प्रिंसिपल के गले लग रो पड़ी शहीद की बेटी, खराब तबियत के कारण नहीं दे पाई एग्ज़ाम

पांचवीं क्‍लास में पढ़ रही सुप्रिया मंगलवार को परीक्षा देने के लिए स्‍कूल पहुंची. उसकी तबीयत इतनी खराब थी कि वह ठीक से बैठ भी नहीं पा रही थी.
पांचवीं क्‍लास में पढ़ रही सुप्रिया मंगलवार को परीक्षा देने के लिए स्‍कूल पहुंची. उसकी तबीयत इतनी खराब थी कि वह ठीक से बैठ भी नहीं पा रही थी.

पांचवीं क्‍लास में पढ़ रही सुप्रिया मंगलवार को परीक्षा देने के लिए स्‍कूल पहुंची. उसकी तबीयत इतनी खराब थी कि वह ठीक से बैठ भी नहीं पा रही थी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 20, 2019, 10:28 AM IST
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जम्‍मू-कश्‍मीर के पुलवामा में 14 फरवरी को हुए आतंकी हमले में कन्नौज के जवान प्रदीप सिंह यादव शहीद हो गए थे. प्रदीप की 2 बेटियां हैं 10 साल की सुप्रिया और 2 साल की सोना. बड़ी बेटी सुप्रिया पढ़-लिखकर अपने पिता की शहादत का बदला लेने के लिए सेना में भर्ती होना चाहती है.

पांचवीं क्‍लास में पढ़ रही सुप्रिया मंगलवार को परीक्षा देने के लिए स्‍कूल पहुंची. उसकी तबीयत इतनी खराब थी कि वह ठीक से बैठ भी नहीं पा रही थी. वहां मौजूद लोगों के अनुसार सुप्रिया स्‍कूल की प्रिंसिपल से लिपटकर रोने लगी. प्रिंसिपल और बाकी टीचर्स ने उसे सांत्वना दी. खराब तबियत के कारण सुप्रिया को स्‍कूल प्रबंधन ने घर वापस भेज दिया. खबर है कि तबियत ठीक होने पर बाद उसकी परीक्षा ली जाएगी.

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कन्‍नौज की रहने वाली सुप्रिया कानपुर में पढ़ती हैं. सोमवार से स्‍कूल की वार्षिक परीक्षाएं शुरू हो गई थीं. परीक्षा न छूटे इसलिए सुप्रिया पिता का अंतिम संस्‍कार करने के बाद ही कानपुर वापस आ गई थीं लेकिन खराब तबीयत के कारण वह इग्ज़ाम नहीं दे पाईं.
ख़बर है कि जब मंगलवार सुबह सुप्रिया स्‍कूल पहुंची तो प्रिंसिपल को देखते ही वह अपनी भावनाओं पर काबू नहीं कर सकी. उसको रोता देखकर स्‍टाफ और बाकी बच्‍चों की आंखों में भी आंसू आ गए. रोते हुए सुप्रिया केवल अपने पिता के नाम की रट लगा रही थी. सुप्रिया की खराब हालत को देखते हुए स्कूल प्रबंधन ने उसे घर भिजवा दिया.

बताया जा रहा है कि शहीद प्रदीप सिंह रावत कुछ दिनों पहले जब छुट्टियों में कानपुर आए थे तो सुप्रिया के स्‍कूल भी गए थे. वह बेटी सुप्रिया की पढ़ाई को लेकर काफी फिक्रमंद रहते थे.

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