें, VIDEO वायरल

जितनी तेजी से बस मंजिल की तरफ बढ़ रही थी, उतनी ही तेजी से पानी अंदर यात्रियों की सीटों पर गिर रहा था. बस की छत से गिर रहे पानी से बचने के लिए यात्री उन सीटों से हट कर बस के कोने में बैठे या खड़े नजर आए. लोगों को भींगते हुए यात्रा पूरी करनी पड़ी.

Anirudh | News18 Uttar Pradesh
Updated: August 2, 2018, 1:50 PM IST
Anirudh | News18 Uttar Pradesh
Updated: August 2, 2018, 1:50 PM IST
पूरे उत्तर भारत में बीते दिनों से लगातार जमकर बारिश हो रही है. लोगों का घरों से निकलना दुश्वार हो गया है, लेकिन ऐसे मौसम में भी नौकरी पेशा, पढ़ाई और दूसरे तमाम कामों से निकलना लोगों के लिए एक मजबूरी है. लोग बसों के सहारे अपनी मंजिल तक पहुंचते हैं. वहीं यूपी में बरसात के समय परिवाहन विभाग की सरकारी बसों में यात्रा करते समय साथ में छाता जरूर रखें.बस के अंदर इसकी जरूरत कभी भी पड़ सकती हैं.

दरअसल यूपी रोडवेज की बसें हैं ही इतनी हाईटेक कि आपको यात्रा के दौरान बारिश का पूरा मजा देंगी. आप खुद ही देख लीजिए हैदरगढ़ से लखनऊ की तरफ जाने वाली यूपी परिवहन की उपनगरीय बस का हाल कि कैसे बरसात के चलते बसें भी टपकने लगीं. बस के अंदर पानी टपकता देख लोगों को बस के अंदर ही छाता खोलना पड़ा. टपक रहे पानी से बचने के लिए उपनगरी बस में यात्री छाता लगाकर सफर करते नजर आए.

जितनी तेजी से बस मंजिल की तरफ बढ़ रही थी, उतनी ही तेजी से पानी अंदर यात्रियों की सीटों पर गिर रहा था. बस की छत से गिर रहे पानी से बचने के लिए यात्री उन सीटों से हट कर बस के कोने में बैठे या खड़े नजर आए. लोगों को भींगते हुए यात्रा पूरी करनी पड़ी. इस दौरान किसी यात्री ने झरना बनी बस का वीडियो बना लिया और यूपी रोडवेज की बसों का हाल सबके सामने लाकर रख दिया.

बस पर यात्रा कर रहे सुरेंद्र ने बताया कि वह हैदरगढ़ से लखनऊ जा रहा था. बस की हालत ये है कि वह अंदर बैठे-बैठे बुरी तरह से भींग गया है, जबकि वह रास्ते भर छाता लगाकर आया है. दूसरे यात्री सुरेश ने बताया कि बस के अंदर की हालत बहुत खराब है. टिकट के दाम लगातार बढ़ते जा रहे हैं, लेकिन सुविधा के नाम पर हम लोगों को कुछ नहीं मिलता.

वहीं अधिकतर यात्रियों ने सामूहिक तौर पर कहा कि परिवहन विभाग यात्रियों के लिए इस डग्गामार बस को क्यों चला रहा है, ये अपने आप में बड़ा सवाल है. क्योंकि इस बस का हाल देखकर साफ अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह अब सड़क पर चलने लायक नहीं है. यह कभी भी किसी बड़े हादसे को दावत दे सकती है.

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