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    UP Bypoll Results: ...तो बीजेपी के ही साथ है ब्राह्मण, पिछड़ा और दलित!

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यूपी उपचुनाव में बीजेपी को मिली जबरदस्त जीत से गदगद हैं (फाइल फोटो)
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यूपी उपचुनाव में बीजेपी को मिली जबरदस्त जीत से गदगद हैं (फाइल फोटो)

    उपचुनाव के परिणाम से बीजेपी (BJP) ने यह भी संदेश दिया कि योगी सरकार के साढ़े तीन साल के कार्यकाल के बावजूद कोई भी सत्ता विरोधी लहर नहीं.

    • News18Hindi
    • Last Updated: November 11, 2020, 11:48 AM IST
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    लखनऊ. उत्तर प्रदेश की 7 विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव (UP Bypoll 2020) में सत्तारूढ़ बीजेपी (BJP) की बंपर जीत के बाद राजनीतिक पंडित नतीजों की समीक्षा अपनी-अपनी तरह से कर रहे हैं. उपचुनाव के नतीजों ने जहां बीजेपी को संजीवनी दी है, वहीं विपक्ष के लिए सबक है कि चुनाव जीतने के लिए जमीनी सियासत जरूरी है. इतना ही नहीं बीजेपी ने यह भी संदेश दिया कि योगी सरकार के साढ़े तीन साल के कार्यकाल के बावजूद कोई भी सत्ता विरोधी लहर नहीं है. 7 में से 6 सीटों पर अपना कब्ज़ा बरकरार रखकर योगी सरकार ने उन सवालों का भी जवाब दिया जिसे लेकर विपक्ष मुखर था और सरकार की उलटी गिनती के दावे कर रहा था.

    दरअसल, उपचुनाव से पहले समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और बसपा बिकरू, प्रयागराज और हाथरस की घटनाओं को लेकर योगी सरकार पर हमलावर थे. विकास दुबे के एनकाउंटर पर भी सियासत हुई और सरकार को ब्राह्मण विरोधी बता दिया गया. विपक्ष का दावा था कि इस सरकार में ब्राह्मणों पर अत्याचार हो रहा है. हाथरस की घटना पर दलितों के साथ सवर्णों के अत्याचार से जोड़कर विपक्ष ने कहा कि सरकार से जनता का भरोसा उठ गया है. बलिया में कोटे की दुकान को लेकर हुई हिंसा के बाद भी विपक्ष का दावा था कि पिछड़ा वर्ग अब उससे नाराज है. माना जा रहा था कि पूर्वांचल में ब्राह्मण और ठाकुरों के बीच वर्चस्व की लड़ाई, पश्चिम यूपी में जाट और दलित वोटर बीजेपी से छिटक गया है. लेकिन, जब उपचुनाव के नतीजे सामने आए तो ऐसा कुछ भी नजर नहीं आया. बीजेपी ने न सिर्फ अपनी सभी सीटों पर जीत दर्ज की बल्कि कुछ सीटों पर पहले से भी ज्यादा वोट प्राप्त किए.

    देवरिया सीट पर जीत ब्राह्मणों के साथ होने के संकेत
    ब्राह्मणों के बीजेपी के साथ ही बने रहने का एक सबूत यह भी है कि देवरिया सीट पर सभी दलों ने ब्राह्मण प्रत्याशी ही मैदान में उतारा था. बावजूद इसके बीजेपी के नए चेहरे डॉ सत्यप्रकाश मणि त्रिपाठी ने समाजवादी पार्टी के ब्रह्माशंकर त्रिपाठी को भारी मतों से हरा दिया. यह भी एक संकेत है कि ब्राह्मण अभी भी बीजेपी के साथ बना हुआ है.
    सपा ने लगाया धांधली का आरोप


    समाजवादी पार्टी का कहना है कि बीजेपी ने सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर उपचुनाव जीता है. राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुनाव में धांधली का आरोप लगाते हुए कहा कि कई बूथों पर पुलिस ने 5 बजे से पहले ही मतदान बंद करवा दिया था. इससे बीजेपी का असली चेहरा सामने आ गया है.
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