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साल 2019 के राजतिलक में महाराजगंज का महाराज कौन बनेगा?

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उत्तर-प्रदेश के महाराजगंज का सियासी वर्तमान है तो समृद्ध प्रजातांत्रिक इतिहास भी. मान्यता कहती है कि अतीत में ये कौशल राज्य का अंग था और ये राजा इक्ष्वांकु के शासन के अधीन था.

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उत्तर-प्रदेश के महाराजगंज का सियासी वर्तमान है तो समृद्ध प्रजातांत्रिक इतिहास भी. मान्यता कहती है कि अतीत में ये कौशल राज्य का अंग था और ये राजा इक्ष्वांकु के शासन के अधीन था. बताया जाता है कि महाराजगंज इक्ष्वांकु के शासन की राजधानी अयोध्या थी. अवध में नवाबों के दौर से पहले राजपूत महाराजाओं का वर्चस्व रहा. लेकिन कई दशकों के लोकतांत्रिक दौर के बाद महाराजगंज में अब प्रजातांत्रिक मूल्यों का महत्व है. यहां सत्ता की चाबी किसी एक वर्ग या दल या नेता के हाथ कभी नहीं रही. बदलाव यहां भी पांच साल के बाद दस्तक देने का काम करता आया है.

आजादी के बाद इस इलाके का प्रतिनिधित्व राजनेता और प्रख्यात स्वतंत्रता सेनानी शिब्बन लाल सक्सेना ने किया. ‘महाराजगंज के मसीहा’ के नाम से प्रख्यात शिब्बन लाल सक्सेना यहां से तीन बार चुनाव साल 1952, 1957 और 1971 में जीत चुके हैं. 1990 के बाद यहां की राजनीति की नव्ज़ मानों बीजेपी ने सही से पकड़ी. 90 के दशक से लेकर अबतक यहां हुए 7 लोकसभा चुनाव में बीजेपी को 5 बार जीत मिली.

कौन हैं प्रत्याशी?



बीजेपी प्रत्याशी पंकज चौधरी

बीजेपी की तरफ से पंकज चौधरी उम्मीदवार हैं तो एसपी-बीएसपी के महागठबंधन की तरफ से अखिलेश सिंह उम्मीदवार हैं. साल 2014 में भी इन्हीं दोनों के बीच मुख्य मुकाबला था. वहीं शिवपाल यादव की पार्टी प्रगतिशील समाजवादी पार्टी ने महाराजगंज सीट से कवियित्री मधुमिता शुक्ला हत्याकांड में जेल की सजा काट रहे अमरमणि त्रिपाठी की बेटी तनुश्री त्रिपाठी को उम्मीदवार बनाया है. तनुश्री लंदन से पढ़ाई करके लौटी हैं. इससे पहले उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से शिक्षा हासिल की थी. साल 2017 में विधानसभा चुनाव के दौरान तनुश्री अपने भाई अमनमणि के लिए चुनाव प्रचार कर चुकी हैं. जबकि कांग्रेस ने टीवी न्यूज एंकर सुप्रिया श्रीनेत को मैदान में उतारा है. सुप्रिया श्रीनेत कांग्रेस के पूर्व सांसद हर्षवर्धन की बेटी हैं.

कौन हैं पंकज चौधरी?

बीजेपी के मौजूदा सांसद पंकज चौधरी गोरखपुर यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएट हैं और पेश से खतिहर किसान हैं. पंकज चौधरी यहां 5 बार चुनाव जीतने में कामयाब रहे. पंकज चौधरी ने साल 1991 में बीजेपी के लिए महाराजगंज से चुनाव जीता था. उन्होंने लगातार तीन बार लोकसभा चुनाव जीतकर जीत की हैट्रिक लगाई. इसके बाद उन्होंने साल 2004 और 2014 में चुनाव जीता.

शिवपाल यादव की पार्टी से उम्मीदवार तनुश्री त्रिपाठी


महाराजगंज संसदी सीट के तहत विधानसभा  की 5 सीटें आती हैं जिनके नाम फरेंदा, नौतनवां, सिसवा, महाराजगंज और पनियारा हैं. पूर्वी उत्तर प्रदेश के पिछड़े जिलों में शुमार किए जाने वाले महाराजगंज जिले में सामान्य वर्ग की 81 फीसदी आबादी और अनुसूचित जाति की 18 फीसदी आबादी है. यहां कुल आबादी 26.8 लाख है.

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