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UP में सपा-बसपा गठबंधन से बाहर हुई कांग्रेस, मायावती के बर्थडे पर ऐलान संभव!

अखिलेश यादव और मायावती (फाइल फोटो)

अखिलेश यादव और मायावती (फाइल फोटो)

सीटों के बंटवारे के जिस फ़ॉर्मूले पर सहमति बनी है उसके मुताबिक इस गठबंधन में अजीत सिंह की रालोद को भी शामिल किया गया है.

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पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के बेहतर प्रदर्शन के बाद ऐसा माना जा रहा था कि यूपी में बनने वाले गठबंधन में उसकी दावेदारी मजबूत होगी. लेकिन ऐसा होता नहीं दिख रहा. समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने लोकसभा चुनाव के लिए बनने वाले गठबंधन से कांग्रेस को बाहर रखने का फैसला लगभग ले लिया है. दोनों ही दलों ने सीटों के बंटवारे का फ़ॉर्मूला भी तय कर लिया है और इसका औपचारिक ऐलान बसपा सुप्रीमो मायावती के बर्थडे यानी 15 जनवरी को किया जाएगा.

सीटों के बंटवारे के जिस फ़ॉर्मूले पर सहमति बनी है उसके मुताबिक इस गठबंधन में अजीत सिंह की रालोद को भी शामिल किया गया है. बसपा 38, सपा 37 और रालोद तीन सीटों पर बीजेपी के खिलाफ मोर्चा लेगी. हालांकि चुनाव परिणाम आने के बाद गठबंधन की गुंजाइश बनी रहे, लिहाजा गठबंधन कांग्रेस के गढ़ अमेठी और रायबरेली में गठबंधन प्रत्याशी नहीं उतारेगा. साथ ही सपा अपने कोटे की कुछ सीटें भी अन्य छोटे दल जैसे निषाद पार्टी, पीस पार्टी को दे सकती है. कहा जा रहा है कि सीट बंटवारे के इस फ़ॉर्मूले पर दोनों ही दलों के शीर्ष नेताओं में सहमति बन चुकी है.

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राहुल के पीएम पद की उम्मीदवारी पर अखिलेश की 'न'
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को गठबंधन का पीएम चेहरा मानने से अखिलेश यादव ने इनकार कर दिया है. अखिलेश ने कहा कि महागठबंधन को लेकर सिर्फ बात चल रही है. शरद पवार, ममता बनर्जी और चंद्रबाबू नायडू जैसे तमाम लोग इसकी कोशिश कर चुके हैं. जरूरी नहीं की सब दल के लोग एक नाम पर सहमत हो जाएं. महागठबंधन ने अभी कोई मूर्त रूप नहीं लिया है. इसलिए राहुल को पीएम कैंडिडेट बताने का प्रस्ताव कोई मायने नहीं रखता. अखिलेश के इस बयान को भी यूपी में गठबंधन से जोड़कर देखा जा रहा है.

मायावती का जन्मदिन होगा खास
बसपा सुप्रीमो मायावती का जन्मदिन लोकसभा चुनाव के लिहाज से काफी ख़ास होगा. 15 जनवरी को मायावती का जन्मदिन है और उसी दिन गठबंधन का ऐलान संभव है. बसपा मायावती के जन्मदिन को कल्याणकारी दिवस के रूप में मनाती है. लेकिन इस बार एक बड़े जलसे का आयोजन करने की संभावना है, जिसमे गैर कांग्रेसी और गैर बीजेपी दलों के नेताओं को आमंत्रित किया जा सकता है. सूत्रों का कहना है कि इसी दिन गठबंधन का ऐलान होगा, जिसमें कांग्रेस शामिल नहीं होगी.

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