UP में गोकशी पर सख्ती के बीच 3 साल की योगी सरकार में गौ-संरक्षण को लेकर हुए ये 5 अहम फैसले
Lucknow News in Hindi

UP में गोकशी पर सख्ती के बीच 3 साल की योगी सरकार में गौ-संरक्षण को लेकर हुए ये 5 अहम फैसले
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (File Photo)

पिछले 3 साल में योगी सरकार (Yogi Government) ने गौ-संरक्षण को लेकर महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं. जियो टैगिंग से लेकर अस्थाई गौशालाएं, भूसा बैंक आदि द्वारा गौ संरक्षण को लेकर सरकार लगातार कोशिश कर रही है.

  • Share this:
लखनऊ. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार (Yogi Government) में गोवंश पर देश का सख्त कानून बनाने की तैयारी है. योगी कैबिनेट (Yogi Cabinet) से पास  उत्तर प्रदेश गोवध निवारण (संशोधन) अध्यादेश, 2020 के तहत उत्तर प्रदेश में गोवध, गोकशी या तस्करी करने वालों को 7 साल की जगह 10 साल की जेल और 3 लाख की जगह 5 लाख का जुर्माना भी लगाया है. वैसे इस अध्यादेश के अलावा पिछले 3 साल में योगी सरकार ने गौ-संरक्षण को लेकर महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं. जियो टैगिंग से लेकर अस्थाई गौशालाएं, भूसा बैंक आदि द्वारा गौ संरक्षण को लेकर लगातार प्रयासरत है.

संशोधित अध्यादेश की बात करें तो दोबारा दोषी पाए जाने पर दोगुनी सजा होगी. अब गोकशी पर न्यूनतम 3 साल की सजा और अधिकतम 10 साल तक सजा हो सकती है. वहीं गोवंश का अंगभंग करने पर भी 1 से 7 साल की सजा और 1 लाख से 3 लाख रुपये जुर्माना होगा. अगर तस्करी के लिए ले जाया जा रहा गोवंश जब्त किया जाता है तो एक साल तक उसके भरण पोषण के खर्च की वसूली भी अभियुक्त से ही होगी.

वाहन मालिक को साबित नहीं करेंगे तो दोषी माने जाएंगे



नए अध्यादेश में अब जब तक वाहन मालिक साबित नहीं कर देंगे कि उन्हें वाहन में प्रतिबंधित मांस की जानकारी नहीं थी, वे भी दोषी माने जाएंगे. वाहन सीज कर दिया जाएगा. इस अधिनियम के तहत सभी अपराध गैरजमानती होंगे. गोकशी या गोतस्करी के अभियुक्त की सार्वजनिक फोटो भी लगाई जाएगी.
गोकशी अध्यादेश संशोधन के अलावा सरकार के प्रमुख 5 फैसले

1- योगी सरकार गोवंश की जियो टैगिंग करा रही है. अब तक प्रदेश सरकार ने 5,02,395 गोवंश की जियो टैगिंग कराई है.

2- योगी सरकार ने संरक्षण के लिए प्रदेश के सभी नगर निकायों और गांवों में अस्थायी गौशालाएं खोलीं. सरकारी आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में 5062 गोसंरक्षण केंद्र/स्थल को संचालित कर 4,96,269 निराश्रित गोवंश संरक्षित किए गए हैं.

3- गोवंश के संरक्षण के लिए प्रदेश की योगी सरकार ने शराब और राज्य के टोल पर 0.5 फीसदी का अतिरिक्त सेस लगाया. सरकार ने बेसहारा गौवंश की समस्या के समाधान के लिए प्रदेश के प्रत्येक जनपद में वृहद गौ संरक्षण केंद्र भी बनाया है. गौशालाओं की ऑनलाइन पंजीकरण की व्यवस्था की.

4- गौवंशों को पूरे साल भरपेट भोजन देने के लिए पहली बार प्रदेश में भूसा बैंक स्थापित किया गया. सूबे में 3228 भूसा बैंक स्थापित किए गए हैं. जिनमें इस वित्तीय वर्ष में 56,959 क्विंटल भूसा निशुल्क दान दाताओं द्वारा दिया गया है. वहीं 604672 क्विंटल भूसे की व्यवस्था बजट की व्यवस्था से किया गया.

5- योगी सरकार ने एक जनवरी 2020 से लेकर अब तक गोकशी और गोवंश की तस्करी के संबंध में कुल 1324 मुकदमे दर्ज किए और 3867 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है. गोकशी और गोवंश की तस्करी के अपराध की पुनरावृत्ति करने वाले 2197 अभियुक्तों के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्यवाही की गई है. ऐसे अपराधों में संलिप्त 1823 अपराधियों के खिलाफ गुण्डा एक्ट के तहत भी कार्यवाही की गई है.

ये भी पढ़ें:

गुड़ बनाने में प्लास्टिक के कचरे का इस्तेमाल करने के आरोप में 3 लोग गिरफ्तार

जौनपुर में दलितों का घर फूंकने के मामले में करीब 80 के खिलाफ मुकदमा, 57 नामजद
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading