यूपी में पुलिसकर्मियों में बढ़ते अवसाद, आत्महत्या पर अंकुश के लिए कवायद शुरू

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के पुलिसकर्मियों में बढ़ते अवसाद (Depression) और आत्महत्या (Suicide) की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए कवायद शुरू हो गई है.

News18 Uttar Pradesh
Updated: September 13, 2019, 2:42 PM IST
यूपी में पुलिसकर्मियों में बढ़ते अवसाद, आत्महत्या पर अंकुश के लिए कवायद शुरू
उत्तर प्रदेश में पुलिसकर्मियों में बढ़ते अवसाद और आत्महया की घटनाओं को रोकने के लिए अब प्रयास शुरू हो गए हैं.
News18 Uttar Pradesh
Updated: September 13, 2019, 2:42 PM IST
लखनऊ. उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के पुलिसकर्मियों में बढ़ते अवसाद (Depression) और आत्महत्या (Suicide) की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए कवायद शुरू हो गई है. दरअसल सीएम के आईजीआरएस पोर्टल पर पुलिसकर्मियों की छोटी-छोटी दिक्कतों को लेकर कई शिकायतें पहुंची थीं. अब पुलिसकर्मियों की दिक्कतों पर स्थापना विभाग ने जोन के एडीजी से रिपोर्ट तलब कर ली है. दरअसल शिकायतों में लीव इनकैशमेंट, ट्रांसफर की बॉर्डर स्कीम और बस-ट्रेन किराया माफ करने को लेकर मांग की गई थी. पुलिसकर्मियों के लीव एनकेशमेंट को ख़त्म करने का हवाला दिया गया था. मामले में पुलिस के स्थापना विभाग ने सभी जोन के एडीजी से पुलिसकर्मियों के लीव एनकेशमेंट, ट्रांसफर की बॉर्डर स्कीम, बस या ट्रेन में किराया माफ करने पर रिपोर्ट मांगी है.

डीजीपी ने सभी पुलिसकर्मियों की मनोवैज्ञानिक स्थिति की जांच के दिए आदेश

बता दें कुछ दिन पहले ही गाजियाबाद और बिजनौर में पुलिसकर्मियों की आत्महत्या की घटनाओं के बाद डीजीपी ओपी सिंह ने सभी जिलों में पुलिस कर्मियों के मनोवैज्ञानिक की स्थिति की जांच के आदेश दिए हैं. उन्होंने जोनल स्तर पर मनोवैज्ञानिकों की मदद से पुलिसकर्मियों का मेंटल स्ट्रेस खत्म करने की कवायद शुरू की है. अब मनोवैज्ञानिक पुलिस वालों की मानसिक स्थिति और मेन्टल स्ट्रेस लेवल चेक करेंगे. डीजीपी ओपी सिंह ने सभी जिलों के कप्तान से लेकर रेंज आईजी और जोन एडीजी को पुलिसकर्मियों के मेंटल स्टेटस की रिपोर्ट बनाने को कहा है.

यूपी में जोन स्तर पर बनेगा मनोवैज्ञानिक पूल

डीजीपी ने जोनल स्तर पर मनोवैज्ञानिक पूल बनाए जाने का निर्देश दिया है. पुलिसकर्मियों के मानसिक अवसाद और तनाव से निपटने के लिए जोन के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय और संस्थानों से बेहतर मनोवैज्ञानिक की मदद ली जाएगी. हर महीने हर पुलिस कर्मी का चेकअप कैम्प में निजी और प्रोफेशनल हालात की जांच कर रिपोर्ट तैयार की जाएगी. मेन्टल स्ट्रैस की यह रिपोर्ट हर माह अधिकारियों को सौंपी जाएगी. लखनऊ विश्वविद्यालय से बायोफीड लैब की मशीन से पुलिसकर्मियों का स्ट्रेस लेवल नापा जाएगा. इतना ही नहीं रेगुलर सेशन चला कर पुलिस कर्मियों का स्ट्रेस लेवल खत्म किया जाएगा.

ये भी पढ़ें:

आजम की पत्नी और बहन पर लगा फांसी घर की जमीन पर कब्जे का आरोप, जांच शुरू
Loading...

लग्जरी गाड़ी के कागज मांगने पर भड़के सपा विधायक नाहिद हसन, FIR

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए लखनऊ से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: September 13, 2019, 2:42 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...