लाइव टीवी

एक्शन में योगी सरकार के ऊर्जा मंत्री, निजी कंपनियों के खिलाफ दिए जांच के आदेश
Lucknow News in Hindi

News18 Uttar Pradesh
Updated: March 16, 2020, 7:27 PM IST
एक्शन में योगी सरकार के ऊर्जा मंत्री, निजी कंपनियों के खिलाफ दिए जांच के आदेश
एक्शन में योगी सरकार के ऊर्जा मंत्री (file photo)

उ.प्र. राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश वर्मा ने बताया कि ‘मैने बीते दिनों उर्जा मंत्री से इन दोनों निजी कंपनियों के खिलाफ उच्चस्तरीय जांच के साथ CAG आडिट की मांग की थी.

  • Share this:
लखनऊ. राज्य में बिजली वितरण के क्षेत्र में काम कर रही नोएडा पावर कंपनी और टोरंटो पावर आगरा के खिलाफ लगातार मिल रही शिकायते थमने का नाम नहीं ले रही है. जिसको देखते हुए उर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने उत्तर प्रदेश राज्य विधुत उपभोक्ता परिषद की शिकायत का संज्ञान लेते हुए निजी कंपनी टोरंटो पावर और नोएडा पावर के खिलाफ तत्काल उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिये है. उर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने इस दौरान न सिर्फ टोरंटो और नोएडा पावर कंपनी के वित्तीय मानकों के साथ उपभोक्ता सेवा की जांच कराने का आदेश दिया है. बल्कि 7 दिनों के अंदर जांच समिति से रिपोर्ट भी सौंपने का आदेश जारी कर दिया है.

उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन के अध्यक्ष एम. देवराज ने भी निजी कंपनी टोरंटो और नोएडा पावर के खिलाफ 3 सदस्सीय उच्चस्चरीय जांच समित का गठन कर दिया गया है. इस 3 सदस्यीय उच्च स्तरीय जांच समिति का अध्यक्ष निदेशक वाणिज्य पावर कार्पोरेशन ए.के श्रीवास्तव को बनाया गया है. और अधिशाषी निदेशक वित्त पावर कारपोरेशन एके गुप्ता और मुख्य अभियंता वाणिज्य पावर कार्पोरेशन श्रवण पार्ती को इस जांच समित का सदस्य बनाया गया है. उर्जा मंत्री के निर्देशों के तहत इस उच्च स्तरीय जांच समित ने निजी कंपनी टोरंटो और नोएडा पावर के खिलाफ तत्काल जांच भी शुरू कर दी है.

उ.प्र. राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश वर्मा ने बताया कि ‘मैने बीते दिनों उर्जा मंत्री से इन दोनों निजी कंपनियों के खिलाफ उच्चस्तरीय जांच के साथ CAG आडिट की मांग की थी. क्योकि अप्रैल 2010 में टोरंटो पावर को आगरा में बिजली सप्लाई का जिस अनुबन्ध के तहत काम दिया गया था, उसके मुताबिक 31 मार्च 2017 तक आगरा की लाइन लॉस को 15 प्रतिशत तक लाने और बिजली विभाग के उपभोक्ताओं पर करोड़ों के बकाये को वसूल कर बिजली विभाग को वापस करना था.



लेकिन वर्तमान में ये बकाया 2500 करोड़ के ऊपर पहुंच जाने के बाद भी नाममात्र ही विभाग को लौटाया गया है. वर्मा के मुताबिक इसी तरह 1993 में नोएडा पावर कंपनी का अनुबन्ध हुआ. लेकिन आज नोएडा के सैकड़ों गांव 18 घंटे बिजली को तरस रहे है. जबकि टोरंटो सरकार से सस्ती बिजली लेकर मंहगी बेच रहा है, और नोएडा पावर भी अधिक मुनाफे के लिये उपभोक्ताओं का सरेआम शोषण कर रही है.



ये भी पढ़ें:

CAA पोस्टर मामला: UP सरकार ने दाखिल किया हलफनामा, हाईकोर्ट से मांगी मोहलत

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए लखनऊ से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: March 16, 2020, 7:27 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
corona virus btn
corona virus btn
Loading