लाइव टीवी

राजधर्म की सेवा में जुटे सीएम योगी, पहली बार दो महीने बाद पहुंचे गोरखनाथ मठ
Gorakhpur News in Hindi

NAVEEN LAL SURI | News18Hindi
Updated: May 23, 2020, 1:23 PM IST
राजधर्म की सेवा में जुटे सीएम योगी, पहली बार दो महीने बाद पहुंचे गोरखनाथ मठ
दो महीने अपने मठ से दूर रहे सीएम योगी

इसके पहले अपने पूज्य गुरु ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ के इलाज और बतौर सांसद (MP) एक-दो विदेश प्रवास के दौरान ही ऐसा हुआ. पर यह अंतराल तीन से चार हफ्तों का ही रहा होगा.

  • Share this:
गोरखपुर. कोरोना वायरस (Coronavirus) के चलते पूरे देश में लॉकडाउन (Lockdown) घोषित है. इसी कड़ी में गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने शनिवार की सुबह शक्ति मंदिर में श्रद्धा एवं विधि विधान के साथ रुद्राभिषेक भी किया. इस दौरान उन्होंने देवाधि देव भगवान शिव से कोरोना वायरस के संक्रमण से जूझ रही संपूर्ण विश्व के कल्याण कल्याण, उद्धार, समृद्धि एवं शांति के लिए प्रार्थना की.

बता दें कि दो माह बाद सीएम योगी शुक्रवार को दोपहर बाद गोरखपुर स्थित गोरखनाथ मंदिर स्थित अपने मठ पहुंचे थे. गोरक्षपीठाधीश्वर का दायित्व संभालने के बाद पहली बार ऐसा हुआ कि वह लगातार दो महीने अपनी पीठ (गोरक्षनाथ) मठ और अपनों से दूर रहे. इसके पहले अपने पूज्य गुरु ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ के इलाज और बतौर सांसद एक-दो विदेश प्रवास के दौरान ही ऐसा हुआ. पर यह अंतराल तीन से चार हफ्तों का ही रहा होगा.

ये रहता था योगी का रूटीन
रूटीन में वह संसद के सत्रों में हर रविवार को अधिकांश जरिए ट्रेन दिल्ली के लिए जाते थे और सप्ताहांत में गोरखपुर लौट आते थे. मुख्यमंत्री बनने के बाद भी नियमित अंतराल पर उनका गोरखपुर आना-जाना होता रहा है.



सीएम योगी ने कायम की नजीर



पहली बार कोरोना के अभूतपूर्व वैश्विक संकट के दौरान वह दो माह बाद गोरखपुर स्थित अपने मठ पर गये. इस दौरान अपने पिता की अंत्येष्टि में न जाकर बताया कि संकट का राजधर्म क्या होता है. ऐसे में एक बड़े परिवार के मुखिया का क्या दायित्व होता है.

देर रात तक अधिकारियों के साथ की बैठक

आपको बता दें कि 20 मार्च के बाद 22 मई को दोपहर बाद वह अचानक गोरखनाथ मंदिर पहुंचे. इस दौरान उन्होंने सोशल डिस्टेसिंग के मानकों का पूरी तरह अनुपालन किया. बाहर के जो लोग उनके आने पर अक्सर उनके इर्द-गिर्द होते थे, वह भी नहीं आये. आते ही उन्होंने तुरंत कोरोना के संक्रमण से बचाव, संक्रमित लोगों के इलाज, प्रवासी मजदूरों की वापसी, दक्षता के अनुसार उनको दिये जाने वाले रोजगार, कम्यूनिटी किचन, क्वारंटाइन केंद्रों की व्यवस्था, प्रवासी श्रमिकों और लॉकडाउन से प्रभावित लोगों के लिए दिये जाने वाले भरण-पोषण (1000 रुपये) राशन, नये राशन कार्डों की प्रगति आदि के बारे में संबंधित अधिकारियों से चर्चा की और जरूरी निर्देश भी दिये.

वहां चल रहे विकास कार्यों की भी समीक्षा की. साथ ही महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद और गुरु गोरक्षनाथ चिकित्सालय के पदाधिकारियों के साथ भी बैठक की. उनसे लॉकडाउन के बीच विद्यालयों में शिक्षण कार्यो एवं चिकित्सालयों में मरीजों की देखभाल की जानकारी ली. निर्माणाधीन मेडिकल कालेज की प्रगति के बारे में भी जाना, बारी-बारी देर रात तक इन बैठकों का सिलसिला जारी रहा.

ये भी पढ़ें:

शादी की तारीख बढ़ी तो 80 KM पैदल चलकर ससुराल पहुंची होने वाली दुल्हन, फिर...

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए गोरखपुर से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: May 23, 2020, 1:23 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
corona virus btn
corona virus btn
Loading