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संभल में सपा नेता और उसके बेटे की गोली मारकर हत्या, Video वायरल

सपा नेता और उसके बेटे की गोली मारकर हत्या
सपा नेता और उसके बेटे की गोली मारकर हत्या

संभल में डबल मर्डर (Double Murder in Sambhal) के पीछे मनरेगा के तहत बनाई जा रही सड़क का विरोध बताया जा रहा है. गांव के ही कुछ दबंग इस सड़क निर्माण का विरोध कर रहे थे. पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की.

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संभल. यूपी के संभल (Sambhal) में मंगलवार को सुबह समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) के नेता और उनके बेटे की सरेआम गोली मारकर हत्या (Murder) कर दी गई. हत्या के पीछे मनरेगा के तहत बनाई जा रही सड़क का विरोध बताया जा रहा है. गांव के ही कुछ दबंग इस सड़क का विरोध कर रहे थे. वारदात के बाद इलाके में दहशत फैल गई. इस सनसनीखेज दोहरे हत्याकांड के बाद पुलिस अधीक्षक के साथ ही आईजी भी मौके पर पहुंचे हैं, हालांकि हत्यारोपी अभी पुलिस पकड़ से दूर हैं. खास बात यह रही कि डबल मर्डर करने की पूरी घटना कैमरे में कैद हो गई.

जानकारी के मुताबिक जहां बहजोई थाना क्षेत्र के ग्राम फतेहपुर शमसोई गांव के ही दबंगों ने समाजवादी पार्टी के पूर्व विधानसभा क्षेत्र चंदौसी के दलित प्रत्याशी रहे छोटे लाल दिवाकर और उनके बेटे सुनील की गोली मारकर हत्या कर दी. वारदात को अंजाम देकर आरोपी मौके से फरार हो गए. डबल मर्डर करने की पूरी घटना कैमरे में कैद हो गई और इसका वीडियो वायरल हो गया.





समाजवादी पार्टी के नेता छोटे लाल दिवाकर की पत्नी गांव की प्रधान हैं. ऐसे में उनका ज्यादातर काम छोटेलाल दिवाकर ही देखते थे. छोटे लाल दिवाकर मंगलवार की सुबह अपने बेटे सुनील के साथ गांव के बाहर मनरेगा के तहत बन रही सड़क का जायजा लेने गए थे. आरोप है कि इसी दौरान गांव के ही कुछ दबंग वहां पहुंच गए और आगे अपने खेत होने का हवाला देते हुए सड़क निर्माण रोकने की हिदायत दी. जब छोटे लाल दिवाकर ने ऐसा करने से इंकार कर दिया, तब दबंगों ने उन दोनों की गोली मारकर हत्या कर दी.
इस मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक यमुना प्रसाद ने बताया कि घटना की जांच-पड़ताल की जा रही है. तहरीर के आधार पर पुलिस ने मुकदमा लिख लिया है. जरूरी कानूनी कार्रवाई की जा रही है. उन्होंने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा. बताया जा रहा है कि पंचायत चुनाव नजदीक हैं और मृतक छोटेलाल दिवाकर मौजूदा ग्राम प्रधान पति होने के कारण गांव में अपनी प्रतिष्ठा के चलते दलित समाज के साथ अन्य बिरादरी में भी अपनी पकड़ रखते थे. इसी वजह से वारदात को अंजाम देने की आशंका है.

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