मेरठ में ई-रिक्शा लूटने वाले गिरोह को पुलिस ने धर दबोचा

आरोपियों ने बताया कि वे मेडिकल स्टोर से नशे की दवाइयां खरीदते थे और जिस रिक्शा में सवारी करते थे उसके चालक को बेहोशी की दवाई या तो कोल्ड ड्रिंक में या फिर दोस्ती करके किसी जूस में पिला देते थे


Updated: June 13, 2018, 8:57 PM IST

Updated: June 13, 2018, 8:57 PM IST
मेरठ में बुधवार को ई-रिक्शा लूटने वाले एक शातिर गिरोह को पुलिस ने धर दबोचा. गिरोह के तीन सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. इनके पास से लूटे गए 10 ई-रिक्शा बरामद हुए हैं. इस शातिर गिरोह के लूट करने का तरीका बिल्कुल निराला था. ये गिरोह अखबार में क्राइम की घटनाओं को पढ़कर लूट की नई-नई योजनाएं बनाता था और फिर उन्हें अंजाम देता था.

इस गिरोह ने कई ई-रिक्शा लूट लिए. लूटी हुई ई-रिक्शा को लूटेरे अन्य जनपदों में ले जाकर औने-पौने दाम में बेच दिया करते थे. ई-रिक्शा के ये लुटेरे नशीली दवा सुंघाकर पहले चालक को बेहोश करते थे और फिर उनका रिक्शा लूटकर फरार हो जाते थे. पकड़े गए इन बदमाशों ने बताया कि उन्होंने अखबार में क्राइम की खबर पढ़ कर लूट करना सीखा और फिर लूट की ताबड़तोड़ वारदातें कीं.

एसएसपी राजेश कुमार पाण्डेय ने बताया कि नौचंदी थाना पुलिस भूरे शाह मस्जिद के पास चेकिंग कर रही थी. इस दौरान पुलिस ने सद्दाम मेवाती निवासी श्यामनगर लिसाड़ी गेट, वसीम सिद्दीकी निवासी श्यामनगर लिसाड़ी गेट और मोहम्मद फैसल निवासी श्यामनगर लिसाड़ी गेट को गिरफ्तार कर लिया. तीनों आरोपियों से उस समय तो केवल दो ई-रिक्शा बरामद हुए लेकिन बाद में उनकी निशानदेही पर अलग-अलग जगह से ऑटो रिक्शा बरामद किए गए.

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे मेडिकल स्टोर से नशे की दवाइयां खरीदते थे और जिस रिक्शा में सवारी करते थे उसके चालक को बेहोशी की दवाई या तो कोल्ड ड्रिंक में या फिर दोस्ती करके किसी जूस में पिला देते थे. इसके बाद उसके ई-रिक्शा को लूट लेते थे. लूटने के बाद आरोपी ई-रिक्शा पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर शहर में चलाते थे. ये जिस मेडिकल स्टोर से नशीली दवाइयां खरीदते थे पुलिस उस पर भी कार्रवाई करेगी.
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर