अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट आज करेगी सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट तीन सदस्यीय विशेष पीठ इलाहाबाद उच्च न्यायालय के 2010 के फैसले के खिलाफ दायर 13 अपीलों पर सुनवाई कर रही है. सुप्रीम कोर्ट ने 2011 में हाईकोर्ट की सुनवाई पर रोक लगा दी थी.

Ahtesham Siddiqui | News18Hindi
Updated: March 14, 2018, 8:37 AM IST
अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट आज करेगी सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट तीन सदस्यीय विशेष पीठ इलाहाबाद उच्च न्यायालय के 2010 के फैसले के खिलाफ दायर 13 अपीलों पर सुनवाई कर रही है. सुप्रीम कोर्ट ने 2011 में हाईकोर्ट की सुनवाई पर रोक लगा दी थी.
Ahtesham Siddiqui | News18Hindi
Updated: March 14, 2018, 8:37 AM IST
सुप्रीम कोर्ट में आज को अयोध्या के राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद मामले पर 2 बजे सुनवाई होगी. जिसमें सबसे पहले यह तय किया जाएगा कि मामले के सभी पक्षकारों को किन-किन बिंदुओं पर बहस करनी है.  जस्टिस दीपक मिश्रा, जस्टिस अशोक भूषण और जस्टिस एस अब्दुल नजीर की बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी.

9 हजार से ज्यादा पन्नों के हिन्दी, पाली, उर्दू, अरबी, फारसी, संस्कृत आदि सात भाषाओं के अदालती दस्तावेजों का अंग्रेजी में अनुवाद पूरा हो चुका है. कोर्ट के आदेश पर अनुवाद का यह काम उत्तर प्रदेश सरकार ने किया है . इसके अलावा पिछली सुनवाई में कोर्ट ने कहा था कि रामायण, रामचरितमानस व गीता के जो दस्तावेज़ हाईकोर्ट में सुनवाई में कोर्ट फ़ाइल में लगें थे उनका भी अंग्रेज़ी में अनुवाद का काम दो सप्ताह में पूरा करें.

सुप्रीम कोर्ट तीन सदस्यीय विशेष पीठ इलाहाबाद उच्च न्यायालय के 2010 के फैसले के खिलाफ दायर 13 अपीलों पर सुनवाई कर रही है. सुप्रीम कोर्ट ने 2011 में हाईकोर्ट की सुनवाई पर रोक लगा दी थी.

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने अपने फैसले में अ तीनों पक्षकारों - सुन्नी वक्फ बोर्ड, निर्मोही अखाड़ा और भगवान राम लला के बीच बांटने का आदेश दिया था.

फरवरी में पिछली सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि कोर्ट इस मामले की सुनवाई पूरी तरह से भूमि विवाद के रूप में करेगी और रोज़-रोज़ सुनवाई करने से मना कर दिया था. कोर्ट ने कहा था कि लगभग 700 गरीब लोगों के मामले न्याय के लिए लंबित पड़े हैं, हमें उनकी सुनवाई करनी है.
बता दें कि 2010 में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 2:1 अनुपात से इस मामले में निर्णय सुनाते हुएअयोध्या में 2.77 एकड़ के इस विवादित स्थल को सुन्नी वक़्फ बोर्ड, भगवान राम लला व निर्मोही अखाड़ा के बीच बांट दिया था.

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