होम /न्यूज /उत्तर प्रदेश /बिकरू कांड: 30 महीने बाद जेल से छूटी आरोपी खुशी दुबे, एनकाउंटर में मारा गया था पति अमर

बिकरू कांड: 30 महीने बाद जेल से छूटी आरोपी खुशी दुबे, एनकाउंटर में मारा गया था पति अमर

जेल से बाहर निकलती बिकरू केस की आरोपी खुशी दुबे

जेल से बाहर निकलती बिकरू केस की आरोपी खुशी दुबे

Bikru Case Khushi Dubey: बिकरू कांड की आरोपी खुशी दुबे ने जेल से रिहा होने के बाद मीडिया से कहा कि मैं अभी नहीं बात करन ...अधिक पढ़ें

हाइलाइट्स

सुप्रीम कोर्ट ने 4 जनवरी को खुशी को जमानत दे दी थी
खुशी दुबे का न्याय दिलाने के लिए कानपुर के सीनियर अधिवक्ता शिवाकांत दीक्षित संघर्ष कर रहे थे
सुप्रीम कोर्ट में खुशी की जमानत के लिए याचिता दाखिल की गई थी

कानपुर देहात. यूपी के कानपुर स्थित बिकरू कांड में आरोपी खुशी दुबे शनिवार शाम को जेल से बाहर आ गई. पुलिस एनकाउंटर में मारे गए अमर की बीवी खुशी को 30 महीने के बाद जेल से रिहाई मिली है. सुप्रीम कोर्ट ने 4 जनवरी को खुशी को जमानत दे दी थी लेकिन, जमानत और जमानतगीरों के सत्यापन में 18 दिन का समय लग गया. शनिवार को कोर्ट से खुशी को जेल से रिहा करने के लिए आदेश भेज दिया गया है. खुशी के माता-पिता और बहन समेत वकील कानपुर देहात की माती जेल पहुंचे.

जमानत मिलने के बाद भी 18 दिन से जेल में थी खुशी
बिकरू कांड की आरोपी खुशी दुबे का न्याय दिलाने के लिए कानपुर के सीनियर अधिवक्ता शिवाकांत दीक्षित संघर्ष कर रहे थे. उन्होंने खुशी को बेगुनाह होने का दावा करते हुए जेल से बाहर लाने का बीड़ा उठाया था. सेशन कोर्ट और हाईकोर्ट से जमानत याचिका खारिज होने के बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में खुशी की जमानत के लिए याचिता दाखिल की थी.

खुशी दुबे शनिवार शाम को जेल से रिहा हुई
उन्हें लेने के लिए उनके परिजन वकील के साथ पहुंचे थे, वहीं, दूसरी तरफ कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने खुशी दुबे को सुप्रीम कोर्ट के सीनियर वकील और राज्यसभा सदस्य विवेक तन्खा जैसा वकील दिया था इसके बाद खुशी दुबे को सुप्रीम कोर्ट से 4 जनवरी को जमानत मिल गई थी. जमानत की सभी औपचारिकता पूरी करने के बाद शनिवार को खुशी दुबे जमानत पर जेल से रिहा किया जा रहा है.

आपके शहर से (कानपुर)

कानपुर
कानपुर

कौन है खुशी दुबे

कानपुर के बिकरू गांव में दो जुलाई, 2020 को पुलिस टीम पर गैंगस्टर विकास दुबे और उसके गुर्गों ने फायरिंग की थी. इस घटना में आठ पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे. खुशी पुलिस मुठभेड़ में मारे जा चुके अमर दुबे जोक कि विकास दुबे का शागिर्द था की पत्नी है. जिसके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था. बिकरू कांड में पुलिस ने खुशी दुबे को सह आरोपी बनाया था जिसके चलते वह कानपुर देहात जेल में बंद चल रही थी.

जमानत के बाद कब क्या हुआ
4 जनवरी को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली
5 जनवरी को ऑर्डर की कॉपी कोर्ट में दाखिल की
6 जनवरी को सेशन कोर्ट से जमानत की शर्तें तय हुई
9 जनवरी को जमानत के पेपर कोर्ट में दाखिल किए गए
16 जनवरी को खुशी के वकील कोर्ट में दस्तावेजों का सत्यापन नहीं होने की शिकायत दर्ज कराई
19 जनवरी को नौबस्ता और पनकी थानेदार व बैंक को सत्यापन रिपोर्ट नहीं देने पर कोर्ट ने तलब किया
21 जनवरी को खुशी दुबे की जमानत से संबंधित सभी सत्यापन पूरे हो सके और रिहाई का आदेश कोर्ट से जेल भेजा गया

Tags: Bikru Scandal, Up crime news, UP news, Vikas Dubey Encounter

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें