अखिलेश यादव के चचेरे भाई अभिषेक ने दिखाया दम, BJP के खिलाफ एकतरफा जीत की तरफ बढ़े

इटावा: पंचायत चुनाव में इस बार सबकी नजर निर्वतमान जिला पंचायत सदस्य और मुलायम सिंह यादव के भतीजे अभिषेक (सबसे बाएं) पर टिकी है.  (File Photo)

इटावा: पंचायत चुनाव में इस बार सबकी नजर निर्वतमान जिला पंचायत सदस्य और मुलायम सिंह यादव के भतीजे अभिषेक (सबसे बाएं) पर टिकी है. (File Photo)

Etawah Panchayat Election: अभिषेक यादव को समाजवादी पार्टी के साथ ही शिवपाल की पीएसपी लोहिया का भी समर्थन मिला हुआ है. पीएसपी-सपा का गठजोड़ बीजेपी के इस दावे के बाद किया गया कि इस दफा हर हाल में जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर भारतीय जनता पार्टी का प्रतिनिधि काबिज होगा.

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इटावा. उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव (UP Panchayat Chunav) की मतगणना जारी है. इस बीच इटावा से खबर आ रही है कि यहां सपा प्रमुख अखिलेश यादव (SP Chief Akhilesh Yadav) के चचेरे भाई अभिषेक यादव (Abhishek Yadav) आसानी से एकतरफा जीत की तरफ बढ़ रहे हैं. अभिषेक यादव 3780 मतों से आगे चल रहे हैं. 10वें राउंड की मतगणना तक अभिषेक यादव को 4125 मत मिले हैं, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंदी भाजपा (BJP) के राहुल यादव को 345 मत हासिल हुए हैं. बता दें कि अभिषेक यादव सैफई (द्वितीय) से जिला पंचायत सदस्य पद के उम्मीदवार हैं. वह यहां से निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष भी हैं.

बता दें कि अभिषेक यादव को समाजवादी पार्टी के साथ ही चाचा शिवपाल की पीएसपी लोहिया का भी समर्थन मिला हुआ है. इटावा में जिला पंचायत अध्यक्ष पद को बरकरार रखने के लिए अभिषेक यादव की पहल पर समाजवादी पार्टी और प्रगतिशील समाजवादी पार्टी ने आपस में गठजोड़ किया हुआ है. खुद प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव ने अपने भतीजे अभिषेक यादव को एक बार फिर से जिला पंचायत अध्यक्ष बनवाने का आह्वान किया है.

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बीजेपी ने किया था हर हाल में जीत का दावा
इस गठजोड़ में दोनों दलों ने मिलकर के अपने-अपने उम्मीदवार चुनाव मैदान में उतारे हैं. पीएसपी-सपा का गठजोड़ सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी के इस दावे के बाद किया गया कि इस दफा हर हाल में जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर भारतीय जनता पार्टी का प्रतिनिधि काबिज होगा.

सैफई में रामफल भी चल रहे आगे

इटावा की सैफई ग्राम पंचायत पर 50 साल में पहली बार पंचायत चुनाव के लिए वोट डाले गए थे. अब पहली बार मतगणना शुरू हुई है. इस चुनाव में भी मुलायम परिवार की साख दांव पर है. दरअसल यहां मुख्य लड़ाई रामफल वाल्मीकि और महिला प्रत्याशी विनीता के बीच मुकाबला है. रामफल वाल्मीकि को मुलायम परिवार से समर्थन मिला है. जानकारी के अनुसार सैफई के ग्राम पंचायत पद के उम्मीदवार के लिए मतगणना में रामफल वाल्मीकि आगे चल रहे हैं.
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