प्लास्टिक को गलने में लगते हैं सैकड़ों साल, न करें प्रयोग: वरुण गांधी

तकरीबन दर्जन भर गांवों में लगाए गए जन चौपाल में उन्होंने ग्रामीणों की समस्यायें तो सुनीं लेकिन उनका पूरा फोकस प्लास्टिक का प्रयोग न करने पर रहा

News18 Uttar Pradesh
Updated: June 12, 2018, 6:49 PM IST
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हम लोग स्वच्छ भारत और स्वस्थ भारत की कल्पना कर रहे हैं तो पर्यावरण के प्रति सचेत रहना होगा. प्लास्टिक हमारे लिए नुकसानदायक है. हमें हर पल सोचना होगा कि हमारा देश कैसे साफ रहे और कैसे मजबूत रहे. ये बातें भाजपा सांसद वरुण गांधी ने कहीं. वरुण मंगलवार को दो दिवसीय दौरे पर अपने संसदीय क्षेत्र सुल्तानपुर पहुंचे थे.

तकरीबन दर्जन भर गांवों में लगाए गए जन चौपाल में उन्होंने ग्रामीणों की समस्यायें तो सुनीं लेकिन उनका पूरा फोकस प्लास्टिक का प्रयोग न करने पर रहा. सरकौड़ा गांव में उन्होंने एक किशोर से वादा भी लिया कि अपने जन्मदिन पर वह एक पेड़ लगाएगा. उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि प्लास्टिक को गलने में सैकड़ों साल लग जाते हैं और मिट्टी खराब हो जाती है लिहाजा इसका प्रयोग कम करें.

दौरे के पहले दिन उन्होंने इसौली विधान सभा के तकरीबन दर्जन भर गांवों में चौपाल लगाई. खास बात यह थी कि मंगलवार को उनका फोकस राजनीति नहीं बल्कि पर्यावरण रहा. वरुण ने प्लास्टिक से होने वाले नुकसानों से ग्रामीणों को सचेत किया. साथ ही पर्यावरण बचाने के लिए ग्रामीणों को आगे आने के लिए प्रेरित किया. इस मौके पर उन्होंने नीम का एक पेड़ भी लगाया.

भाजपा सांसद वरुण गांधी मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘स्वच्छ भारत और स्वस्थ भारत’ मिशन को बढ़ाते नजर आए. गांवों में चौपाल के दौरान उनकी बातचीत का केंद्र राजनीति नहीं बल्कि पर्यावरण की चिंता थी. उन्होंने कहा कि हम कोई भी ऐसा काम न करें जिससे कि गांव गंदे हों.
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