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500 साल से मिल रहा था खारा पानी, ताजनगरी के लोग अब पिएंगे गंगाजल

Himanshu Tripathi | News18 Uttar Pradesh
Updated: January 16, 2020, 7:10 PM IST
500 साल से मिल रहा था खारा पानी, ताजनगरी के लोग अब पिएंगे गंगाजल
आगरा में खत्‍म हुआ मीठे पानी का इंतजार.

बुलंदशहर (Bulandshahr) से 130 किलोमीटर पाइपलाइन (pipeline) के जरिये गंगाजल (Ganga Water) को ताजनगरी आगरा (Agra) तक पहुंचाया गया है.

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आगरा (Agra). ताज के शहर (City of Taj) आगरा (Agra) में केंद्र एवं प्रदेश सरकार के सामान्जस्य से गंगा (Ganga) अवतरित हो गयी हैं. सैकड़ों साल से खारे पानी के संकट से जूझते शहरवासियों को 24 घंटे के भीतर पीने के लिए गंगाजल (Ganga Water) उपलब्ध होगा. गंगाजल परियोजना वर्ष 2005 से शुरू हुई थी, लेकिन कछुआ गति से चलती रही. केंद्र में पीएम नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) की पहल पर इस योजना में अचानक तेजी आई है. 15 साल के बाद अब गंगाजल प्रोजेक्ट मूर्त रूप ले चुका है. अब यमुना (Yamuna) के शहर में भागीरथ प्रयास से निर्मल गंगाजल की उपलब्धता रहेगी.

बिछी 130 किमी लंबी पाइपलाइन
बुलंदशहर से 130 किलोमीटर पाइपलाइन के जरिये गंगाजल ताजनगरी में पहुंचा है. खारे पानी की वजह से आगरा में लाखों लोग खरीदकर पानी पीते हैं. लेकिन जिनकी क्षमता नहीं है वह खारा पानी पीकर ही बीमार होते हैं. 2887 करोड़ की महायोजना के जरिये अब ताज के शहर में गंगाजल की उपलब्धता का सपना साकार हो रहा है. उल्‍लेखनीय है कि बीते 500 साल से आगरा के लोग यमुना के खारे पानी पर ही निर्भर रहे हैं. यमुना में सीधे नाले गिरते है और यमुना जल ट्रीटमेंट के बाद भी पीने लायक नहीं है.

2005 में बनी थी योजना

भूमिगत पानी भी खारा होने के कारण वर्ष 2005 में गंगाजल परियोजना 350 करोड़ की बनाई गयी. तीन जून 2005 पांच को गंगाजल को लेकर शासनादेश भी जारी हुआ. इसके बाद की सरकारों ने गंगाजल प्रोजेक्ट को लेकर खास रुचि नहीं दिखाई, जिसकी वजह से बुलंदशहर से आगरा तक 130 किलोमीटर का सफर तय करने में गंगाजल को 15 साल लग गये. पीएम मोदी ने अपने पहले कार्यकाल में ही गंगाजल परियोजना को लेकर खास रुचि दिखाई. शहर के आंशिक हिस्से में गंगाजल आपूर्ति का पीएम मोदी ने ही लोकार्पण भी किया था.

पीएम ने पूरा किया वादा
परियोजना के लोकार्पण के बाद पीएम मोदी और सीएम योगी ने जल्द से जल्द पूरे शहर में गंगाजल की उपलब्धता कराने को कहा था. कछुआ गति से चलती परियोजना अचानक दौड़ पड़ी और अब पूरे शहर को चौबीस घंटे में गंगाजल की उपलब्धता रहेगी. मथुरा जिले में बटर फ्लाई वाल्व खोले जाने के बाद आगरा में बड़ी मात्रा में गंगाजल आना शुरू हो गया है. उल्‍लेखनीय है कि आगरा में हर दिन 400 एमएलडी पानी की जरूरत पड़ती है.आगरा को मिलेगा 370 एमएलडी पानी
गंगाजल परियोजना लगभग पूरी हो जाने के बाद शहर में 370 एमएलडी गंगाजल की आपूर्ति प्रत्येक दिन मिलेगी. सिकंदरा से गंगाजल की आपूर्ति नौ जनवरी को पीएम मोदी के लोकार्पण के बाद शुरू हो गयी थी, लेकिन शहर का आधा हिस्सा गंगाजल से वंचित था. सिकंदरा के बाद, अब जीवनी मंडी तक गंगाजल पहुंचाया गया है. अब पाइप लाइन के जरिये जीवनी मंडी से शेष शहर को गंगाजल की आपूर्ति शुरू हो रही है. इसके साथ ही आगरा की वर्षों पुरानी पीने के पानी की समस्या का भागीरथ प्रयास से निदान हो गया है.

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First published: January 16, 2020, 7:10 PM IST
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