Home /News /uttar-pradesh /

झांसी में राष्ट्र रक्षा समर्पण पर्व का हुआ शुभारंभ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया उद्घाटन

झांसी में राष्ट्र रक्षा समर्पण पर्व का हुआ शुभारंभ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया उद्घाटन

राष्ट्र

राष्ट्र रक्षा समर्पण पर्व का रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया शुभारंभ

महिलाओं की भागीदारी का उल्लेख करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि जब से प्रधानमंत्री ने बागडोर संभाली है, महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है. जब मैं गृह मंत्री था हमने एडवाइजरी जारी की थी और उसके बाद पुलिस में भागीदारी बढ़ी.तीनों सेनाओं में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है यही महारानी लक्ष्मीबाई के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है.

अधिक पढ़ें ...

    मैं अपनी झांसी नहीं दूंगी, इस वाक्य से स्वराज जैसे आंदोलन को जन्म देने वाली महारानी का जीवन भले ही छोटा था लेकिन उन्होंने अपने शौर्य और पराक्रम से उसे नई बुलंदियों तक पहुंचाया था. उन्होंने बहुत ही कम उम्र में अपने राजपाट,अपने परिजनों और अपने बच्चे को खोया. लेकिन राष्ट्र के सम्मान को नहीं खोया.यही उन्हें शिखर पर पहुंचाता है.उन्होंने नारी शक्ति का पुनर्जागरण किया और दिखा दिया कि नारी न तो अबला है और न ही रणभूमि उसके लिए कोई बाधा है.यह विचार रक्षामंत्री राजनाथ सिंह झांसी में महारानी लक्ष्मीबाई के 193 जन्मदिवस पर आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्र रक्षा समर्पण पर्व जलसा को संबोधित करते हुए व्यक्त किए. उन्होंने कहा कि महारानी का जीवन भले ही छोटा था लेकिन उन्होंने अपने शौर्य और पराक्रम से उसे नई बुलंदियों तक पहुंचाया.

    आज सेना में बढ़ रही है महिलाओं की भागीदारी
    महिलाओं की भागीदारी का उल्लेख करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि जब से प्रधानमंत्री ने बागडोर संभाली है, महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है. जब मैं गृह मंत्री था हमने एडवाइजरी जारी की थी और उसके बाद पुलिस में भागीदारी बढ़ी.तीनों सेनाओं में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है यही महारानी लक्ष्मीबाई के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है.

    आत्मनिर्भर होने के पथ पर अग्रसर है देश
    सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि एक समय था जब देश मे बुनियादी वस्तुओं का पूर्णतः अभाव था.अब अधिकांश वस्तुएं देश में ही बनाई जा रही हैं. स्वास्थ के क्षेत्र में 111 करोड़ से अधिक वैक्सिनेशन बड़ी उपलब्धि है.आज पारंपरिक व गैर पारंपरिक चुनौतियां हमारे सामने है.पहले सीमा का खतरा था,आज साइबर आक्रमण व अंतरिक्ष में भी खतरा है. इसी वर्ष तय किया है कि 209 ऐसी चीजें जो दूसरे देशों से आती थी अब देश मे ही बनेंगी.मुख्यमंत्री के नेतृत्व में डिफेंस कॉरिडोर के लिए काम हो रहा है.भारत जैसे देश दूसरों पर निर्भर रहकर विकास नहीं कर सकते इसलिए आत्मनिर्भर बनने से ही देश का विकास होगा.

    हिन्दुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड को दिया गया अब तक का सबसे बड़ा ऑर्डर
    हिन्दुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड को 50 हजार करोड़ का आर्डर हथियार बनाने का दिया है. यह अब तक का किसी भारतीय कंपनी का सबसे बड़ा आर्डर है.यह अपने आप में एक आदर्श कार्य है.38 हजार करोड़ का निर्यात अब तक देश ने किया है.10 हजार से अधिक एमएसएमई का जुड़ना इतिहास है.इन्ही नीतियों की देन योगी को यशस्वी बनाती है.पहले 70 से 80 प्रतिशत खरीद बाहर से खरीदते थे.अब तय किया है कि चाहे जो हो जाए भारत में बने हुए समान का उपयोग करेंगे.इस देश की सामुहिक संकल्प शक्ति सबसे बड़ी ताकत है. विश्व की सबसे बड़ी युवा शक्ति भारत के पास है. हम इतिहास के ऐसे निर्णायक मोड़ पर हैं जहां पहले बहुत कुछ कर चुके हैं और बहुत कुछ करने की अब आवश्यकता है. रानी ने अंग्रेजों का डटकर मुकाबला किया.हमें भी इन परिस्थितियों का डटकर मुकाबला करने की जरूरत है.

    (रिपोर्ट – शाश्वत सिंह)

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर