लाइव टीवी

मुलायम सिंह यादव: नेहरू के जमाने में शुरू की राजनीति, इंदिरा राज में गए जेल, अब मोदी के समय सपा संरक्षक

News18 Uttar Pradesh
Updated: November 22, 2019, 2:50 PM IST
मुलायम सिंह यादव: नेहरू के जमाने में शुरू की राजनीति, इंदिरा राज में गए जेल, अब मोदी के समय सपा संरक्षक
पिछले 6 दशकों से देश की राजनीति की धुरी बने हुए हैं मुलायम सिंह यादव

1960 में राजनीतिक जीवन की शुरुआत करने वाले मुलायम सिंह यादव (Mulayam Singh Yadav) देश के उन ​चुनिंदा नेताओं में से एक हैं, जिन्होंने 6 दशक से बदलते भारत को न सिर्फ जिया है, बल्कि उसमें योगदान भी किया है.

  • Share this:
लखनऊ. समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) को जन्म देने वाले दिग्गज नेता मुलायम सिंह यादव (Mulayam Singh Yadav) का आज 81वां जन्मदिवस (Birthday) है. मुलायम सिंह के जन्मदिवस को लेकर गुरुवार को उनके सैफई (Saifai) स्थित घर से लेकर लखनऊ (Lucknow) तक कई कार्यक्रम आयोजित होने हैं. 80 साल के हो रहे मुलायम सिंह यादव राजनीतिक जीवन में 59 वर्ष भी पूरे कर रहे हैं. 1960 में राजनीतिक जीवन की शुरुआत करने वाले मुलायम सिंह यादव देश के उन ​चुनिंदा नेताओं में से एक हैं, जिन्होंने 6 दशक से बदलते भारत को न सिर्फ जिया है, बल्कि उसमें योगदान भी किया है. वह अपने राजनीतिक जीवन में किंग मेकर से लेकर ​किंग तक की भूमिका में रहे. चाहे वह केंद्र की सत्ता हो या उत्तर प्रदेश की, हर जगह मुलायम ने अपना लोहा मनवाया. आज मुलायम सिंह यादव समाजवादी पार्टी के संरक्षक हैं.

1967 में पहली बार जीतकर पहुंचे विधानसभा
मुलायम सिंह यादव का जन्म 22 नवंबर 1939 को साधारण परिवार में हुआ. उन्होंने अपने शैक्षणिक जीवन में B.A, B.T और राजनीति शास्त्र में M.A की डिग्री हासिल की. उनकी पढ़ाई केके कॉलेज इटावा, एके कॉलेज शिकोहाबाद और बीआर कॉलेज आगरा यूनिवर्सिटी से पूरी हुई.

मालती देवी से शादी के बाद साल 1973 में मुलायम सिंह के घर उनके इकलौते बेटे अखिलेश यादव ने जन्म लिया. तब तक मुलायम राजनीति की दुनिया में अपने कदम मजबूती से जमा चुके थे. 1960 में उन्होंने राजनीति की शुरुआत की थी और 1967 के चुनाव में वह पहली बार विधायक बन चुके थे. राजनीति में कूदने के लिए उन्हें प्रेरित करने वाली शख्सियत का नाम राम मनोहर लोहिया था.

देश में खड़ा किया सबसे बड़ा राजनीतिक कुनबा
मुलायम सिंह यादव से पहले उनका परिवार भले ही राजनीति से न जु़ड़ा रहा हो लेकिन आज उनके परिवार के कण-कण में राजनीति बसती है. देश में उनके परिवार से बड़ा राजनीतिक परिवार शायद ही हो.
भाई, भतीजा, बेटा और बहू हर कोई ब्लॉक और पंचायत स्तर से लेकर संसद तक प्रतिनिधित्व कर रहा है या कर चुका है. आज मुलायम जहां खड़े हैं बेशक वो पायदान राजनीति में काफी ऊंचा है लेकिन उनकी उड़ान ज़मीन से शुरू हुई थी. जो काफी विस्तारित दिखाई देती है.
Loading...

साल दर साल राजनीतिक सफ़र
1960: मुलायम सिंह राजनीति में उतरे
1967: पहली बार विधानसभा चुनाव जीते, MLA बने
1974: प्रतिनिहित विधायक समिति के सदस्य बने
1975: इमरजेंसी में जेल जाने वाले विपक्षी नेताओं में शामिल
1977: उत्तर प्रदेश में पहली बार मंत्री बने, कॉ-ऑपरेटिव और पशुपालन विभाग संभाला
1980: उत्तर प्रदेश में लोकदल का अध्यक्ष पद संभाला
1985-87: उत्तर प्रदेश में जनता दल का अध्यक्ष पद संभाला
1989: पहली बार UP का मुख्यमंत्री बनकर कमान संभाली
1992: समाजवादी पार्टी की स्थापना कर, विपक्ष के नेता बने
1993-95: दूसरी बार यूपी के मुख्यमंत्री पद पर काबिज़ रहे
1996: मैनपुरी से 11वीं लोकसभा के लिए सांसद चुने गए. केंद्र सरकार में रक्षा मंत्री का पद संभाला
1998-99: 12वीं और 13वीं लोकसभा के लिए फिर सांसद चुने गए
1999-2000: पेट्रोलियम और नेचुरल गैस कमेटी के चेयरमैन का पद संभाला
2003-07: तीसरी बार यूपी का मुख्यमंत्री पद संभाला
2004: चौथी बार 14वीं लोकसभा में सांसद चुनकर गए
2007: यूपी में बसपा से करारी हार का सामना करना पड़ा
2009: 15वीं लोकसभा के लिए पांचवीं चुने
2009: स्टैंडिंग कमेटी ऑन एनर्जी के चेयरमैन बने
2014: उत्तर प्रदेश के आज़मगढ़ से सांसद बने
2014: स्टैंडिंग कमेटी ऑन लेबर के सदस्य बने
2015: जनरल पर्पस कमेटी के सदस्य बने
2017: समाजवादी पार्टी के संरक्षक बने

ये भी पढ़ें:

...जब कार पार्किंग को लेकर बिफरे देवरिया डीएम ने व्यापारी को मारा थप्पड़
जया प्रदा पर अमर्यादित टिप्पणी मामले में आजम खान के खिलाफ जारी हुआ वारंट

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए लखनऊ से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 22, 2019, 1:12 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...