मॉब लिंचिंग के खिलाफ नमाज़ से पहले दी जा रही मुसलमानों को हथियार खरीदने की ट्रेनिंग

मॉब लिंचिंग के खिलाफ मुसलमानों को अब हथियारों को खरीदने की ट्रेनिंग दी जा रही है. बताया जा रहा है कि वो हथियारों के लाइसेंस के लिए फॉर्म को कैसे भरें? ताकि उनका फॉर्म रिजेक्ट न हो.

News18 Uttar Pradesh
Updated: July 26, 2019, 5:59 PM IST
मॉब लिंचिंग के खिलाफ नमाज़ से पहले दी जा रही मुसलमानों को हथियार खरीदने की ट्रेनिंग
मस्जिद में दी जा रही है हथियारों की ट्रेनिंग (प्रतीकात्मक फोटो)
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Updated: July 26, 2019, 5:59 PM IST
यूपी में मुसलमानों को अब मॉब लिंचिंग के खिलाफ हथियारों को खरीदने की ट्रेनिंग दी जा रही है. सिर्फ ट्रेनिंग ही नहीं मुसलमानों को ये भी बताया जा रहा है कि वो हथियारों के लाइसेंस के लिए फॉर्म को कैसे भरें कि उनका फॉर्म रिजेक्ट न हो. ये ट्रेनिंग देने वाले कोई और नहीं बल्कि सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ पत्रकार महमूद पराचा हैं, जो लखनऊ में जुम्मे की नमाज़ से पहले अपने मुसलमान भाइयों को हथियारों के बारे में जानकारी दे रहे हैं.

मुसलमान को हथियार खरीदने के लिए उकसाया
इस वीडियो में पूरा वाकया साफ दिखाई दे रहा है. बता दें कुछ दिनों पहले ही खबर आई थी कि शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जव्वाद और सुप्रीम कोर्ट के वकील महमूद पराचा जैसे बुद्धजीवी, लोगों को हथियार खरीदने की नसीहत दे रहे हैं. इसके लिए बाकायदा लखनऊ में 26 जुलाई को एक कैंप लगाने का ऐलान भी किया गया था, जिसमें कहा गया था कि अल्पसंख्यक समुदाय को हथियार खरीदने के तरीके के बारे में जानकारी दी जाएगी.

मॉब लिंचिंग से बचने के लिए लगाया जाएगा कैंप

दरअसल सुप्रीम कोर्ट के वकील महमूद पराचा ने लखनऊ पहुंचकर शिया धर्मगुरु कल्बे जव्वाद से मुलाकात की थी. उनसे मिलकर महमूद पराचा ने कहा था कि 26 तारीख को मॉब लिंचिंग से बचने के लिए कैंप लगाया जाएगा. इस कैंप में हथियार के लिए कैसे अप्लाई किया जाए? कैंप में इसकी ट्रेनिंग भी दी जाएगी.

जानकारी दी गई नियमानुसार सरकार से असलहा कैसे लें?
वहीं इस मामले में शिया धर्म गुरु मौलाना कल्बे जव्वाद ने कहा था कि 26 तारीख को जो कैंप लगेगा, उसमें सिर्फ और सिर्फ इस बात की जानकारी दी जाएगी कि सरकार से असलहा कैसे लें और इसके लिए कैसे अप्लाई करें. इस कैंप में कोई हथियार की ट्रेनिंग नहीं दी जाएगी और न ही किसी प्रकार के हथियार के बारे में बताया जाएगा.
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जान बचाने के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं
वहीं जाने माने वकील और ऑल इंदिया पर्सनल लॉ बोर्ड के मेंमबर जफरयाब जिलानी कहतें हैं कि हथियार रखने के लिए लोगों को जानकारी देना कोई गलत बात नहीं हैं. वो कहतें हैं कि अपनी जान बचाने के लिए आप किसी भी हद तक जा सकते हैं.

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First published: July 26, 2019, 5:46 PM IST
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