• Home
  • »
  • News
  • »
  • uttar-pradesh
  • »
  • अब ऑनकॉल ट्रैफिक मदद पहुंचानेे वाला शहर बना नोएडा, जानें आप कैसे उठा सकते हैं फायदा

अब ऑनकॉल ट्रैफिक मदद पहुंचानेे वाला शहर बना नोएडा, जानें आप कैसे उठा सकते हैं फायदा

ऑनकॉल ट्रैफिक मदद पहुंचाने वाला शहर बना नोएडा

ऑनकॉल ट्रैफिक मदद पहुंचाने वाला शहर बना नोएडा

डीसीपी ने जानकारी दी कि नोएडा में ट्रैफिक व्यवस्था को बनाए रखने में ट्विटर जैसे सोशल मीडिया का बड़ा ही अहम योगदान रहा है. हमने ट्विटर पर @noidatraffic नाम से अकाउंट बना रखा है, जो 24 घंटे एक्टिव रहता है.

  • Share this:
    नोएडा: गौतमबुद्ध नगर (नोएडा एवं ग्रेटर नोएडा) में आप जल्दी कही भी आना जाना चाहते है, लेकिन ट्रैफिक की चिंता है तो घबराने की जरूरत नहीं है. नोएडा ट्रैफिक पुलिस ने ऐसी व्यवस्था की है जिस से आप एक फोन कॉल में ट्रैफिक की स्थिति जान सकते हैं, शिकायत दर्ज कर सकते है और मदद भी मांग सकते है. राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (दिल्ली, गाजियाबाद, फरीदाबाद, गुरुग्राम) में जिला गौतमबुद्ध नगर पहला ऐसा जिला है जो यह सुविधा लोगों को दे रहा है.

    "9971009001 रिंग कीजिए मिनटों में मदद पहुंचेगी"

    नोएडा ट्रैफिक विभाग ने नोएडा सेक्टर 14ए स्थित ऑफिस में जिले में ट्रैफिक व्यवस्था के मॉनिटर के लिए डेडीकेटेड एक पूरा कंट्रोल रूम बना रखा है. जहां पर पुलिस कर्मचारी अपने साजो सामान के साथ तैनात होते है. डेप्युटी कमिस्नर ऑफ पुलिस ट्रैफिक (डीसीपी) गणेश प्रसाद साहा ने बताया कि \"पूरे गौतमबुद्ध नगर में जिसको भी ट्रैफिक व्यवस्था से जुड़ी मदद, शिकायत दर्ज करानी हो उनके लिए 9971009001नंबर जारी किया गया है.इस नम्बर पर आप कॉल करके अपनी समस्या का निदान पा सकते हैं. साहा ने कहा कि यह नंबर 24 घंटो और सप्ताह के सातों दिन चालू रहता है और पुलिस बल इसमें लगे हुए है. लोग कभी भी फोन कर सकते है. उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं है कि सिर्फ फोन पर शिकायत सुन लेने के बाद काम हो गया ऐसा माना जाता हो, ट्रैफिक व्यवस्था में लगे पुलिस बल को फोन और व्हाट्सएप के माध्यम से उक्त स्थान की वीडियो मंगाई जाती है. जिसे शिकायतकर्ता के व्हाट्सएप पर प्रमाण के रूप में भेजा जाता है, जिस से शिकायत करने वाला ट्रैफिक व्यवस्था से संतुष्ट हो पाए.

    "कॉल बैक करके करते है समस्या निदान की पुष्टि"

    गणेश प्रसाद साहा ने कहा कि \"हमारे पास एक बार जब लोगों की शिकायत आ जाती है, तो ऐसा नहीं है कि हम आराम करने लगते है. हम शिकायतकर्ता से बीच बीच में (सामान्यतः एक सप्ताह) में फोन कर शहर के ट्रैफिक व्यवस्था पर फीडबैक भी लेते रहते है, जिस से हमे अपने सिस्टम को दुरुस्त करने का मौका मिलता है. शहर के जो भी सम्मानित व्यक्ति है, जो भी सामाजिक कार्यकर्ता और पत्रकार है सबसे हमारी टीम फोन पर सलाह लेती रहती है ताकि ट्रैफिक को दुरुस्त किया जा सके. हम गूगल मैप की भी मदद लेते है ताकि ट्रैफिक को मॉनिटर किया जा सके\"

    "सोशल मीडिया का भी सफल इस्तेमाल किया जा रहा है"

    डीसीपी ने जानकारी दी कि नोएडा में ट्रैफिक व्यवस्था को बनाए रखने में ट्विटर जैसे सोशल मीडिया का बड़ा ही अहम योगदान रहा है. हमने ट्विटर पर @noidatraffic नाम से अकाउंट बना रखा है, जो 24 घंटे एक्टिव रहता है. लोग ट्विटर पर भी अपनी शिकायत लिखते हुए नोएडा ट्रैफिक को टैग करते है.इस से भी तत्काल मदद उनको पहुंचाई जाती है. ट्विटर पर भी शिकायत करने वाले को वीडियो फोटो के माध्यम से संतुष्ट कराते है कि आपका काम हो गया है. ट्विटर पर कुछ अंतराल के बाद जिले के ट्रैफिक की हाल भी अपडेट करते रहते है. साहा बताते है कि जिले में कही कोई गाड़ी खराब हो जाए या कोई दुर्घटना हो जाए और उस वजह से कुछ देर के लिए ही सही लेकिन ट्रैफिक लग जाए तो यह हमारे लिए कार्यशैली पर सवालिया निशान है, इसलिए सभी अधिकारियों और पुलिस बल को बताया गया है कि जबतक बाहरी मदद पहुंचती है, तबतक आप खुद से गाड़ी को धक्का देकर हटाने का कोशिश कीजिए, इस से कुछ तो लोगों को राहत मिलेगी ही साथ ही हमारा वर्क भी दिखेगा.

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज