VIDEO: बोर्ड परीक्षा में पास होने के लिए क्‍या-क्‍या कर रहे हैं छात्र

मेरी शादी टूट जाएगी मुझे पास कर दीजिए गुरू जी, मेरे सपने बिखर जाएंगें मुझे उत्तर पुस्तिका में नंबर दे दीजिए गुरू जी. यह सुनकर आपको आश्चर्य हो रहा होगा, लेकिन आप हैरत में मत पड़िए. मैं गरीब किसान का बेटा हूं. ट्यूशन पढ़ने के लिए मेरे पास पैसे नही थे, जिसके चलते मैं अच्छी तरह से बोर्ड परीक्षा की तैयारी नहीं कर पाया. इस तरह के तमाम हथकंडे बोर्ड परीक्षा को पास करने के लिए आजमाए गए. ऐसे में आज हम आपको शिक्षा, शिक्षक और शिक्षार्थी की तिकड़ी से जुड़ी एक ऐसी बानगी बताने जा रहे है, जिसमें एक दूसरे से काम निकालने के लिए स्वार्थ और लालच का खूब सहारा लिया जा रहा है.

Ashwani Mishra | ETV UP/Uttarakhand
Updated: April 13, 2015, 10:25 AM IST
Ashwani Mishra | ETV UP/Uttarakhand
Updated: April 13, 2015, 10:25 AM IST
मेरी शादी टूट जाएगी मुझे पास कर दीजिए गुरू जी, मेरे सपने बिखर जाएंगें मुझे उत्तर पुस्तिका में नंबर दे दीजिए गुरू जी. यह सुनकर आपको आश्चर्य हो रहा होगा, लेकिन आप हैरत में मत पड़िए. मैं गरीब किसान का बेटा हूं. ट्यूशन पढ़ने के लिए मेरे पास पैसे नही थे, जिसके चलते मैं अच्छी तरह से बोर्ड परीक्षा की तैयारी नहीं कर पाया. इस तरह के तमाम हथकंडे बोर्ड परीक्षा को पास करने के लिए आजमाए गए. ऐसे में आज हम आपको शिक्षा, शिक्षक और शिक्षार्थी की तिकड़ी से जुड़ी एक ऐसी बानगी बताने जा रहे है, जिसमें एक दूसरे से काम निकालने के लिए स्वार्थ और लालच का खूब सहारा लिया जा रहा है.

इन दिनों बांदा में राजकीय और बजरंग इंटर कॉलेज में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन का काम चल रहा है. भावनात्मक ब्लेकमेलिंग से लेकर शादी टूटने, सिंगर न बन पाने से लेकर पचास, सौ और पांच सौ के नोटों का प्रलोभन देकर छात्र और छात्राएं कापियों को जांच रहे शिक्षकों पास करने की गुहार लगाई है. कापियों के अंदर 50,100 और 500 रुपये के नोट निकल रहे हैं. उत्तर पुस्तिकाओं के आखिरी पन्नों पर छात्रों ने प्रार्थना पत्र लिखते हुए अपने उज्जवल भविष्य के लिए कापियों में कुछ भी न लिखने के बावजूद पास करने की गुहार गुरुओं से लगाई.

कॉपियों का मूल्यांकन कार्य कर रहे शिक्षकों ने कहा कि जिस तरह से कॉपियों में जांच के दौरान नोट और तमाम गुजारिशें पास करने के लिए निकल रही है. उसको देखने के बाद देश का भविष्य कहे जाने वाले छात्र और छात्राओं के इस तरह की शर्मसार कर देने वाली हरकतें देश के उज्जवल भविष्य का सपना संजोने बड़ा रोड़ा साबित हो सकती हैं, जिस तरह से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा देने वाले छात्र और छात्राओं ने पूरे साल पढ़ाई नहीं करने के बाद बोर्ड परीक्षाओं में बिना कुछ लिखे ही पास होने का जो तरीका अपनाया. उससे कही न कहीं एक बात साफ हो जाती है कि आज का युवा मेहनत नहीं करना चाहता है. पैसे और इमोशनल ब्लेकमेलिंग कर पास होना चाहता है, जो देश के उज्जवल भविष्य पर ग्रहण लगने से कम नही है.

आप hindi.news18.com की खबरें पढ़ने के लिए हमें फेसबुक और टि्वटर पर फॉलो कर सकते हैं.
First published: April 13, 2015, 10:25 AM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...