Home /News /uttar-pradesh /

तो इस वजह से सपा-रालोद में नहीं बनी गठबंधन की बात!

तो इस वजह से सपा-रालोद में नहीं बनी गठबंधन की बात!

File Photo

File Photo

उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ समाजवादी पार्टी के साथ राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के गठबंधन में पेंच है रालोद उपमुख्यमंत्री का पद चाहता है, जो सपा को मंजूर नहीं है.

    उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ समाजवादी पार्टी के साथ राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के गठबंधन में पेंच है रालोद उपमुख्यमंत्री का पद चाहता है, जो सपा को मंजूर नहीं है.

    बहुजन विजय पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष केशव चंद्र ने कहा, "डिप्टी सीएम पद की मांग ने ही रालोद को महागठबंधन से दूर किया है."

    केशव ने कहा कि दरअसल, डिप्टी सीएम पद पर जयंत चौधरी की दावेदारी समाजवादी पार्टी को महंगी पड़ सकती है. वहीं सपा कांग्रेस के साथ गठबंधन को वर्तमान में अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता मान रही है. उधर कांग्रेस को भी सपा की बैसाखी का सहारा है. ऐसी स्थिति में सपा डिप्टी सीएम के पद को विवादित करके इस गठबंधन को खटाई में नहीं डालना नहीं चाहती.

    रालोद की तुलना में कांग्रेस से गठबंधन सपा के लिए फायदे का सौदा है. संख्या बल के हिसाब से रालोद के जहां 8 विधायक थे, वहीं कांग्रेस के 28 थे. इसके अलावा अजित सिंह और मुलायम के बीच शीतयुद्ध भी सदैव चलता रहा है.

    कहा जाता है कि मुलायम सिंह चौधरी चरण सिंह की राजनीतिक जमीन को हथिया करके ही 'धरती पुत्र' बने.

    इन सारी स्थितियों पर यदि नजर डाली जाये तो मुलायम और अखिलेश में जो भी दिखावे के मतभेद हों लेकिन इस मुद्दे पर वो दोनों एक साथ होंगे कि अजीत सिंह का कदम बढ़ने न दिया जाये. यही कारण है कि सपा के लिए डिप्टी सीएम का पद काफी महत्वपूर्ण है. क्योंकि कांग्रेस इसीलिए सपा के पास आ रही है.

    केशव चंद्र ने यह भी बताया कि बहुजन विजय पार्टी सहित समान विचारधारा की दसों पार्टियां अजित सिंह के रालोद से गठबंधन करने की योजना बना रही हैं.

    Tags: Rld, Samajwadi party, लखनऊ

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर