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राहुल गांधी दुनिया के सबसे 'कन्फ्यूज नेता', उन्हें कृषि कानूनों की नहीं है जानकारी: मनोज तिवारी

कृषि कानूनों को लेकर किसानों की चिंता के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा और केन्द्र सरकार सबकी बातें सुनने को तैयार हैं. (फाइल फोटो)
कृषि कानूनों को लेकर किसानों की चिंता के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा और केन्द्र सरकार सबकी बातें सुनने को तैयार हैं. (फाइल फोटो)

सोमवार शाम एक विवाह समारोह में शिरकत करने यहां आये तिवारी ने संवाददाताओं से कहा, 'राहुल गांधी दुनिया के सबसे कन्फ्यूज नेता हैं. उनको कृषि कानून (Agricultural Law) की जानकारी ही नहीं है.

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सुलतानपुर. भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं सांसद मनोज तिवारी (Manoj Tiwari) ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) पर हमला बोलते हुए उन्हें दुनिया का सबसे 'कन्फ्यूज नेता' करार दिया. और कहा कि गांधी को संसद द्वारा हाल में पारित कृषि कानूनों की जानकारी ही नहीं है. सोमवार शाम एक विवाह समारोह में शिरकत करने यहां आये तिवारी ने संवाददाताओं से कहा, 'राहुल गांधी दुनिया के सबसे कन्फ्यूज नेता हैं. उनको कृषि कानून (Agricultural Law) की जानकारी ही नहीं है. हाल में संसद ने जिन कृषि कानूनों को पारित किया है उन्हें पंजाब की कांग्रेस सरकार को छोड़कर देश के बाकी सभी राज्यों ने स्वीकार कर लिया है.’’ कृषि कानूनों को लेकर किसानों की चिंता के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा और केन्द्र सरकार सबकी बातें सुनने को तैयार हैं.

कृषि मंत्री नरेन्द्र तोमर और गृहमंत्री अमित शाह आन्दोलनरत किसानों से वार्ता करना चाहते हैं और किसान नेताओं को तीन दिसम्बर को बातचीत के लिए आमंत्रित भी किया गया है.’’ तिवारी ने आरोप लगाया, ‘‘कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल कृषि कानूनों को लेकर किसानों को भड़का रहे हैं. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी किसानों की आय दोगुनी करके उनको आर्थिक रूप से मजबूत करना चाहते हैं.’’ उन्होंने कहा कि सरकार बिचौलियों को हटाकर किसानों को धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य दे रही है.

फिर भी उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं निकल रहा
वहीं, कुछ देर पहले खबर सामने आई थी कि केंद्र सरकार के नए कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली-चलो अभियान के तहत आंदोलन कर रहे किसानों ने मामले पर वार्ता कर रही सरकार को खुली चेतावनी दे दी है. किसानों ने कहा है कि अगर आज 3 बजे तक फैसला नहीं हुआ, तो वे बैरिकेड तोड़कर जंतर मंतर (Jantar Mantar) तक जाएंगे. किसानों ने साफ लहजे में कहा है कि वे पिछले ढाई महीने से आंदोलन कर रहे हैं, फिर भी उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं निकल रहा. इसलिए किसान अब बर्दाश्त नहीं करेंगे.
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