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COVID-19: निजामुद्दीन मरकज को लेकर आमने-सामने आए खालिद रशीद और वसीम रिजवी

निजामुद्दीन मरकज के तबलीगी जमात को लेकर आमने-सामने आए खालिद रशीद और वसीम रिजवी

निजामुद्दीन मरकज के तबलीगी जमात को लेकर आमने-सामने आए खालिद रशीद और वसीम रिजवी

इस मामले में ईदगाह के इमाम और ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली (Khali Rasheed Farangi Mahli) व शिया वक्फ बोर्ड (Shia Waqf Board) के चेयरमैन वसीम रिज़वी (Waseem Rizvi)अब आमने-सामने हैं.

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लखनऊ. नई दिल्ली के निजामुद्दीन दरगाह (Nizamuddin Markaz) के पास स्थित तबलीगी जमात (Tabligh Jamat) के मरकज में ढाई सौ ज्यादा लोगों को कोरोनावायरस (Coronavirus) के संक्रमण की जांच के लिए दिल्ली के अलग-अलग अस्पतालों में ले जाया गया है. खबरों के मुताबिक इस मरकज में देश-विदेश से आए हुए लोग शामिल थे. इसमें शामिल 24 लोगों में कोरोना की पुष्टि हुई है. जिसके बाद अश्नाका जताई जा रही है कि कहीं ये लोग कोरोना करियर न बन जाएं. अब इस पर सियासत भी शुरू हो गई है. इस मामले में ईदगाह के इमाम और ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली (Khali Rasheed Farangi Mahli) व शिया वक्फ बोर्ड (Shia Waqf Board) के चेयरमैन वसीम रिज़वी (Waseem Rizvi)अब आमने-सामने हैं.

जमात का मकसद अमन और भाईचारा 

खालिद रशीद फरंगी महली ने कहा कि लॉकडाउन में सभी को नियम का पालन करना चाहिए. हांलाकि निजामुद्दीन की तबलीगी जमात पर उन्होंने कहा कि जमात का मकसद अमन और भाईचारे का पैगाम पहुंचाने का होता है. यह जमात देश में करीब 100 सालों से है और यहां दुनिया भर के लोग आते हैं. जब यह मामला आया है तो इसकी जांच होनी चाहिए और जांच के आधार पर ही कुछ कहना चाहिए.

वसीम रिजवी ने की सजा-ए-मौत की मांग

उधर शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी ने कहा कि जमात मुस्लिम कट्टरता को बढ़ावा देने के लिए बनाई जाती हैं. वसीम रिजवी ने कहा कि जमात के लोग अपने भीतर कोरोनावायरस को डेवेलप कराकर हिंदुस्तान भेजे गए थे, ताकि हिंदुस्तान में कोरोनावायरस मौतों का कारण बन सके. यह जमात मौतों की सौदागर हैं और इंसानियत की दुश्मन भी है. वसीम रिजवी ने मांग करते हुए कहा कि इन लोगों को सजा-ए-मौत से कम कतई नहीं होनी चाहिए.

बता दें अभी तक निजामुद्दीन मरकज से एक हजार से ज्यादा लोगों को निकाला जा चुका है. इनमें से 700 लोगों को क्वारंटाइन किया गया है, जबकि 24 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है. अभी भी कई लोगों की रिपोर्ट का इन्तजार है. बताया यह भी जा रहा है कि अभी तक इस जमात में शामिल 10 लोगों की मौत कोरोना से हो चुकी है. इस बीच दिल्ली सरकार ने मरकज के खिलाफ एफआईआर के आदेश दिए हैं.

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