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कांग्रेस के खिलाफ माया के रुख से सपा पर बढ़ा दबाव! महागठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज

कांग्रेस के खिलाफ माया के रुख से सपा पर बढ़ा दबाव! महागठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज

अखिलेश यादव. Photo: News 18

अखिलेश यादव. Photo: News 18

लखनऊ के सत्ता के गलियारे में महागठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज हैं कि बसपा तो सीटों को लेकर समझौता करने वाली नहीं, लिहाजा देखना ये होगा कि अखिलेश यादव कितनी सीटों पर राजी होते हैं?

    देश में पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव के बीच मायावती कांग्रेस पार्टी पर लगातार हमलावर हैं. उन्होंने कांग्रेस से किसी प्रकार के गठबंधन की बात सिरे से नकार दी है. उधर कांग्रेस के खिलाफ मायावती के इस रुख से लोकसभा चुनाव में यूपी में महागठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं. अभी तक की स्थिति ये है कि कि बसपा, सपा और रालोद ही महागठबंधन का हिस्सा बनते दिख रहे हैं. लखनऊ के सत्ता के गलियारे में महागठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज हैं कि बसपा तो सीटों को लेकर समझौता करने वाली नहीं, लिहाजा देखना ये होगा कि अखिलेश यादव कितनी सीटों पर राजी होते हैं.

    लोकसभा चुनाव के लिए यूपी में महागठबंधन की बात करें तो अभी तक समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ही इसके अहम हिस्सा बनते दिख रहे हैं. इस बीच बसपा सुप्रीमो मायावती लगातार सम्मानित सीट मिलने पर ही गठबंधन में शामिल होने की बात कह रही हैं. वैसे अखिलेश किस कदर महागठबंधन को लेकर उम्मीदों मे हैं, इसका अंदाजा उनके बयान से ही लग जाता है. वह कह चुके हैं कि बसपा के लिए कोई भी समझौता करने को वह तैयार हैं.

    उधर गठबंधन में सीटों को लेकर मायावती कितना गंभीर हैं, इसका अंदाजा पांच राज्यों में हो रहे विधानसभा चुनावों में उनके कदम से लग जाता है. मायावती ने यहां गठबंधन न करने के लिए कांग्रेस पर आरोप लगाया है. उन्होंने सीट शेयरिंग में बसपा को उचित हिस्सा नहीं दिए जाने की बात कहकर ऐलान कर दिया कि कांग्रेस के साथ गठबंधन नहीं होगा. बसपा अब इन राज्यों में दूसरे क्षेत्रीय दलों के साथ गठबंधन कर मैदान में उतरने की तैयारी मे हैं. दूसरी तरफ सपा मुखिया अखिलेश यादव ने भी कांग्रेस से विधानसभा चुनावों में गठबंधन नहीं करने का ऐलान किया है.

    जाहिर है कि इसका असर लोकसभा चुनावों के दौरान यूपी के गठबंधन पर भी पड़ेगा. इन बयानों से कांग्रेस की यूपी में महागठबंधन की स्थिति कमजोर होती दिख रही है. वहीं दूसरी तरफ बसपा के कड़े रुख से समाजवादी पार्टी पर भी दबाव बढ़ता दिख रहा है. लखनऊ के सत्ता के गलियारे में महागठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज हैं कि बसपा तो सीटों को लेकर समझौता करने वाली नहीं, लिहाजा देखना ये होगा कि अखिलेश यादव कितनी सीटों पर राजी होते हैं? वहीं महागठबंधन में अजीत सिंह की राष्ट्रीय लोकदल भी हिस्सा है. ऐसे में उसके लिए सीटों की गणित क्या बनेगी? क्या सपा रालोद को अपने हिस्से से सीट देगी या गठबंधन में तीन मुखी फार्मूला तैयार किया जाएगा?

    मामले में समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता अनुराग भदौरिया कहते हैं कि विधानसभा चुनावों में गठबंधन की स्थिति का लोकसभा चुनावों में गठबंधन पर फर्क नहीं पड़ेगा. उन्होंने कहा कि बसपा के रुख का सपा पर कोई दबाव नहीं है. यूपी में बसपा और सपा मिलकर चुनाव लड़ेंगे और बीजेपी को हराएंगे. उन्होंने कहा कि ये बीजेपी के लोग हैं, जो दिन रात गठबंधन को लेकर डरे सहमे हैं.

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    Tags: All India Congress Committee, Bahujan samaj party, Lucknow news, Samajwadi party, Up news in hindi, Uttarpradesh news, लखनऊ

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