पति ने दिया तीन तलाक तो मुस्लिम महिला ने धर्म बदलकर हिंदू रीति रिवाज से रचाई शादी

मामला पीलीभीत शहर के देशनगर मोहल्ले का है. इसी मोहल्ले में पीड़िता रहती है. उसने धर्म बदलकर मंदिर में शादी कर ली.

News18 Uttar Pradesh
Updated: May 17, 2019, 1:16 PM IST
पति ने दिया तीन तलाक तो मुस्लिम महिला ने धर्म बदलकर हिंदू रीति रिवाज से रचाई शादी
प्रतिकात्मक फोटो
News18 Uttar Pradesh
Updated: May 17, 2019, 1:16 PM IST
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत से एक मामला सामने आया है, जहां तीन तलाक से पीड़ित एक युवती ने अपनी आगे की जिन्दगी जीने के लिए धर्म बदलकर दूसरी शादी कर ली. उसने मंदिर में हिन्दू रीति-रिवाज के अनुसार धूमधाम के साथ शादी की है. खास बात यह है कि शादी करने के बाद महिला के पति को जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं. पति ने पुलिस में सुरक्षा के लिए गुहार लगाई है.

जानकारी के मुताबिक, मामला पीलीभीत शहर के देशनगर मोहल्ला का है. इसी मोहल्ले में मोहम्मद इस्लाम की बेटी रेशमा रहती है. उसकी शादी तीन साल पहले कांशीराम कॉलोनी ईदगाह निवासी मोहम्मद रईस से हुई थी. शादी के कुछ दिन बाद ही पति-पत्नी के बीच मन मुटाव हो गया. इलके बाद पति ने रेशमा को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया. साथ ही आए दिन उसके साथ मारपीट भी करता था. जब पति का इतना से भी मन नहीं भड़ा तो उसने 5 अप्रैल 2019 को पत्नी को तीन तलाक दे दिया.



इसी दौरान रेशमा की मुलाकात कांशीराम कॉलोनी ईदगाह निवासी दीपू उर्फ दीपक राठौर से हुई. फिर दोनों ने एक दूसरे से मिलना-जुलना शुरू कर दिया. देखते ही देखते दोनों में प्यार हो गया और बात शादी तक आ गई. इसके बाद रेशमा ने हिन्दू धर्म अपनाकर बुधवार शाम को बरेली की बड़ी बमनपुरी स्थित एक मंदिर में शादी कर ली और अपना नाम बदलकर रानी रख लिया. शादी करते ही दीपू को धमकियां मिलने लगी.

दीपू ने बताया कि दोनों अलग समुदाय के हैं इसलिए उन्हें धमकियां मिल रही हैं. उनकी जान का खतरा है. विवाह कराने वाले अखिल भारतीय हिंदू महासभा के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष पंडित केशव शंखधार ने बताया कि रेशमा परेशान थी. दीपू ने उसे सहारा दिया. वहीं, दीपू के पिता लालाराम ने बताया कि वह रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं. वह मूल रूप से कलीनगर के रहने वाले हैं. तीन दशक पहले पीलीभीत आकर बस गए थे. उनके छह लड़के और एक बेटी रोशनी है. उन्होंने कहा कि जब शादी करने की खबर मिली तो थोड़ा दुख हुआ.

ये भी पढ़ें- 

'PM मोदी की पत्नी की चिंता न करें, मायावती को खुद की शादी कर लें'

ANALYSIS: जाति आधारित पार्टियों का भविष्य तय करेगा चुनाव का अंतिम चरण
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर

News18 चुनाव टूलबार

चुनाव टूलबार