PUBG खेलने के लिए नहीं दिलवाया नया मोबाइल तो छात्र ने खा लिया जहर

डॉक्टर ने बताया कि इस तरह के गेम से बच्चों की मानोदशा पर विपरीत असर पड़ रहा है. (प्रतीकात्मक फोटो)
डॉक्टर ने बताया कि इस तरह के गेम से बच्चों की मानोदशा पर विपरीत असर पड़ रहा है. (प्रतीकात्मक फोटो)

बुंदेलखंड की घटना, 11वीं का है छात्र (Student), पहले से है छात्र के पास दो स्मार्टफोन (Smartphone), तीसरे की कर रहा था मांग, नहीं देने पर खा लिया जहरीला पदार्थ, अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहा है किशोर

  • Share this:
महोबा. मोबाइल गेमिंग का नशा किस तहर किशोरों के सिर पर चढ़ा है इसका ताजा उदाहरण बुंदेलखंड में हुई एक घटना में ‌दिखता है. यहां पर पबजी को खेलने का शौक एक युवक की जान पर भारी पड़ गया. इस शौक के चलते युवक ने जहर खाकर अपनी जान देने की कोशिश की. बात सिर्फ इतनी थी कि उसे पबजी खेलने के लिए नया मोबाइल चाहिए था जिसके लिए सकी मां ने उसे पैसे नहीं दिए थे.

11वीं का है छात्र
जानकारी के अनुसार महोबा जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड पर जिंदगी और मौत के बीच खड़ा 11वीं कक्षा में पढ़ने वाले युवा छात्र पबजी खेलने का शौकी है. छात्र की मां ने बताया कि बेटे ने गेम खेलने के लिए नए मोबाइल की मांग की थी लेकिन मां ने उसे मना कर दिया जिसके बाद उसने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या का प्रयास किया.

दो मोबाइल पहले से, तीसरे की मांग
छात्र की मां ने बताया कि उसके पास दो मोबाइल पहले से हैं और वह तीसरे मोबाइल की मांग कर रहा था. जिसके बाद उसे मोबाइल खरीदने के लिए मना कर दिया गया. इस बात को लेकर काफी विवाद हुआ और फिर उसने अपने कमरे में जाकर जहरीला पदार्थ खा लिया.  वार्ड में भर्ती कराया गया है.



बच्चों की मनोदशा पर विपरित असर डाल रहे हैं गेम
डॉक्टरों के अनुसार इस तरह के गेम के चलते छात्र मानसिक तनाव में चला गया है. ऐसे गेम बच्चों की मनोदशा पर विपरीत असर डाल रहे हैं.

ये भी पढ़ें: DHFL-PF घोटाला: सपा और कांग्रेस हुई हमलावर तो उर्जा मंत्री बोले- अखिलेश राज में रखी गई भ्रष्टाचार की नींव
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज