आनर किलिंग: लव मैरिज से नाराज था पिता, दामाद के परिजनों को पीट-पीटकर मार डाला

शातिर पिता ने अपराध छुपाने के लिए अधमरी हालत में दामाद की मां को मालगाड़ी के डिब्बे में फेंक दिया जबकि उसके पिता की लाश को घर से थोड़ी दूर फेंक दिया

News18 Uttar Pradesh
Updated: May 4, 2018, 9:38 AM IST
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Updated: May 4, 2018, 9:38 AM IST
सुल्तानपुर में आनर किलिंग का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. लव मैरिज से नाराज एक पिता ने समझौते के बहाने से घर पर बुलाए दामाद के माता और पिता की पीट-पीटकर हत्या कर दी. शातिर पिता ने अपराध छुपाने के लिए अधमरी हालत में दामाद की मां को मालगाड़ी के डिब्बे में फेंक दिया जबकि उसके पिता की लाश को घर से थोड़ी दूर फेंक दिया. दिल दहला देने वाले इस दोहरे हत्याकांड से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई. मौके पर पहुंची पुलिस अब आरोपी पिता की तलाश में जुट गई है.

गत 30 अप्रैल को सुल्तानपुर रेलवे स्टेशन पर मालगाड़ी के डिब्बे में एक महिला बुरी तरह कराहती हुई मिली थी, जिसे जीआरपी ने जिला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान पीड़ित महिला की मौत हो गई. जीआरपी ने महिला की शिनाख्त के लिए सोशल मीडिया का सहारा लिया. अगले दिन जब महिला की शिनाख्त हुई तब जाकर मामले का खुलासा हुआ.

अपहरण की रिपोर्ट के अगले दिन हुई हत्या
दरअसल, कुडवार थाना क्षेत्र के सरैंया पूरे घुप्पा के रहने वाले सुनील पांडे और उनकी पत्नी मंजू का बीते 29 अप्रैल को अपहरण हो गया था, जिसकी रिपोर्ट कुड़वार थाने में दर्ज कराई गई थी. पुलिस और परिजन इन्हें ढूंढ ही रहे थे कि 30 अप्रैल को रेलवे पुलिस के जरिए मंजू की हत्या की जानकारी मिली.

मंजू का पिता बेटी का शव को लेने के लिए पहुंचा ही था कि गुरुवार को उसके दामाद सुनील पांडे का शव गांव के किनारे बरामद होने की खबर मिली. मंजू के पिता ने आरोप लगाया कि उसके दामाद यानी सुनील के पड़ोसी काशी प्रसाद ने मंजू और सुनील को अपने घर बुलाकर उनको बेरहमी से पीटा और मंजू को मरा समझकर उसको मालगाड़ी के डिब्बे में फेंक दिया और सुनील की हत्या कर उसकी लाश रेलवे पुलिया के नीचे फेंक दिया.

कोर्ट मैरिज करने से नाराज था आरोपी पिता
मंजू के पिता की मानें तो सुनील के बेटे रिंकू और काशी प्रसाद की बेटी प्रतिमा ने घर से भागकर कोर्ट मैरिज कर ली थी, जिसको लेकर काशी प्रसाद नाराज चल रहा था और बदला लेने के इरादे से उसने समझौते के बहाने से दामाद के परिजनों को घर बुलाकर पीट-पीट कर दोनों की हत्या कर दी.

दोहरे हत्याकांड को ऑनर किलिंग मान रही है पुलिस
पुलिस भी दोहरे हत्याकांड को ऑनर किलिंग मानकर चल रही है. पुलिस के मुताबिक बीते 15 मार्च को सुनील पांडे के बेटे रिंकू और उसके पड़ोसी काशी प्रसाद पांडे की बेटी प्रतिमा ने घर से भाग कर लव मैरिज कर ली थी. पुलिस ने काशी प्रसाद की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर रिंकू और प्रतिमा को 15 अप्रैल को बरामद कर लिया और दोनों को कोर्ट में पेश किया.

कोर्ट ने दोनों को बालिग मानकर रिहा करने का दिया था आदेश
बीते 28 अप्रैल को कोर्ट ने दोनों को बालिग मानते हुए एक साथ रहने का फैसला सुनाया. रिहा होने के बाद दोनों दिल्ली चले गए. इस बात को लेकर काशी प्रसाद और उनका परिवार खासा नाराज था. बीते 29 अप्रैल को उसने दामाद के पिता सुनील और माता मंजू को समझौते के बहाने बुलाया और दोनों की हत्या कर उनकी लाश फेंक दी.

आरोपियों ने इस वारदात को इतनी सफाई से अंजाम दिया कि किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी. बंधुआकला स्टेशन से पहले शिवनगर हाल्ट पर जब मालगाड़ी रुकी तो आरोपियों ने लहूलुहान मंजू को उसके डिब्बे में डाल दिया. सुल्तानपुर स्टेशन पर रेलकर्मियों की नज़र घायल महिला पर नजर पड़ी, जिसके बाद ऑनर किलिंग का खुलासा हुआ.

 
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