डॉ. कफील की रिहाई पर बोले अखिलेश- उम्मीद है उन्हीं की तरह आजम खां को भी मिलेगा इंसाफ
Lucknow News in Hindi

डॉ. कफील की रिहाई पर बोले अखिलेश- उम्मीद है उन्हीं की तरह आजम खां को भी मिलेगा इंसाफ
उन्होंने प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Adityanath Sarkar) पर निशाना साधते हुए कहा कि सत्ताधारियों का अन्याय तथा अत्याचार हमेशा नहीं चलता. (फाइल फोटो)

इलाहाबाद उच्च न्यायालय (Allahabad High Court) के आदेश के बाद डॉक्टर कफील खान को मंगलवार मध्य रात्रि मथुरा जेल से रिहा कर दिया गया.

  • भाषा
  • Last Updated: September 2, 2020, 12:49 PM IST
  • Share this:
लखनऊ. समाजवादी पार्टी (SP) के अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका) के तहत जेल में बंद डॉक्टर कफील खान (Dr. Kafeel Khan) की रिहाई पर खुशी जाहिर करते हुए उम्मीद जताई कि उन्हीं की तरह झूठे मुकदमों में फंसाए गए वरिष्ठ सपा नेता आजम खां (Azam Khan) को भी जल्द इंसाफ मिलेगा. अखिलेश ने बुधवार को एक ट्वीट में कहा, " उच्च न्यायालय द्वारा डॉक्टर कफ़ील की रिहाई के आदेश का देश-प्रदेश के हम सभी इंसाफ़ पसंद लोगों ने सहर्ष स्वागत किया है. उम्मीद है झूठे मुक़दमों में फंसाये गये आज़म खान जी को भी शीघ्र ही न्याय मिलेगा." उन्होंने प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Adityanath Sarkar) पर निशाना साधते हुए कहा कि सत्ताधारियों का अन्याय तथा अत्याचार हमेशा नहीं चलता.

इलाहाबाद उच्च न्यायालय के आदेश के बाद डॉक्टर कफील खान को मंगलवार मध्य रात्रि मथुरा जेल से रिहा कर दिया गया. जेल से रिहाई के बाद कफील ने 'भाषा' से बातचीत में अदालत का शुक्रिया अदा किया. साथ ही कहा कि वह उन तमाम शुभचिंतकों के भी हमेशा आभारी रहेंगे जिन्होंने उनकी रिहाई के लिए आवाज उठाई. उन्होंने कहा कि प्रशासन उन्हें अब भी रिहा करने को तैयार नहीं था लेकिन लोगों की दुआ की वजह से वह रिहा हुए हैं. मगर आशंका है कि सरकार उन्हें फिर किसी मामले में फंसा सकती है. कफील संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ पिछले साल अलीगढ़ में भड़काऊ भाषण देने के आरोप में राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका) के तहत करीब साढ़े सात महीने से मथुरा जेल में बंद थे.

दयाल सिंह की पीठ ने कफील को तत्काल रिहा करने के आदेश दिये थे
दरअसल, इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति गोविंद माथुर और न्यायमूर्ति सौमित्र दयाल सिंह की पीठ ने कफील को तत्काल रिहा करने के आदेश दिये थे. हालांकि, कफील की तत्काल रिहाई नहीं हो सकी. उनके वकीलों तथा परिजन की तमाम कोशिशों के बाद मंगलवार रात करीब 12 बजे कफील को मथुरा जेल से रिहा किया गया. इससे पहले कफील को फिर से किसी और इल्जाम में फंसाने की साजिश से आशंकित परिजन ने बुधवार को उच्च न्यायालय में अवमानना याचिका दायर करने का फैसला किया था.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज