UP Panchayat Chunav 2021: ग्राम प्रधान का प्रत्याशी बनने के लिए उम्मीदवार राजनीतिक पार्टियों को देने लगे आवेदन

पंचायत चुनाव में ग्राम प्रधान का उम्मीदवार बनने के लिए राजनीतिक पार्टियों के पास लोग आवेदन कर रहे हैं.

पंचायत चुनाव में ग्राम प्रधान का उम्मीदवार बनने के लिए राजनीतिक पार्टियों के पास लोग आवेदन कर रहे हैं.

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में पंचाायत चुनाव (Panchayat Chunav) में ग्राम प्रधान बनने के लिए लोग राजनीतिक दलों के पास आवेदन भेज रहे हैं. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बीजेपी (BJP) और रालोद (RLD) के पास ग्राम प्रधान के लिए टिकट लोग पहुंच रहे हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 3, 2021, 11:35 PM IST
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मेरठ. उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में पंचाायत चुनाव( Panchayat Chunav) के लिए सियासी दलों से टिकट लेने के लिए नेताओं ने दौड़-धूप शुरू कर दी है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव बीजेपी (BJP) और रालोद (RLD) के पास लोग ग्राम प्रधान के लिए टिकट लेने पहुंचने लगे हैं. इसको लेकर रालोद के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जयंत चौधरी (Jayant Chaudhary) वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से मेरठ (Meerut) और सहारनपुर (Saharanpur) मंडल के सभी जिलों की तैयारियों की समीक्षा करेंगे.

मेरठ मंडल में परिसीमन के बाद 2196 ग्राम पंचायत, 28 हजार 802 पंचायतों के वार्ड, 3567 क्षेत्र पंचायत और 144 जिला पंचायत हैं, जिनमें चुनाव होना है. वहीं, सहारनपुर मंडल में 1612 ग्राम पंचायत, 21 हजार 62 पंचायतों के वार्ड, 2755 क्षेत्र पंचायत और 111 जिला पंचायत के वार्ड हैं. इस तरह दोनों मंडलों के नौ जिलों में जिला पंचायत के 255 वार्ड, क्षेत्र पंचायत के 6322 पद, ग्राम पंचायत सदस्यों के 49 हजार 864 पद और ग्राम प्रधानों के 3808 पदों के लिए चुनाव होना है.

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वहीं यूपी में सत्ताधारी पार्टी भाजपा ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों को देखते हुए जिला प्रभारियों की घोषणा कर दी है. भाजपा नेताओं ने पंचायत और निकाय चुनाव में लोगों को टिकट देने के लिए बैठकें शुरू कर दी हैं. वहीं टिकट के लिए पार्टी के पास आवेदन आने शुरू हो गये हैं. जिला पंचायत में तो एक-एक सीट पर आठ से 10 लोग दावेदार हैं, लेकिन 28 जनवरी को गाजीपुर बार्डर पर भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत के भावुक होने के बाद स्थिति बदल गई है. रालोद नेताओं की मानें तो एक सप्ताह में जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत के बाद ग्राम पंचायतों में पार्टी से प्रत्याशी बनने वाले दावेदारों की भीड़ बढ़ गई है.
जिला पंचायत के लिए मेरठ, सहारनपुर मंडल के नौ जिलों में 255 वार्डों के लिए करीब डेढ़ से दो हजार दावेदार सामने आ चुके हैं. अब रालोद भी जल्द जिला स्तर पर समीक्षा का कार्यक्रम शुरू करने जा रही है. किसान आंदोलन ने रालोद में अचानक जान फूंक दी है. रालोद के क्षेत्रीय अध्यक्ष चौधरी यशवीर सिंह ने कहा कि पार्टी में पंचायतों को लेकर संभावित प्रत्याशियों की संख्या में अचानक से तेजी आई है.

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वैसे रालोद ही सही मायने में किसानों की पार्टी है. यह किसान महापंचायत में सामने दिख रहा है. किसान रालोद के केवल एजेंडे में नहीं, गांवों में लोगों के बीच हैं. पंचायत चुनाव को लेकर यह साफ दिखने लगा है कि रालोद के प्रदेश प्रवक्ता सुनील रोहटा का मानना है कि रालोद प्रारंभ से ही गांवों में अधिक सक्रिय थी, लेकिन एक सप्ताह में गांवों के किसानों के बीच पार्टी का ग्राफ तेजी से बढ़ा है. राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जयंत चौधरी तेजी से मेहनत कर रहे हैं. किसानों के बीच जा रहे हैं, जिसका परिणाम है कि संभावित प्रत्याशी अचानक बढ़ गए हैं.

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