जामिया मिलिया हिंसा पर बोले अखिलेश- देश को हिंसा में फूंक देना ही क्या 'गुजरात मॉडल' है
Lucknow News in Hindi

जामिया मिलिया हिंसा पर बोले अखिलेश- देश को हिंसा में फूंक देना ही क्या 'गुजरात मॉडल' है
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव

अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने ट्वीट कर जामिया मिलिया में छात्रों के प्रदर्शन पर पुलिस की कार्रवाई को बर्बरतापूर्ण कार्रवाई करार दिया है. साथ ही केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए पूछा है कि क्या यही गुजरात मॉडल है?

  • Share this:
लखनऊ. नागरिकता संशोधन कानून (CAA) को लेकर दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया (Jamia Milia Islamia University) और अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (Aligarh Muslim University) में हुए बवाल पर समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) के अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akshiesh Yadav) ने कड़ी निंदा की है. अखिलेश यादव ने ट्वीट कर जामिया मिलिया में छात्रों के प्रदर्शन पर पुलिस की कार्रवाई को बर्बरतापूर्ण कार्रवाई करार दिया है. साथ ही केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए पूछा है कि क्या यही गुजरात मॉडल है?

अखिलेश यादव ने ट्वीट कर लिखा, "जिस प्रकार जामिया मिलिया के छात्र-छात्राओं से बर्बरतापूर्ण हिंसा हुई है और विद्यार्थी अभी भी फँसे हुए हैं, ये बेहद निंदनीय है. पूरे देश को हिंसा में फूंक देना ही क्या आज के सत्ताधारियों का असली ‘गुजरात मॉडल’ है."

 



प्रियंका ने कहा- सरकार कायर है

कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी ने भी जामिया और एएमयू में हुई हिंसा के खिलाफ केंद्र सरकार को घेरा. उन्होंने ट्वीट कर लिखा, "देश के विश्वविद्यालयों में घुस घुसकर विद्यार्थियों को पीटा जा रहा है. जिस समय सरकार को आगे बढ़कर लोगों की बात सुननी चाहिए, उस समय भाजपा सरकार उत्तर पूर्व, उत्तर प्रदेश, दिल्ली में विद्यार्थियों और पत्रकारों पर दमन के जरिए अपनी मौजूदगी दर्ज करा रही है. यह सरकर कायर है."

एक अन्य ट्वीट में प्रियंका ने लिखा, "जनता की आवाज़ से डरती है. इस देश के नौजवानों, उनके साहस और उनकी हिम्मत को अपनी खोखली तानाशाही से दबाना चाहती है. यह भारतीय युवा हैं, सुन लीजिए मोदी जी, यह दबेगा नहीं, इसकी आवाज़ आपको आज नहीं तो कल सुननी ही पड़ेगी."

जामिया से शुरू हुआ विरोध एएमयू तक पहुंचा

उधर नागरिकता कानून के खिलाफ रविवार को दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया में छात्रों के उग्र प्रदर्शन की आंच अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (Aligarh Muslim University) तक पहुंच गई. सैकड़ों की संख्या में छात्र जामिया के स्टूडेंट्स के समर्थन में नारेबाजी करते हुए कैंपस के गेट पर इकट्ठा होकर विरोध प्रदर्शन करने लगे. प्रदर्शनकारी छात्रों की पुलिस के साथ झड़प हुई. जिसके बाद पुलिस ने उन्हें तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस और वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया. विश्वविद्यालय प्रशासन ने तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए यूनिवर्सिटी को 5 जनवरी 2020 तक बंद करने का आदेश दिया है.

ये भी पढ़ें:

नागरिकता कानून के खिलाफ AMU में छात्रों का हंगामा और पथराव, यूनिवर्सिटी 5 जनवरी तक बंद
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading