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यूपी पंचायत चुनाव: नामांकन पत्रों की फीस तय, जानें पर्चों के लिए कितना करना होगा खर्च

निर्वाचन आयोग ने नामांकन पत्रों के लिए राशि तय कर दी है. (सांकेतिक फोटो)
निर्वाचन आयोग ने नामांकन पत्रों के लिए राशि तय कर दी है. (सांकेतिक फोटो)

सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी (Election Officer) बीएल भार्गव ने कहा कि ग्राम पंचायत सदस्य के पद के लिए 150 रुपए, ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत पद के लिए 300 रुपए, जिला पंचायत सदस्य पद के लिए 500 रुपए और ब्लॉक प्रमुख पद के लिए 800 रुपए नामांकन प्रपत्र के लिए राशि तय की गई है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 6, 2021, 11:39 PM IST
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लखनऊ. उत्तर प्रदेश में होने वाले पंचायत चुनाव (Panchayat Election) की हलचल तेज है. चुनाव को लेकर निर्वाचन ने भी अपने तैयारी शुरू कर दी है. हिन्दुस्तान में छपी एक खबर के मुताबिक, निर्वाचन आयोग ने उम्मीदवारों के लिए निर्वाचन प्रपत्र उपलब्ध करा दिए है. जानकारी के मुताबिक, मंगलवार को प्रपत्र जनपद मुख्यालय पहुंचे. फिलहाल इन्हें इंटर कॉलेज में कड़ी सुरक्षा के बीच रखा गया है. अधिकारियों की मौजूदगी में निर्वाचन प्रपत्रों की गणना के बाद उन्हें रखवाया गया है.

हिन्दुस्तान को दिए अपने बयान में सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी बीएल भार्गव ने कहा कि जिला पंचायत सदस्य, ग्राम पंचायत सदस्य, क्षेत्र पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान पद के लिए नामांकन पत्र आयोग से चुनाव कार्यक्रम जारी होने के बाद प्रत्याशी हासिल कर सकते है. नामांकन पत्र के लिए उन्हें निर्धारित शुल्क भी जमा करना होगा. ग्राम पंचायत सदस्य के पद के लिए 150 रुपए, ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत पद के लिए 300 रुपए, जिला पंचायत सदस्य पद के लिए 500 रुपए और ब्लॉक प्रमुख पद के लिए 800 रुपए नामांकन प्रपत्र के लिए राशि तय की गई है.

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आपत्तियों का निस्तारण नियमानुसार होगा
बीएल भार्गव ने बताया कि ग्राम पंचायतों में होने वाले चुनाव के लिए आखिरी वोटर लिस्ट जारी की जा चुकी है. अब वोटर लिस्ट को लेकर कई आपत्तियां सामने आई है. तहसीलदार और राजस्व अधिकारियों की टीम बिलग्राम, सवायजपुर, हरदोई, सण्डीला और शाहाबाद में आपत्तियों का निस्तारण करने में जुटी हुई है. अपर जिलाधिकारी संजय कुमार सिंह ने निर्देश दिए हैं कि आपत्तियों का निस्तारण नियमों के मुताबिक कराया जाए. किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो. अगर कोई कर्मचारी लापरवाही करते मिला तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है.
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