ग्रीन सिग्नल को रेड कर तीन दर्जन ट्रेनों में लूटपाट कर चुका है ये गिरोह

ETV UP/Uttarakhand
Updated: November 14, 2017, 7:26 PM IST
ग्रीन सिग्नल को रेड कर तीन दर्जन ट्रेनों में लूटपाट कर चुका है ये गिरोह
पुलिस के गिरफ्त में आरोपी युवक.
ETV UP/Uttarakhand
Updated: November 14, 2017, 7:26 PM IST
ग्रेटर नोएडा पुलिस ने एक ऐसे हाईटेक लुटेरा गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो रेल पटरी के ज्वाइंट के बीच में 2 रुपये का सिक्का लगाकर ग्रीन सिग्नल को रेड कर देता था और ट्रेन रुकने के बाद लूटपाट की घटना को अंजाम देता था.


पुलिस ने 2 बदमाशों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से दो रुपये के सिक्के, तमंचा और एक चाकू बरामद किया है. गिरोह के अन्य दो साथी फरार हैं. पुलिस की माने तो यह गिरोह ग्रेटर नोएडा से पहले मुरादाबाद मंडल में लगभग तीन दर्जन से ज्यादा ट्रेन लूट की वारदात को अंजाम दे चुका है. फिलहाल पुलिस फरार बदमाशों की तलाश में जुट गई है.



बुलंदशहर के रहने वाले राजन और दिनेश ग्रेटर नोएडा के रेलवे ट्रैक पर 2 रुपये का सिक्का लगाकर सिग्नल रेड कर देते थे जिससे ट्रेन रुक जाती थी. इसके बाद गिरोह के बदमाश ट्रेन में लूटपाट कर फरार हो जाते थे.


पिछले कई दिनों से ग्रेटर नोएडा में लगातार ट्रेन में लूट की बढ़ती वारदातों को देखते हुए पुलिस सक्रिय हुई, जिसके बाद देर रात सूरजपुर थाना पुलिस और RPF के संयुक्त ऑपरेशन में मौके से पुलिस ने दिनेश और राजन को गिरफ्तार कर लिया. गिरोह के दो अन्य सदस्य फरार हो गए.


सीसीटीवी फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि ये शातिर लुटेरे लूट की बिसात कैसे बिछाते थे. एक लूटेरा बड़ी सफाई से पटरी पर आता है और दो रुपये का सिक्का लगाने के बाद सिंग्नल को रेड होने तक इंतजार करता है. जैसे ही सिंग्नल रेड होता है ये घटनास्थल की रेकी में लग जाता है और गिरोह के अन्य सदस्य ट्रेन रुकने के मात्र 5 मिनट के भीतर ही लूटपाट कर फरार हो जाते हैं.


डीएसपी अमित किशोर श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस को पिछले कुछ दिनों से शिकायत मिली थी कि ग्रीन सिग्नल होने के बावजूद ट्रेन अक्सर स्टेशन के ऑटर इलाके में रुक जाती है और इसके बाद उसमें लूटपाट होती है. रेलवे फाटक के पास लगे सीसीटीवी कैमरे की पड़ताल की गई तब जाकर इस गिरोह का पर्दाफाश हुआ.


इस गिरोह के सादस्य पहले से ही जेल में बंद हैं जबकि फरार हैं. गिरोह की दहशत इतनी है कि पुलिस के पास अब तक किसी ने लिखित शिकायत नहीं की है. हालांकि बदमाशो की गिरफ्तारी सीसीटीवी के आधार पर हुई है. लिहायज पुलिस अपील कर रही है कि पीड़ित सामने आएं ताकि आरोपियों के खिलाफ और मजबूत केस बनाया जा सके.


(अमित सिंह/ब्रजेश तिवारी) 
First published: November 14, 2017
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