जेटली के जाने से भावुक हुईं हेमा, बोलीं- दोबारा चुनाव लड़ने के लिए उन्होंने किया था प्रेरित
Mathura News in Hindi

जेटली के जाने से भावुक हुईं हेमा, बोलीं-  दोबारा चुनाव लड़ने के लिए उन्होंने किया था प्रेरित
अरुण जेटली के जाने से सदमें में हैं हेमा मालिनी

हेमा ने कहा कि हमने एक बड़े पॉलिटिशियन, वन्डरफुल ओरियेटर, इतने बड़े वकील को खोया है. उन्होंने मोदी सरकार में जो फैसला लिया वह बड़े-बड़े लोग आज तक नहीं कर पाए.

  • Share this:
पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली (Arun Jaitley) के निधन पर मथुरा की सांसद और फ़िल्म अभिनेत्री  हेमा मालिनी(Hema malini) ने भी दुख जाहिर किया. हेमा ने कहा कि अरुण जेटली का निधन राजनीतिक सामाजिक क्षति तो है ही मेरे लिए व्यक्तिगत क्षति है. बॉलीवुड की ड्रीमगर्ल ने कहा कि उन्हें लगता था कि जेटली जी के स्वास्थ्य होने की खबर हमको मिलेगी. वह जल्द स्वस्थ्य लाभ लेकर हमारे बीच मे आएंगे. पार्लियामेंट में हम सब को मार्गदर्शन देंगे. लेकिन इस खबर ने हमें व्यथित कर दिया है. वो जेटली जी ही थे जिन्होंने मुझे दूसरी बार  चुनाव लड़ने के लिए कहा और हमेशा मेरे मार्गदर्शक के रूप में रहे.

मथुरा के किसान उनको हमेशा याद करेंगे
आगे हेमा ने कहा कि हमने एक बड़े पॉलिटिशियन, वन्डरफुल ओरियेटर, इतने बड़े वकील को खोया है.  उन्होंने मोदी सरकार में जो फैसला लिया वह बड़े-बड़े लोग आज तक नहीं कर पाए.  हेमा ने जेटली का जाना अपने लिए व्यक्तिगत क्षति बताया उन्होंने कहा कि उनका हमारे बीच से जाना मेरे लिए बड़ा दुःखद है. वह मुझे राजनीति में लाए, हमेशा प्रोत्साहित किया और जब मथुरा की सांसद थी तब किसानों की समस्याओं को लेकर उनसे मिली थी तब उन्होंने एक बार मे ही किसानों का ऋण माफ किया जिसके चलते मथुरा के किसान उनको हमेशा याद करते हैं.

रविवार को निगमबोध घाट पर होगा अंतिम संस्कार
बता दें कि अरुण जेटली का शनिवार को 12.07 मिनट पर देहांत हो गया. अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स - AIIMS) में उन्होंने आखिरी सांस ली. जेटली को 9 अगस्त को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में ICU में भर्ती कराया गया था और उन्हें हीमोडायनामिक्स स्थिर घोषित किया गया था. पेशे से वकील, अरुण जेटली प्रधानमंत्री के रूप में पहले कार्यकाल के दौरान नरेंद्र मोदी की कैबिनेट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा थे. उन्होंने वित्त और रक्षा विभागों को संभाला और अक्सर सरकार के मुख्य संकटमोचन के रूप में कार्य किया.



जेटली ने अपनी अस्वस्थता के कारण 2019 का लोकसभा चुनाव नहीं लड़ा.उन्होंने पिछले साल रीनल ट्रांसप्लांट कराया था. सितंबर 2014 में, उन्होंने लंबे समय तक मधुमेह की स्थिति के कारण अपने वजन को ठीक करने के लिए बेरिएट्रिक सर्जरी कराई थी.

ये भी पढ़ें:

बीजेपी के वरिष्‍ठ नेता अरुण जेटली का UP से था गहरा रिश्ता...

अरुण जेटली के निधन पर CM योगी समेत इन नेताओं ने जताया शोक
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading